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Delhi NCR News: लूट व हथियार मामले में सबूतों के अभाव में चार आरोपी बरी
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नई दिल्ली। द्वारका कोर्ट ने वर्ष 2020 के एक लूट व हथियार मामले में सबूतों के अभाव में चार आरोपियों को बरी कर दिया। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश दीपक वासन की अदालत ने कहा कि शिकायतकर्ता की मृत्यु हो चुकी है और एकमात्र प्रत्यक्षदर्शी ने भी ठोस बयान नहीं दिया, इसलिए औपचारिक गवाहों के आधार पर दोषी नहीं ठहराया जा सकता।
अदालत ने खजान, प्रदीप, नकुल व राहुल को भारतीय दंड संहिता की धारा 392, 397, 506 व 34 तथा खजान को शस्त्र अधिनियम की धारा 27 से बरी कर दिया। हालांकि, आरोपी नकुल ने चोरी का सामान रखने (धारा 411 आईपीसी) का आरोप स्वीकार कर लिया था, जिस पर 25 फरवरी को उसे दोषी ठहराया गया था और सजा का आदेश पारित हुआ था।
यह मामला 12 अगस्त 2020 को धांसा-मलिकपुर रोड पर ट्रक चालक राजेश गुलिया से पिस्टल दिखाकर 5-6 हजार रुपये, ड्राइविंग लाइसेंस व अन्य दस्तावेज लूटे गए थे। आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी थी। इस मामले में खजान उर्फ सोनू, प्रदीप, नकुल और राहुल उर्फ पिस्टल को आरोपी बनाया गया था। 2023 में शिकायतकर्ता की मृत्यु के कारण अदालत में उनका बयान दर्ज नहीं हो सका। ब्यूरो
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अदालत ने खजान, प्रदीप, नकुल व राहुल को भारतीय दंड संहिता की धारा 392, 397, 506 व 34 तथा खजान को शस्त्र अधिनियम की धारा 27 से बरी कर दिया। हालांकि, आरोपी नकुल ने चोरी का सामान रखने (धारा 411 आईपीसी) का आरोप स्वीकार कर लिया था, जिस पर 25 फरवरी को उसे दोषी ठहराया गया था और सजा का आदेश पारित हुआ था।
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यह मामला 12 अगस्त 2020 को धांसा-मलिकपुर रोड पर ट्रक चालक राजेश गुलिया से पिस्टल दिखाकर 5-6 हजार रुपये, ड्राइविंग लाइसेंस व अन्य दस्तावेज लूटे गए थे। आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी थी। इस मामले में खजान उर्फ सोनू, प्रदीप, नकुल और राहुल उर्फ पिस्टल को आरोपी बनाया गया था। 2023 में शिकायतकर्ता की मृत्यु के कारण अदालत में उनका बयान दर्ज नहीं हो सका। ब्यूरो
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