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Delhi NCR News: यूपी के विभाजन की मांग, खून से लिखा ज्ञापन राष्ट्रपति को भेजा
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संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। पूर्वांचल, बुंदेलखंड और पश्चिमांचल के लोगों ने उत्तर प्रदेश विभाजन की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर खून से हस्ताक्षरित ज्ञापन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को भेजा। लोगों ने केंद्र सरकार से नए राज्य गठन के लिए राज्य पुनर्गठन आयोग गठित करने की भी मांग उठाई। पूर्वांचल के नेता अनुज राहि, बुंदेलखंड के प्रवीण पांडे और पश्चिमांचल के कर्नल सुधीर कुमार ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश का विकास सुनिश्चित करने के लिए इसे तीन हिस्सों में बांटना जरूरी है।
उन्होंने 2012 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती द्वारा संसद में भेजे गए प्रस्ताव का भी हवाला दिया जिसमें राज्य के सर्वांगीण विकास के लिए विभाजन की आवश्यकता बताई गई थी। इस धरने में उत्तराखंड के पूर्व मंत्री और फेडरेशन ऑफ न्यू स्टेट के प्रवक्ता धीरेंद्र प्रताप, पश्चिमी उत्तर प्रदेश निर्माण मोर्चा के नेता कर्नल सुधीर कुमार, सुनील यादव, नरेंद्र पाल वर्मा और अन्य ने हिस्सा लिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक महीने के भीतर राज्य विभाजन के लिए पहल नहीं की गई तो पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 28 जिलों में एक दिवसीय रेल रोको आंदोलन किया जाएगा। संगठनों ने आंध्र प्रदेश में विशाखापट्टनम उत्तरांचल और विदर्भ को अलग राज्य बनाने की सिफारिश की। धीरेंद्र प्रताप ने बताया कि फेडरेशन ऑफ न्यू स्टेट की आगामी बैठक 14 फरवरी को दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में होगी।
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नई दिल्ली। पूर्वांचल, बुंदेलखंड और पश्चिमांचल के लोगों ने उत्तर प्रदेश विभाजन की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर खून से हस्ताक्षरित ज्ञापन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को भेजा। लोगों ने केंद्र सरकार से नए राज्य गठन के लिए राज्य पुनर्गठन आयोग गठित करने की भी मांग उठाई। पूर्वांचल के नेता अनुज राहि, बुंदेलखंड के प्रवीण पांडे और पश्चिमांचल के कर्नल सुधीर कुमार ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश का विकास सुनिश्चित करने के लिए इसे तीन हिस्सों में बांटना जरूरी है।
उन्होंने 2012 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती द्वारा संसद में भेजे गए प्रस्ताव का भी हवाला दिया जिसमें राज्य के सर्वांगीण विकास के लिए विभाजन की आवश्यकता बताई गई थी। इस धरने में उत्तराखंड के पूर्व मंत्री और फेडरेशन ऑफ न्यू स्टेट के प्रवक्ता धीरेंद्र प्रताप, पश्चिमी उत्तर प्रदेश निर्माण मोर्चा के नेता कर्नल सुधीर कुमार, सुनील यादव, नरेंद्र पाल वर्मा और अन्य ने हिस्सा लिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक महीने के भीतर राज्य विभाजन के लिए पहल नहीं की गई तो पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 28 जिलों में एक दिवसीय रेल रोको आंदोलन किया जाएगा। संगठनों ने आंध्र प्रदेश में विशाखापट्टनम उत्तरांचल और विदर्भ को अलग राज्य बनाने की सिफारिश की। धीरेंद्र प्रताप ने बताया कि फेडरेशन ऑफ न्यू स्टेट की आगामी बैठक 14 फरवरी को दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में होगी।
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