Fact Check: एडिटेड है रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का तालिबान और आरएसएस की तुलना का वीडियो
Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और तालिबान की विचारधारा एक है। हमने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है।
विस्तार
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बोलते नजर आ रहे हैं। वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि राजनाथ सिंह ने कहा है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और तालिबान की विचारधारा एक है।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। हमने पाया कि वायरल वीडियो को एडिट किया गया है। राजनाथ सिंह ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है।
क्या है दावा
सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि राजनाथ सिंह ने कहा है कि आरएसएस और तालिबान की विचारधारा एक ही है।
अमिर अली खान (@Aamir_Aali) नाम के एक्स यूजर ने लिखा, “भारतीय आरएसएस और अफगान तालिबान की विचारधारा एक है , हमारा धर्म एक है, हमारा गठबंधन एक है, हमारा साझा शत्रु पाकिस्तान है। इस्राइल भारत का रणनीतिक साझेदार है और अफगान तालिबान इस्राइल के मित्र हैं। हमें शत्रु पाकिस्तान को नष्ट करने के लिए हाथ मिलाना होगा। भारतीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह।” पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।

इसी तरह के अन्य दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इनके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। इस दौरान हमें राजनाथ सिंह के यूट्यूब चैनल पर वायरल वीडियो से मिलते कुछ क्लिप देखने को मिले। वीडियो में ये क्लिप के 32 मिनट 50 सेकेंड से है, जहां राजनाथ सिंह बोलते हैं कि इतने बदलावों के बावजूद मैं बहुत सावधानी और पूरे विश्वास के साथ यह कहना चाहूंगा कि हमारी सीमाओं की मुस्तैदी, हमारे हथियार, हमारा हार्डवेयर और हमारा डिफेंस इंडस्ट्रियल मैन्युफैक्चरिंग बेस का महत्व किसी भी तरह से कम नहीं हुआ है, बल्कि कई मायनों में यह पहले के कंपैरिजन में बढ़ा है। चाहे युद्ध का स्वरूप जैसा हो साथियों, मजबूत डिफेंस इंडस्ट्रियल बेस की जरूरत हमेशा बनी ही रहेगी चाहे युद्ध का स्वरूप कैसा भी हो।”
यहां हमेंं कही भी राजनाथ सिंह वायरल वीडियो में किए जाने वाले दावे से संबंधित कुछ भी बोलते हुए नजर नहीं आए।
आगे की पड़ताल में हमें प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) के एक्स हैंडल पर एक पोस्ट मिली। यह पोस्ट 21 जनवरी को साझा की गई है। पीआईबी ने वायरल दावे को फर्जी बताया है। पोस्ट में लिखा है कि रक्षा मंत्री का ऑडियो डिजिटल रूप से हेरफेर किया गया। पाकिस्तानी दुष्प्रचार करने वाले खातों द्वारा ऑनलाइन प्रसारित की जा रही खबरों में भारत और तालिबान के बारे में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नाम से झूठे दावे किए जा रहे हैं। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है।
पड़ताल का नतीजा
हमने अपनी पड़ताल में पाया कि राजनाथ सिंह ने आरएसएस और तालिबान के विचारधारा को एक नहीं कहा है।
