दिलीप कुमार की वजह से ‘सौदागर’ कैंसिल करने वाले थे सुभाष घई, क्यों दिग्गज अभिनेता ने फिल्म से दूरी बनाई थी?
Dilip Kumar Starrer Saudagar Nostalgia Story: दिलीप कुमार अपने समय के दिग्गज कलाकार थे, कभी किसी डायरेक्टर को उनसे शिकायत नहीं रही। लेकिन एक बार दिलीप कुमार के कारण डायरेक्टर सुभाषा घई अपनी फिल्म ‘सौदागर’ बंद करने वाले थे। जानिए, यह पुराना किस्सा?
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दिलीप कुमार फिल्म ‘सौदागर’ में किए गए अपने अभिनय के लिए आज भी याद किए जाते हैं। लेकिन जब इस फिल्म की शूटिंग शुरू हुई तो वह तीन दिन तक सेट पर नहीं पहुंचे थे। इस वजह से तंग आकर डायरेक्टर सुभाष घई अपनी फिल्म ‘सौदागर’ को बंद करने वाले थे। इस किस्से को हाल ही में एक इंटरव्यू में जाने-माने स्क्रीनराइटर कमलेश पांडे ने साझा किया है।
दिलीप साहब ने तबीयत खराब होने का बहाना बनाया
राव्या सरदा शो के शो में स्क्रीनराइटर कमलेश पांडे ने हाल ही में बताया कि मनाली में ‘सौदागर’ फिल्म की शूटिंग शुरू हुई लेकिन दिलीप कुमार साहब तीन दिन तक सेट पर नहीं आए। इस बात से डायरेक्टर सुभाष घई अपना संयम खो बैठे थे। कमलेश पांडे पुराना किस्सा याद करते हुए कहते हैं,‘तीन दिन तक पूरी यूनिट तैयार बैठी रही लेकिन दिलीप साहब नहीं आए। पहले दिन उन्होंने कहा कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है। अगले दिन उन्होंने कहा कि सायरा बानो की तबीयत ठीक नहीं है।’
इस तरह शूटिंग पर आए दिलीप कुमार साहब
कमलेश पांडे आगे कहते हैं, ‘तीसरे दिन तक दिलीप साहब के ना आने का असर प्रोडक्शन पर साफ तौर पर दिखने लगा था। ऐसे में सुभाष घई परेशान हो गए। उन्होंने अपने भाई अशोक घई को बुलाया और कहा कि शूटिंग कैंसिल हो गई है। हम मुंबई वापस जा रहे हैं। सबके टिकट बुक करवा दो। ‘सौदागर’ नहीं बनेगी। फिर मैंने बीच-बचाव करते हुए दिलीप कुमार से बात करने का फैसला किया। दिलीप साहब ने मुझे बताया कि 'देवदास', 'सगीना' और 'संघर्ष' जैसी फिल्मों में शराबी का किरदार निभाया था लेकिन वह तब जवान थे। लेकिन ‘सौदागर’ में इस तरह का किरदार निभाना मुमकिन नहीं है। किसी तरह वह इस रोल के लिए मानें। बाद में उन्होंने मुझे कहा कि जब वह ओवरएक्टिंग करने लगे तो तुरंत उन्हें मैं इशारा करूं।’
स्क्रीनराइटर कमलेश पांडे ने आगे बताया, ‘मैंने दिलीप साहब के साथ एक शर्त लगाई कि अगर उनके एक खास सीन के बाद लोग तालियां नहीं बजाते हैं, तो उनको 100 रुपये दूंगा। अगर लोग ताली बजाते हैं, तो वो मुझे 100 रुपये देंगे। देखिए, मुझे 100 रुपये कभी नहीं मिले।’ बता दें कि ‘सौदागर’ दर्शकों को खूब पसंद आई थी।

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