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Ghaziabad News: दो करोड़ से अधिक की धोखाधड़ी में आरोपी की अग्रिम जमानत खारिज
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माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। इंदिरापुरम थाना क्षेत्र में 2.11 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी, फर्जीवाड़े और मानहानि के मामले में आरोपी योगेश मेहरा की अग्रिम जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी। अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-7 ने यह निर्णय सुनाया।
अदालत से मिली जानकारी के अनुसार, दिसंबर 2023 में योगेश मेहरा ने खुद को मेगा माउंड फर्म का पार्टनर बताते हुए शिकायतकर्ता नितिन शर्मा से संपर्क किया। इसके बाद 19 दिसंबर 2023 को दोनों पक्षों के बीच लगभग पांच करोड़ रुपये की परियोजना का समझौता हुआ।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि योगेश मेहरा ने परियोजना के नाम पर भुगतान प्राप्त करने के बाद 2.11 करोड़ रुपये अतिरिक्त राशि वसूल ली और परियोजना अधूरी छोड़ दी। साथ ही, जीएसटी पंजीकरण से जुड़ी गलत जानकारी भी दी। शिकायतकर्ता ने बताया कि अनुबंध की शर्तों का पालन न होने पर 11 जुलाई 2024 को आरोपी की सेवाएं समाप्त कर दी गईं।
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इसके बाद 16 दिसंबर 2024 को आरोपी ने कानूनी नोटिस भेजा, जिसका जवाब 7 जनवरी 2025 को दिया गया। शिकायत में यह भी कहा गया कि आरोपी ने विभिन्न व्यक्तियों को ई-मेल भेजकर शिकायतकर्ता की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की। योगेश मेहरा की ओर से दलील दी गई कि यह मामला व्यावसायिक लेन-देन का है। आरोपी ने दावा किया कि शिकायतकर्ता पर लगभग 3.94 करोड़ रुपये बकाया है और उन्होंने भुगतान से बचने के लिए झूठा मुकदमा दर्ज कराया।
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गाजियाबाद। इंदिरापुरम थाना क्षेत्र में 2.11 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी, फर्जीवाड़े और मानहानि के मामले में आरोपी योगेश मेहरा की अग्रिम जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी। अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-7 ने यह निर्णय सुनाया।
अदालत से मिली जानकारी के अनुसार, दिसंबर 2023 में योगेश मेहरा ने खुद को मेगा माउंड फर्म का पार्टनर बताते हुए शिकायतकर्ता नितिन शर्मा से संपर्क किया। इसके बाद 19 दिसंबर 2023 को दोनों पक्षों के बीच लगभग पांच करोड़ रुपये की परियोजना का समझौता हुआ।
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शिकायतकर्ता का आरोप है कि योगेश मेहरा ने परियोजना के नाम पर भुगतान प्राप्त करने के बाद 2.11 करोड़ रुपये अतिरिक्त राशि वसूल ली और परियोजना अधूरी छोड़ दी। साथ ही, जीएसटी पंजीकरण से जुड़ी गलत जानकारी भी दी। शिकायतकर्ता ने बताया कि अनुबंध की शर्तों का पालन न होने पर 11 जुलाई 2024 को आरोपी की सेवाएं समाप्त कर दी गईं।
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