{"_id":"6a838cc17e56a9c8f105f3cf","slug":"cricket-stadium-to-be-built-in-yamuna-city-decision-on-bus-terminal-also-taken-at-92nd-board-meeting-approval-2026-08-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Greater Noida: यमुना सिटी में बनेगा क्रिकेट स्टेडियम और बस अड्डा, 92वीं बोर्ड बैठक में फैसला, ताइवान सिटी को भ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Greater Noida: यमुना सिटी में बनेगा क्रिकेट स्टेडियम और बस अड्डा, 92वीं बोर्ड बैठक में फैसला, ताइवान सिटी को भ
Tue, 18 Aug 2026 04:18 AM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला ब्यूरो, ग्रेटर नोएडा
अमर उजाला ब्यूरो, ग्रेटर नोएडा
Published by: Digvijay Singh
Updated Tue, 18 Aug 2026 04:18 AM IST
सार
यमुना सिटी में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा, एक अंतरराज्यीय बस अड्डा और आधुनिक किसान मंडी भी बनाई जाएगी।
विज्ञापन
क्रिकेट स्टेडियम की प्रतीकात्मक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
यमुना सिटी में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा, एक अंतरराज्यीय बस अड्डा और आधुनिक किसान मंडी भी बनाई जाएगी। साथ ही, जापान व सिंगापुर सिटी की तरह करीब 300 एकड़ में ताइवान सिटी के निर्माण और गौतमबुद्ध नगर में ई-बसों की संख्या 110 से बढ़ाकर 500 की जाएगी। यमुना प्राधिकरण कार्यालय में अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार की अध्यक्षता में हुई 92वीं बोर्ड बैठक में इन प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
विज्ञापन
प्राधिकरण के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम 50 एकड़ जमीन पर बनेगा। इसके लिए सेक्टर-23डी में जमीन आरक्षित की गई है। यमुना प्राधिकरण खेल विभाग को निशुल्क जमीन देगा। बोर्ड से मंजूरी के बाद स्टेडियम के डिजाइन व निर्माण एजेंसी के चयन की प्रक्रिया शुरू होगी। वहीं, बोर्ड के सामने रखी गई रिपोर्ट में बताया गया है कि यमुना प्राधिकरण की आय बढ़ी है और कर्ज कम करने में मदद मिली है।
विज्ञापन
500 एकड़ में बनेगा मेडिकल हब
विकास परियोजनाओं में सेक्टर-13 और 14 में 500 एकड़ भूमि पर मेडिकल हब और सेक्टर-14 में 480 एकड़ भूमि पर यूनिवर्सिटी टाउनशिप को मंजूरी दी गई है। मेडिकल हब में चिकित्सा इकाइयों के अलावा मेडिकल कॉलेज और रिसर्च सेंटर के लिए जमीन आवंटित हो सकेगी। वहीं यूनिवर्सिटी टाउनशिप में दुनिया की प्रमुख यूनिवर्सिटियों को जगह दी जानी है। यमुना सिटी फेज-1 के सेक्टर-34 में लगभग 36 एकड़ भूमि में कृषि मंडी विकसित होगी।
विज्ञापन
फार्मास्युटिकल क्लस्टर को भी मंजूरी
फार्मास्युटिकल क्लस्टर बनाने के लिए सेक्टर-06 में 125 एकड़ भूमि आरक्षित की गई है। यहां फार्मास्युटिकल फॉर्मूलेशन मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर का विकास होगा। इससे प्रदेश को अग्रणी फार्मा मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी। मेडिकल डिवाइस पार्क में आस्का लैब की स्थापना के लिए टेक्निकल एक्सपर्ट कमेटी के गठन को मंजूरी दी गई है। इससे भारतीय निर्माताओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की परीक्षण सुविधाएं देश में ही मिल सकेंगी।
किसानों को मिलेगा ज्यादा मुआवजा
प्राधिकरण के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया, यमुना सिटी फेज-1 में विकास कार्य के लिए जमीन देने वाले किसानों को ज्यादा मुआवजा अब मिल सकेगा। छह प्रतिशत की बढ़ोतरी यमुना प्राधिकरण ने इसके लिए की है। सोमवार को रही बोर्ड बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।