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Sirsa News: पुलिस पर फायरिंग मामले में दोषी को तीन साल की कैद
Wed, 08 Jul 2026 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Wed, 08 Jul 2026 12:12 AM IST
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अदालत से
सरपंच चुनाव के दौरान पुलिस पर हुई थी फायरिंग, अवैध पिस्तौल के साथ पकड़ा गया था दोषी, 5 हजार रुपये जुर्माना
जमानत पर छूटकर हुआ था फरार, 2024 में गिरफ्तारी के बाद अब मिली सजा
शेष आरोपियों को वर्ष 2023 में सजा सुना चुकी है अदालत
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। पुलिस पर फायरिंग व अवैध हथियार रखने के करीब 10 वर्ष पुराने मामले में अदालत ने आरोपी नवीन उर्फ कालू को दोषी करार देते हुए तीन साल कैद व पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। दोषी नवीन उर्फ कालू राजस्थान के चुरू जिले की राजगढ़ तहसील के गांव राधाभरी का रहने वाला है। ऐलनाबाद थाना पुलिस ने इस मामले में 18 जनवरी 2016 को प्राथमिकी दर्ज की थी।
मामले के अनुसार, 18 जनवरी को हिसार आईजी टास्क फोर्स के तत्कालीन प्रभारी इंस्पेक्टर जीत सिंह बेनीवाल को सूचना मिली थी कि गांव खारी सुरेरा में सरपंच चुनाव के दौरान बाहरी युवकों को बुलाया गया है। उनके पास बड़ी संख्या में अवैध हथियार हैं। सूचना के आधार पर पुलिस की दो टीमें मौके पर पहुंचीं। पुलिस को देखते ही वहां मौजूद 6-7 युवकों ने फायरिंग शुरू कर दी।
जवाबी कार्रवाई में इंस्पेक्टर जीत सिंह बेनीवाल ने आत्मरक्षा के लिए हवा में दो राउंड फायर किए। इस दौरान एक युवक पुलिस पर फायरिंग करते हुए मौके से भाग निकला जबकि छह आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
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गिरफ्तार आरोपियों में एक युवक घायल अवस्था में मिला। उसके कब्जे से 9 एमएम की अवैध पिस्तौल बरामद हुई। वहीं, आरोपी सोनू, अमरजीत, सुनील उर्फ गोलू और नवीन उर्फ कालू से 32 बोर की अवैध पिस्तौल बरामद की गई थी। मुकदमे के दौरान नवीन उर्फ कालू को जमानत मिल गई थी लेकिन वह अदालत में पेश नहीं हुआ और फरार हो गया। लगातार गैरहाजिर रहने पर अदालत ने वर्ष 2018 में उसे भगोड़ा घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने वर्ष 2024 में उसे दोबारा गिरफ्तार किया।
मंगलवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश देवेंद्र सिंह ने आरोपी नवीन को दोषी ठहराते हुए उसे तीन साल कैद की सजा सुना दी। इसी मामले में अन्य आरोपियों को अदालत पहले ही 5 अगस्त 2023 को तीन साल कैद की सजा सुना चुकी है।
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सरपंच चुनाव के दौरान पुलिस पर हुई थी फायरिंग, अवैध पिस्तौल के साथ पकड़ा गया था दोषी, 5 हजार रुपये जुर्माना
जमानत पर छूटकर हुआ था फरार, 2024 में गिरफ्तारी के बाद अब मिली सजा
शेष आरोपियों को वर्ष 2023 में सजा सुना चुकी है अदालत
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। पुलिस पर फायरिंग व अवैध हथियार रखने के करीब 10 वर्ष पुराने मामले में अदालत ने आरोपी नवीन उर्फ कालू को दोषी करार देते हुए तीन साल कैद व पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। दोषी नवीन उर्फ कालू राजस्थान के चुरू जिले की राजगढ़ तहसील के गांव राधाभरी का रहने वाला है। ऐलनाबाद थाना पुलिस ने इस मामले में 18 जनवरी 2016 को प्राथमिकी दर्ज की थी।
मामले के अनुसार, 18 जनवरी को हिसार आईजी टास्क फोर्स के तत्कालीन प्रभारी इंस्पेक्टर जीत सिंह बेनीवाल को सूचना मिली थी कि गांव खारी सुरेरा में सरपंच चुनाव के दौरान बाहरी युवकों को बुलाया गया है। उनके पास बड़ी संख्या में अवैध हथियार हैं। सूचना के आधार पर पुलिस की दो टीमें मौके पर पहुंचीं। पुलिस को देखते ही वहां मौजूद 6-7 युवकों ने फायरिंग शुरू कर दी।
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जवाबी कार्रवाई में इंस्पेक्टर जीत सिंह बेनीवाल ने आत्मरक्षा के लिए हवा में दो राउंड फायर किए। इस दौरान एक युवक पुलिस पर फायरिंग करते हुए मौके से भाग निकला जबकि छह आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
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गिरफ्तार आरोपियों में एक युवक घायल अवस्था में मिला। उसके कब्जे से 9 एमएम की अवैध पिस्तौल बरामद हुई। वहीं, आरोपी सोनू, अमरजीत, सुनील उर्फ गोलू और नवीन उर्फ कालू से 32 बोर की अवैध पिस्तौल बरामद की गई थी। मुकदमे के दौरान नवीन उर्फ कालू को जमानत मिल गई थी लेकिन वह अदालत में पेश नहीं हुआ और फरार हो गया। लगातार गैरहाजिर रहने पर अदालत ने वर्ष 2018 में उसे भगोड़ा घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने वर्ष 2024 में उसे दोबारा गिरफ्तार किया।
मंगलवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश देवेंद्र सिंह ने आरोपी नवीन को दोषी ठहराते हुए उसे तीन साल कैद की सजा सुना दी। इसी मामले में अन्य आरोपियों को अदालत पहले ही 5 अगस्त 2023 को तीन साल कैद की सजा सुना चुकी है।