युवाओं के लिए काम की खबर: PMEGP पोर्टल कब खुलेगा? जीतन राम मांझी ने बताया आवेदन शुरू होने का पूरा अपडेट
बिहार में पहले से ही रोजगार और स्वरोजगार को लेकर चुनौतियां बनी हुई हैं। ऐसे में जिला उद्योग केंद्र से लेकर ऑनलाइन पोर्टल तक आवेदन की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पाने से युवाओं की परेशानी और बढ़ गई है। युवाओं की इस परेशानी को लेकर 'अमर उजाला' ने केंद्रीय मंत्री से बात की, आइये जानते हैं उन्होंने क्या अपडेट दिया?
विस्तार
बिहार में स्वरोजगार के जरिए आत्मनिर्भर बनने का सपना देख रहे युवाओं की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) योजना के तहत नए आवेदन स्वीकार नहीं किए जाने से उद्योग शुरू करने के इच्छुक युवाओं को निराशा हाथ लग रही है। स्वरोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू की गई इस योजना की मौजूदा स्थिति अब सवालों के घेरे में है। पीड़ित संतोष दत्ता ने अपनी परेशानी साझा करते हुए बताया कि वह पिछले कई महीनों से स्वरोजगार के लिए प्रयास कर रहे हैं, लेकिन उन्हें लगातार निराशा का सामना करना पड़ रहा है। संतोष दत्ता के मुताबिक, वह कई बार पटना स्थित जिला उद्योग केंद्र का चक्कर लगा चुके हैं, लेकिन अब तक उन्हें कोई सकारात्मक रास्ता नहीं मिल सका है। संतोष दत्ता ने बताया कि PMEGP पोर्टल पर नए आवेदन स्वीकार नहीं किए जा रहे हैं। पोर्टल पर REVISED GUIDELINES यानी संशोधित दिशा-निर्देशों के नाम पर सूचना प्रदर्शित की जा रही है।
इधर, नए आवेदन शुरू होने का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए केंद्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री जीतन राम मांझी ने महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि योजना को अगले पांच वर्षों तक जारी रखने के लिए वित्त मंत्रालय से मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन अब कैबिनेट की स्वीकृति का इंतजार है। कैबिनेट की मंजूरी और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद आवेदन पोर्टल खोलने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
11 लाख इकाइयों को मिला लाभ, 97 लाख लोगों को रोजगार
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने PMEGP योजना की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि उन्हें यह बताते हुए खुशी हो रही है कि इस योजना के माध्यम से अब तक लगभग 11 लाख इकाइयों को लाभ मिला है। इसके जरिए करीब 97 लाख लोगों के लिए रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं। योजना के तहत लगभग 29 हजार करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। मंत्री ने कहा कि PMEGP देश में स्वरोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा देने वाली महत्वपूर्ण योजना है। इसका उद्देश्य युवाओं को अपना उद्योग स्थापित करने और दूसरे लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा करने में मदद करना है।
2026-27 से 2030-31 तक योजना जारी रखने का प्रस्ताव
PMEGP योजना को 31 मार्च 2026 के बाद भी जारी रखने के सवाल पर मांझी ने बताया कि इसके विस्तार के लिए वित्त मंत्रालय से मंजूरी मिल चुकी है। अब अगले पांच वर्षों यानी वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक योजना को जारी रखने का प्रस्ताव कैबिनेट की स्वीकृति के लिए लंबित है। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना के विस्तार से जुड़ी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही आवेदन पोर्टल खोलने की दिशा में आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद आवेदन शुरू होने को लेकर आधिकारिक जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
नए आवेदन के लिए युवाओं को करना होगा इंतजार
PMEGP पोर्टल पर नए आवेदन स्वीकार नहीं होने से अपना कारोबार शुरू करने की तैयारी कर रहे युवाओं के सामने असमंजस की स्थिति बनी हुई है। कई युवा इस योजना के तहत आर्थिक सहायता लेकर उद्योग स्थापित करना चाहते हैं। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि नए आवेदन कब से शुरू होंगे। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने स्पष्ट बता दिया है कि फिलहाल आवेदन शुरू होने की निश्चित तारीख घोषित नहीं की गई है। योजना के विस्तार के लिए कैबिनेट की मंजूरी और जरूरी औपचारिकताओं का पूरा होना महत्वपूर्ण है।
युवाओं के लिए जरूरी सलाह
आवेदन पोर्टल खुलने तक इच्छुक आवेदक अपने प्रस्तावित उद्योग की परियोजना रिपोर्ट अनुमानित लागत, जरूरी दस्तावेज और बैंक संबंधी जानकारी तैयार रखें। आवेदन की शुरुआत और संशोधित दिशा-निर्देशों को लेकर मंत्रालय की आधिकारिक सूचना पर ही भरोसा करें। फिलहाल युवाओं को PMEGP के नए आवेदन शुरू होने के लिए कैबिनेट की मंजूरी और उसके बाद जारी होने वाली आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।