New Import Rules: भारत ने जबरन श्रम से बने सामान के आयात पर लगाया प्रतिबंध, अमेरिका की जांच के बीच बड़ा कदम
भारत सरकार ने जबरन श्रम से बने सामान के आयात पर रोक लगा दी है। यह कदम अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि की 60 देशों में जबरन श्रम प्रथाओं की जांच और भारत पर संभावित शुल्क के प्रस्ताव के बीच आया है। नई दिल्ली और वाशिंगटन के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत जारी है।
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भारत सरकार ने जबरन श्रम का उपयोग करके बनाए गए सामान के आयात पर रोक लगा दी है। यह कदम अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) की ओर से 60 देशों में जबरन श्रम प्रथाओं की जांच के बीच आया है। इन देशों में भारत भी शामिल है।
विदेश व्यापार नीति (एफटीपी) 2023 में संशोधन करते हुए वाणिज्य महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने एक नया अनुच्छेद जोड़ा है। इसके तहत, "जबरन श्रम के उपयोग से पूर्ण या आंशिक रूप से उत्पादित या निर्मित सामान का आयात प्रतिबंधित है।" यह अधिसूचना 13 जुलाई को जारी हुई थी। अधिसूचना के प्रावधान आधिकारिक राजपत्र में इसके प्रकाशन की तारीख से 30 दिन बाद प्रभावी होंगे।
भारत ने यह कदम क्यों उठाया है?
यह विकास अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि द्वारा जबरन श्रम से संबंधित चिंताओं को लेकर 60 अर्थव्यवस्थाओं के खिलाफ धारा 301 जांच शुरू करने के बीच हुआ है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि ने आरोप लगाया है कि इन देशों ने जबरन श्रम से बने सामान के आयात पर प्रतिबंध लागू नहीं किया है। 3 जून को अमेरिका ने 54 देशों, जिनमें भारत भी शामिल है, पर 12.5 फीसदी शुल्क लगाने का प्रस्ताव दिया था। यह प्रस्ताव जबरन श्रम से उत्पादित सामान के आयात पर रोक लगाने में कथित विफलता के कारण था। कनाडा, इक्वाडोर, यूरोपीय संघ, इंडोनेशिया, मैक्सिको और पाकिस्तान जैसे छह देशों को अतिरिक्त 10 फीसदी आयात शुल्क का सामना करना पड़ेगा।
नई नीति में जबरन श्रम की क्या परिभाषा है?
वाणिज्य महानिदेशालय ने विदेश व्यापार नीति 2023 के अध्याय 11 (परिभाषा) के तहत एक नया पैरा जोड़ा है। इसके अनुसार, "जबरन श्रम" का अर्थ वह सभी कार्य या सेवा है जो किसी व्यक्ति से किसी दंड के खतरे के तहत ली जाती है। इसके लिए उस व्यक्ति ने स्वेच्छा से अपनी सहमति नहीं दी होती है। यह परिभाषा अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ) के जबरन श्रम कन्वेंशन, 1930 (नंबर 29) के तहत दी गई है।
सरकार प्रतिबंध कैसे लागू करेगी?
वाणिज्य महानिदेशालय की अधिसूचना के अनुसार, केंद्र सरकार किसी भी समय विशिष्ट सामान के आयात पर प्रतिबंध लगाने के लिए एक अधिसूचना जारी कर सकती है। यह तब होगा जब सरकार किसी जांच या अन्य प्रासंगिक साक्ष्य के आधार पर पाएगी कि उन सामान का उत्पादन जबरन श्रम का उपयोग करके किया गया है। ऐसे सामान के उत्पादन में जबरन श्रम के उपयोग की जांच करने की प्रक्रिया हैंडबुक ऑफ प्रोसीजर्स, 2023 में निर्धारित की जाएगी। भारत इस मामले पर अमेरिका के साथ जुड़ा हुआ है क्योंकि दोनों पक्ष एक द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहे हैं।