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IND vs SL: सात पारियों बाद ध्रुव जुरेल के बल्ले से निकला अर्धशतक, गंभीर और गिल के भरोसे को दिया श्रेय
Sun, 16 Aug 2026 07:26 PM IST
मयंक त्रिपाठी
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, गॉल
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, गॉल
Published by: मयंक त्रिपाठी
Updated Sun, 16 Aug 2026 07:26 PM IST
सार
ध्रुव जुरेल ने श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट में 68 गेंदों पर 51 रन बनाकर सात पारियों से चले आ रहे अर्धशतक के सूखे को खत्म किया। उन्होंने कहा कि खराब दौर के दौरान उन पर कोई दबाव नहीं था और कप्तान शुभमन गिल व कोच गौतम गंभीर ने लगातार उनका भरोसा बढ़ाया।
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ध्रुव जुरेल
- फोटो : PTI
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विस्तार
भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज ध्रुव जुरेल ने श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट के दूसरे दिन शानदार अर्धशतक लगाकर अपने खराब फॉर्म का दौर खत्म किया। जुरेल ने 68 गेंदों में 51 रन की पारी खेली और भारत को 460/9 के मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। जुरेल ने मैच के बाद कहा कि पिछली सात पारियों में अर्धशतक नहीं लगा पाने के बावजूद उन पर किसी तरह का दबाव नहीं था। उन्होंने मुख्य कोच गौतम गंभीर और कप्तान शुभमन गिल को लगातार समर्थन और आत्मविश्वास देने के लिए धन्यवाद दिया।
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'भारत के लिए खेलना ही सबसे बड़ा सौभाग्य'
जुरेल ने कहा, 'ईमानदारी से कहूं तो कोई दबाव नहीं था। मैं बहुत आभारी हूं कि मुझे भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला। मेरे लिए यही सबसे बड़ा सौभाग्य है।' उन्होंने बताया कि कप्तान और मुख्य कोच हमेशा उन्हें मैच की स्थिति के मुताबिक खेलने की सलाह देते हैं। जुरेल के मुताबिक, वह बल्लेबाजी के दौरान व्यक्तिगत उपलब्धियों पर ध्यान नहीं देते, बल्कि टीम की जरूरत के हिसाब से खेलने की कोशिश करते हैं।
जुरेल ने कहा, 'ईमानदारी से कहूं तो कोई दबाव नहीं था। मैं बहुत आभारी हूं कि मुझे भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला। मेरे लिए यही सबसे बड़ा सौभाग्य है।' उन्होंने बताया कि कप्तान और मुख्य कोच हमेशा उन्हें मैच की स्थिति के मुताबिक खेलने की सलाह देते हैं। जुरेल के मुताबिक, वह बल्लेबाजी के दौरान व्यक्तिगत उपलब्धियों पर ध्यान नहीं देते, बल्कि टीम की जरूरत के हिसाब से खेलने की कोशिश करते हैं।
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भारत ए के साथ खेलने का मिला फायदा
जुरेल ने बताया कि टेस्ट सीरीज से पहले भारत ए के लिए इसी मैदान पर खेलने का अनुभव उनके लिए काफी मददगार रहा। टीम करीब 10 दिन पहले श्रीलंका पहुंची थी और कोलंबो में अभ्यास के साथ भारत ए के मुकाबलों में भी हिस्सा लिया था। उन्होंने कहा कि इस तरह की पिचों पर ज्यादा से ज्यादा बल्लेबाजी करने से परिस्थितियों को समझने और बल्लेबाजी में सुधार करने में मदद मिलती है।
जुरेल ने बताया कि टेस्ट सीरीज से पहले भारत ए के लिए इसी मैदान पर खेलने का अनुभव उनके लिए काफी मददगार रहा। टीम करीब 10 दिन पहले श्रीलंका पहुंची थी और कोलंबो में अभ्यास के साथ भारत ए के मुकाबलों में भी हिस्सा लिया था। उन्होंने कहा कि इस तरह की पिचों पर ज्यादा से ज्यादा बल्लेबाजी करने से परिस्थितियों को समझने और बल्लेबाजी में सुधार करने में मदद मिलती है।
बारिश के बाद निचले क्रम ने संभाली पारी
जुरेल ने बताया कि बारिश और गीले आउटफील्ड के कारण भारत ने दो सत्र गंवा दिए थे। ऐसे में टीम का लक्ष्य ज्यादा से ज्यादा रन बनाना था, लेकिन आक्रामकता के बजाय समझदारी से बल्लेबाजी करने की रणनीति अपनाई गई। उन्होंने कहा कि निचले क्रम में अच्छी साझेदारियां बनाकर टीम बड़ा स्कोर खड़ा करना चाहती थी।
'हमें श्रीलंका के 20 विकेट लेने होंगे'
जुरेल ने माना कि पिच अभी भी बल्लेबाजी के लिए अच्छी है और भारतीय गेंदबाजों को तीसरे दिन लंबे स्पेल डालने पड़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि टीम को सही क्षेत्रों में लगातार गेंदबाजी करनी होगी और चीजों को सरल रखना होगा। उन्होंने कहा, 'अगर हमें यह मैच जीतना है तो हमें दृढ़ संकल्प के साथ खेलना होगा और श्रीलंका के 20 विकेट लेने होंगे।'
पडिक्कल की शतकीय पारी से खुश
जुरेल ने अपने साथी बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल की 167 रन की शानदार पारी की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि पडिक्कल भारत ए के लिए भी रन बना चुके हैं और जब भी उन्हें मौका मिलता है, वह रन बनाने में सफल रहते हैं। जुरेल ने कहा कि एक साथी खिलाड़ी के तौर पर उन्हें खुशी है कि पडिक्कल भारत के लिए शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं।
जुरेल ने बताया कि बारिश और गीले आउटफील्ड के कारण भारत ने दो सत्र गंवा दिए थे। ऐसे में टीम का लक्ष्य ज्यादा से ज्यादा रन बनाना था, लेकिन आक्रामकता के बजाय समझदारी से बल्लेबाजी करने की रणनीति अपनाई गई। उन्होंने कहा कि निचले क्रम में अच्छी साझेदारियां बनाकर टीम बड़ा स्कोर खड़ा करना चाहती थी।
'हमें श्रीलंका के 20 विकेट लेने होंगे'
जुरेल ने माना कि पिच अभी भी बल्लेबाजी के लिए अच्छी है और भारतीय गेंदबाजों को तीसरे दिन लंबे स्पेल डालने पड़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि टीम को सही क्षेत्रों में लगातार गेंदबाजी करनी होगी और चीजों को सरल रखना होगा। उन्होंने कहा, 'अगर हमें यह मैच जीतना है तो हमें दृढ़ संकल्प के साथ खेलना होगा और श्रीलंका के 20 विकेट लेने होंगे।'
पडिक्कल की शतकीय पारी से खुश
जुरेल ने अपने साथी बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल की 167 रन की शानदार पारी की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि पडिक्कल भारत ए के लिए भी रन बना चुके हैं और जब भी उन्हें मौका मिलता है, वह रन बनाने में सफल रहते हैं। जुरेल ने कहा कि एक साथी खिलाड़ी के तौर पर उन्हें खुशी है कि पडिक्कल भारत के लिए शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं।