Bihar News: गोपालगंज में दर्दनाक हादसा: खनुआ नदी में डूबने से पिता-पुत्र की मौत, गांव में पसरा मातम
गोपालगंज जिले के विजयीपुर थाना क्षेत्र के चौमुखा गांव में खनुआ नदी में स्नान करने गए पिता और पुत्र की डूबने से मौत हो गई। मृतकों की पहचान 48 वर्षीय फुलेना मल्लाह और उनके छह वर्षीय पुत्र दिव्यांशु सहनी के रूप में हुई है।
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गोपालगंज जिले के विजयीपुर थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। खनुआ नदी में स्नान करने गए पिता और पुत्र की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। इस हादसे के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। एक ही परिवार के दो सदस्यों की मौत से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
मृतकों की पहचान चौमुखा गांव निवासी 48 वर्षीय फुलेना मल्लाह और उनके छह वर्षीय पुत्र दिव्यांशु सहनी के रूप में हुई है। फुलेना मल्लाह स्थानीय निवासी कांता सहनी के बड़े पुत्र थे और चार भाइयों में सबसे बड़े थे।
बेटे का शव बुधवार शाम मिला, पिता का शव गुरुवार सुबह बरामद
जानकारी के अनुसार, पिता-पुत्र खनुआ नदी में स्नान करने गए थे। इसी दौरान दोनों गहरे पानी में चले गए और डूब गए। घटना के बाद ग्रामीणों ने तलाश शुरू की। बुधवार शाम को छह वर्षीय दिव्यांशु का शव नदी किनारे बरामद कर लिया गया था। वहीं, फुलेना मल्लाह का शव गुरुवार सुबह डूबने वाले स्थान से करीब 500 मीटर दूर नदी में मिला। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने दिव्यांशु के शव को बुधवार देर रात पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था, जबकि गुरुवार को अपर थानाध्यक्ष गुलाम मुर्तजा ने फुलेना मल्लाह के शव को गोपालगंज सदर अस्पताल पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
पिता और पुत्र की एक साथ मौत से परिवार पूरी तरह टूट गया है। फुलेना मल्लाह परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे। वह अपने भाइयों से अलग रहकर मजदूरी और पोलदारी का काम कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। मृतक की पत्नी शैला देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं उनकी वृद्ध मां किशोरी देवी बार-बार बेहोश हो जा रही हैं। वह बिलखते हुए कह रही हैं कि अब छोटे बच्चों का सहारा कौन बनेगा।
इस हृदयविदारक घटना से पूरा चौमुखा गांव गम में डूबा हुआ है। परिजनों के साथ-साथ ग्रामीण भी सदमे में हैं। गांव में हर तरफ मातम का माहौल है और लोग पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने में जुटे हैं। फुलेना मल्लाह अपने पीछे वृद्ध मां, पत्नी शैला देवी, पांच वर्षीय पुत्र अंकुश कुमार और आठ वर्षीय पुत्री मिंजल कुमारी को छोड़ गए हैं। परिवार के सामने अब आर्थिक और सामाजिक संकट भी खड़ा हो गया है।