Fact Check: राजस्थान के वीडियो को यूजीसी प्रदर्शन से जोड़कर किया जा रहा शेयर, पढ़ें पड़ताल
Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो यूजीसी प्रदर्शन के दौरान का है। हमने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है।
विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई के दौरान विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) की ओर से लाए गए 'समता विनियम 2026' पर रोक लगा दी। दरअसल, बीते कुछ दिनों से पूरे देश में यूजीसी के इन नए नियमों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन जारी थे। इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में भीड़ प्रदर्शन कर रही है। वहीं, पुलिस उन्होंने रोक रही है। वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह प्रदर्शन यूजीसी नियम के खिलाफ है।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। हमने पाया कि वायरल वीडियो राजस्थान का है। जहां झाब पंचायत के लिए स्थानीय लोगों के प्रदर्शन का है।
क्या है दावा
सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है यह वीडियो यूजीसी प्रदर्शन के दौरान का है।
अनुज अग्निहोत्री स्वतंत्र नाम के एक्स यूजर ने लिखा, “ वीर तुम बढ़े चलो UGC के खिलाफ सवर्ण छात्रों का उग्र प्रदर्शन, भाजपा के लिए खतरे की घंटी, भाजपा ने सोचा नहीं होगा कि कभी इतना बड़ा विरोध झेलना पड़ेगा। अभी तो यह शुरुआत है आगे देखो होता है क्या?” पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।

इसी तरह के अन्य दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इनके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। इस दौरान हमें डूंगर मालानी नाम के फेसबुक यूजर के अकाउंट पर वायरल वीडियो देखने को मिला। यहां बताया गया है कि जालौर पुलिस भाजपा कार्यकर्ता हुए आमने-सामने कलेक्टर कार्यालय में जाने से रोकती हुई पुलिस... जालौर झाब पंचायत के लिए।
इसके बाद हमें डीडीटी न्यूज जालौर नाम के इंस्टाग्राम अकाउंट पर वायरल वीडियो से संबंधित वीडियो देखने को मिला। यहां बताया गया है कि झाब क्षेत्र के लोगों ने जालोर कलेक्ट्रेट पर दिखाई ताकत... झाब पंचायत समिति निरस्त करने से लोगों में आक्रोश।
आगे की पड़ताल में हमने अमर उजाला के न्यूज डेस्क से संपर्क किया। इस दौरान हमेंं एक रिपोर्ट मिली। यह रिपोर्ट 27 जनवरी 2026 को प्रकाशित की गई है। यहां हमें वायरल वीडियो से संबंधित तस्वीर देखने को मिली। रिपोर्ट में बताया गया है कि जालौर में झाब ग्राम पंचायत को पंचायत समिति से निरस्त किए जाने के विरोध में ग्रामीणों ने जिला कलेक्ट्रेट का घेराव किया। पिछले 31 दिनों से चल रहे आंदोलन में ग्रामीण झाब को पुनः पंचायत समिति का दर्जा देने की मांग कर रहे हैं। झाब सहित आसपास की 24 ग्राम पंचायतों के हजारों ग्रामीण सुबह से ही एकजुट होकर रैली के रूप में जिला मुख्यालय पहुंचे। करीब 150 से अधिक बसों, कारों और बाइक से पहुंचे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने कलेक्ट्रेट गेट पर बैरिकेड्स लगाकर रोक दिया।
पड़ताल का नतीजा
हमने अपनी पड़ताल में वायरल वीडियो को राजस्थान का पाया है। इस वीडियो का यूजीसी प्रदर्शन से कोई संबंध नहीं है।
