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Charkhi Dadri News: आय अधिक व उम्र कम दिखने से बंद हुई पेंशन दे रही बुजुर्गों को टेंशन
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sat, 07 Feb 2026 11:50 PM IST
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दादरी में स्थित समाज कल्याण विभाग का कार्यालय।
- फोटो : 1
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चरखी दादरी। वृद्धावस्था पेंशन धारकों की आय अधिक व कम आयु होने संबंधी आपत्तियां पोर्टल पर दर्शाई जा रही हैं। आए दिन पोर्टल पर आपत्तियां लगाकर पेंशन रुकने के बुजुर्गों को संदेश मिल रहे हैं जिससे बुजुर्गों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। जिलेभर में कई सालों से 53 हजार बुजुर्ग पेंशन लेते आ रहे हैं। विभाग के अधिकारियों का तर्क है कि पेंशन काटी नहीं, रोकी गई हैंं। बुजुर्गों की ओर से आपत्तियां दूर करते ही फिर से पेंशन शुरू हो जाएगी।
ताऊ देवीलाल जब 1987 में प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे, तब उन्होंने बुढ़ापा पेंशन शुरू की थी। शुरुआत में 100 सौ रुपये पेंशन निर्धारित की गई थी। बाद में पेंशन बढ़ती रही। इस समय पेंशन तीन हजार रुपये मिल रही है जिस समय पेंशन बनी थी उस समय बुजुर्ग की केवल आयु का ही आकलन किया गया था। पेंशन की पात्रता के लिए आयु के अलावा आय संबंधी अन्य कोई शर्त नहीं थी। उस समय काफी संख्या में बुजुर्गों के पास आयु का प्रमाण-पत्र न होने की वजह से चिकित्सक बोर्ड की टीम ने आयु का आकलन कर पेंशन को स्वीकृति थी। इस समय परिवार पहचान पत्र में 60 वर्ष आयु होते ही पेंशन शुरू की जा रही है।
इस समय जिले में 53 हजार बुजुर्ग पेंशन ले रहे हैं। अब हर माह काफी बुजुर्गों की पेंशन रुक रही है। जब बुजुर्ग समाज कल्याण विभाग कार्यालय में जाकर पेंशन न आने का कारण पूछते हैं तो पोर्टल पर आयु व आय से संबंधित आपत्तियां पाई जा रही हैं। ऐसे में बुजुर्गों को चिंता सताने लगी हैं। इस समय पेंशन पाने के लिए वार्षिक आय तीन लाख रुपये तक होनी चाहिए। ऐसे में कई सालों से पेंशन ले रहे काफी संख्या में बुजुर्गों की पेंशन रोकी जा चुकी है। वहीं, इस संबंध में विभाग अधिकारियों का तर्क है कि पेंशन काटी नहीं गई हैं, रोकी गई हैं। अगर बुजुर्ग पात्रता के लिए आय व आयु आदि का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत कर देता है तो पेंशन फिर से मिलनी शुरू हो जाएगी। काफी बुजुर्गों की आपत्ति आयु से संबंधित हैं। उनकी आयु फैमिली आईडी में कम है।
मौजूदा सरकार ने आय की सीमा लगाकर बुजुर्गों के सम्मान को ठेस पहुंचाई है। सरकार को ऐसे में विधायक व सांसदों की भी पेंशन बंद करनी चाहिए। उनकी आय की भी जांच होनी चाहिए। सरकार के इस फैसले का डटकर विरोध किया जाएगा। अगर सरकार ने जल्द ही रोकी गई पेंशन बुजुर्गों के बैंक खातों में नहीं भेजी तो विधायक के आवास पर धरना दिया जाएगा।- हरपाल सिंह भांडवा, अध्यक्ष, भारतीय किसान यूनियन, दादरी।
वर्सन :
बुजुर्ग पेंशन काटी नहीं, रोकी जा रही हैंं। बुजुर्ग की ओर से आपत्तियां दूर करते हुए फिर से पेंशन शुरू हो जाएगी। पेंशन के लिए तीन लाख रुपये सालाना से नीचे आय होनी चाहिए।-- सुरेश कुमार, समाज कल्याण विभाग।
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ताऊ देवीलाल जब 1987 में प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे, तब उन्होंने बुढ़ापा पेंशन शुरू की थी। शुरुआत में 100 सौ रुपये पेंशन निर्धारित की गई थी। बाद में पेंशन बढ़ती रही। इस समय पेंशन तीन हजार रुपये मिल रही है जिस समय पेंशन बनी थी उस समय बुजुर्ग की केवल आयु का ही आकलन किया गया था। पेंशन की पात्रता के लिए आयु के अलावा आय संबंधी अन्य कोई शर्त नहीं थी। उस समय काफी संख्या में बुजुर्गों के पास आयु का प्रमाण-पत्र न होने की वजह से चिकित्सक बोर्ड की टीम ने आयु का आकलन कर पेंशन को स्वीकृति थी। इस समय परिवार पहचान पत्र में 60 वर्ष आयु होते ही पेंशन शुरू की जा रही है।
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इस समय जिले में 53 हजार बुजुर्ग पेंशन ले रहे हैं। अब हर माह काफी बुजुर्गों की पेंशन रुक रही है। जब बुजुर्ग समाज कल्याण विभाग कार्यालय में जाकर पेंशन न आने का कारण पूछते हैं तो पोर्टल पर आयु व आय से संबंधित आपत्तियां पाई जा रही हैं। ऐसे में बुजुर्गों को चिंता सताने लगी हैं। इस समय पेंशन पाने के लिए वार्षिक आय तीन लाख रुपये तक होनी चाहिए। ऐसे में कई सालों से पेंशन ले रहे काफी संख्या में बुजुर्गों की पेंशन रोकी जा चुकी है। वहीं, इस संबंध में विभाग अधिकारियों का तर्क है कि पेंशन काटी नहीं गई हैं, रोकी गई हैं। अगर बुजुर्ग पात्रता के लिए आय व आयु आदि का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत कर देता है तो पेंशन फिर से मिलनी शुरू हो जाएगी। काफी बुजुर्गों की आपत्ति आयु से संबंधित हैं। उनकी आयु फैमिली आईडी में कम है।
मौजूदा सरकार ने आय की सीमा लगाकर बुजुर्गों के सम्मान को ठेस पहुंचाई है। सरकार को ऐसे में विधायक व सांसदों की भी पेंशन बंद करनी चाहिए। उनकी आय की भी जांच होनी चाहिए। सरकार के इस फैसले का डटकर विरोध किया जाएगा। अगर सरकार ने जल्द ही रोकी गई पेंशन बुजुर्गों के बैंक खातों में नहीं भेजी तो विधायक के आवास पर धरना दिया जाएगा।- हरपाल सिंह भांडवा, अध्यक्ष, भारतीय किसान यूनियन, दादरी।
वर्सन :
बुजुर्ग पेंशन काटी नहीं, रोकी जा रही हैंं। बुजुर्ग की ओर से आपत्तियां दूर करते हुए फिर से पेंशन शुरू हो जाएगी। पेंशन के लिए तीन लाख रुपये सालाना से नीचे आय होनी चाहिए।