Video: बारिश से बचने के लिए सड़क किनारे रुके लोग, तभी पहुंची पुलिस और फिर..., बोले लोग- क्या इंसानियत नहीं है?
Viral Police Video: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसने यूपी पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं। वायरल वीडियो में दिख रहा है कि बारिश से बचने के लिए लोग सड़क पर बाइक लगाकर लोग रुके थे। तभी वहां पुलिस पहुच जाती है और चालान काटने लगती है।
विस्तार
Viral Police Video: उत्तर प्रदेश के कई शहरों में मंगलवार को बारिश हुई थी। राजधानी लखनऊ में भी लोगों को बारिश ने परेशान किया। राजधानी में एक तरफ बारिश ने लोगों को ठिठुरने पर मजबूर किया, तो वहीं दूसरी तरफ पुलिस की संवेदनहीनता ने लोगों को भीगने पर मजबूर किया। लखनऊ के गौतमपल्ली इलाके के लोहिया पथ का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसे देखने के बाद लोग पुलिस प्रशासन की जमकर आलोचना कर रहे हैं। साथ ही लोगों का सवाल है कि क्या पुलिस में इंसानियत नहीं बची है?
क्या है पूरा मामला?
राजधानी लखनऊ में मंगलवार सुबह से ही तेज बारिश हो रही थी। दफ्तर और अपने काम पर निकले दोपहिया वाहन चालक खुद को ठंड में भीगने से बचाने के लिए लोहिया पथ पर बने एक शेड के नीचे खड़े हो गए। इसी बीच वहां सायरन बजाते पुलिस की गाड़ियां पहुंच जाती है। वीडियो में दिख रहा है कि पुलिसकर्मी गाड़ी से उतरा और वहां खड़े बेबस लोगों की गाड़ियों की तस्वीरें खींचकर चालान काटने लगा।
जुर्माने से बचने के लिए तेज बारिश में ही भागने लगे लोग
पुलिस को लोगों ने देखा कि मदद करने की जगह चालान काट रही है, तो वहां अफरातफरी मच गई। जुर्माने से बचाने के लिए लोग तेज बारिश में ही अपने वाहन लेकर भागने लगे। किसी ने इस पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें साफ देख सकते हैं कि कैसे एक सुरक्षित ठिकाने की तलाश में खड़े लोगों को पुलिस ने खदेड़ दिया।
लखनऊ गोमती नगर में पुलिस ने खड़ी गाड़ियों के चालान काटे
आज बारिश क्या हुई लोगों ने बारिश से बचने के लिए साइड से गाड़ियां पुल के नीचे खड़ी कर दी तभी पुलिस की तानाशाही देखने को मिली कि वह जनता की गाड़ियों के चालान काटने आ गए।
बताओ यह योगी सरकार का राम राज्य है जहां पर खड़ी… pic.twitter.com/mkPSw1TnVZ— Adv Deepak Babu (@dbabuadvocate) February 3, 2026
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वीडियो वायरल होने पर लोगों ने पुलिस की इस कार्रवाई को पत्थरदिल बताया है। सोशल मीडिया पर कई लोगों का कहना है कि पुलिस का काम लोगों की मदद करना है, न कि मजबूरी का फायदा उठाकर लक्ष्य को पूरा करना, तो वहीं कुछ लोगों का कहना है कि यह उनका काम है।
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क्या है पुलिस का बयान?
मामला बढ़ने के बाद पुलिस की तरफ से सफाई दी गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इंस्पेक्टर गौतमपल्ली रत्नेश सिंह ने पूरा मामले पर साफ किया है कि उस समय मुख्यमंत्री का काफिला वहां से गुजरने वाला था। सुरक्षा को देखते हुए सड़क किनारे जमा भीड़ को हटाया जा रहा था। उन्होंने यह भी दावा किया कि किसी भी व्यक्ति का चालान नहीं काटा गया है, सिर्फ उन्हें वहां से हटने के निर्देश दिए गए थे।
