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Chamba News: रसोई घर में खाना पका रही महिला पर बंदरों का हमला
Mon, 10 Aug 2026 11:01 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 10 Aug 2026 11:01 PM IST
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खज्जियार पंचायत के बैंसका गांव में लोगों के घरों में उत्पात मचाते बंदर।
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चिल्लाने पर पहुंचे परिवार वालों ने भगाए बंदर, अस्पताल जाकर लगावाया एंटी रेबीज इंजेक्शन
खज्जियार पंचायत के लोगों में दहशत का माहौल, बोले- वन विभाग जल्द करे उचित कार्रवाई
लोग बोले- अब तक पंचायत के क्षेत्र के सात लोगों को हमला कर घायल कर चुके हैं बंदर
संवाद न्यूज एजेंसी
खज्जियार (चंबा)। खज्जियार में अब बंदरों का आतंक जंगल तक सीमित नहीं रहा, बल्कि घरों की चौखट लांघकर रसोई तक पहुंच गया है। खाने का इंतजाम कर रही महिला पर झुंड के हमले ने पूरे इलाके में दहशत पैदा कर दी है।
पंचायत में अब तक सात लोग बंदरों के हमले का शिकार हो चुके हैं जिससे ग्रामीणों में वन्य प्राणी विभाग की कार्रवाई को लेकर नाराजगी बढ़ती जा रही है।
रसोई घर में खाना बना रहीं मनीषा देवी पत्नी रविंद्र कुमार निवासी गांव बैंसका को बंदरों ने हमला कर जख्मी कर दिया। सोमवार सुबह वह परिवार के लिए खाना पका रही थींं। इसी दौरान बंदरों का झुंड रसोई घर में पहुंच गया। उन्होंने बंदरों को भगाने के लिए चिमटा उठाया तो बंदर उन पर झपट पड़े। उन्होंने बचाव के लिए चिल्लाना शुरू कर दिया। आवाज सुनकर परिवार के अन्य सदस्य पहुंच गए। इन्होंने बंदरों को भगाया। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज चंबा पहुंचाया गया। उन्हें एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया गया। खज्जियार पंचायत में बंदरों का आतंक काफी बढ़ चुका है। सात लोग बंदरों के हमले में घायल हो चुके हैं। वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ नवनाथ माने ने बताया कि जल्द समस्या का निदान किया जाएगा।
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जंगलों में यदि जानवर किसी व्यक्ति पर हमला करे तो उसे बर्दाश्त किया जा सकता है लेकिन घरों में घुसकर हमला करना खतरनाक माना जाना चाहिए। -योगराज
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खज्जियार में बंदरों को पकड़कर दूर लेजाकर जंगल में छोड़ना चाहिए। तभी लोगों को राहत मिल सकती है। - विपन कुमार
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वन्य प्राणी विभाग को लोग बार-बार बंदरों के हमलों से अवगत करवा रहे हैं लेकिन विभाग की तरफ से कोई कार्रवाई देखने को नहीं मिल रही है। - सन्नी
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समय रहते बंदरों को यहां से नहीं भगाया गया तो आने वाले समय में इनके हमले बढ़ जाएंगे। बच्चों को घर से निकलना मुश्किल हो जाएगा। -सुभाष कुमार
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खज्जियार पंचायत के लोगों में दहशत का माहौल, बोले- वन विभाग जल्द करे उचित कार्रवाई
लोग बोले- अब तक पंचायत के क्षेत्र के सात लोगों को हमला कर घायल कर चुके हैं बंदर
संवाद न्यूज एजेंसी
खज्जियार (चंबा)। खज्जियार में अब बंदरों का आतंक जंगल तक सीमित नहीं रहा, बल्कि घरों की चौखट लांघकर रसोई तक पहुंच गया है। खाने का इंतजाम कर रही महिला पर झुंड के हमले ने पूरे इलाके में दहशत पैदा कर दी है।
पंचायत में अब तक सात लोग बंदरों के हमले का शिकार हो चुके हैं जिससे ग्रामीणों में वन्य प्राणी विभाग की कार्रवाई को लेकर नाराजगी बढ़ती जा रही है।
रसोई घर में खाना बना रहीं मनीषा देवी पत्नी रविंद्र कुमार निवासी गांव बैंसका को बंदरों ने हमला कर जख्मी कर दिया। सोमवार सुबह वह परिवार के लिए खाना पका रही थींं। इसी दौरान बंदरों का झुंड रसोई घर में पहुंच गया। उन्होंने बंदरों को भगाने के लिए चिमटा उठाया तो बंदर उन पर झपट पड़े। उन्होंने बचाव के लिए चिल्लाना शुरू कर दिया। आवाज सुनकर परिवार के अन्य सदस्य पहुंच गए। इन्होंने बंदरों को भगाया। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज चंबा पहुंचाया गया। उन्हें एंटी रेबीज का इंजेक्शन लगाया गया। खज्जियार पंचायत में बंदरों का आतंक काफी बढ़ चुका है। सात लोग बंदरों के हमले में घायल हो चुके हैं। वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ नवनाथ माने ने बताया कि जल्द समस्या का निदान किया जाएगा।
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जंगलों में यदि जानवर किसी व्यक्ति पर हमला करे तो उसे बर्दाश्त किया जा सकता है लेकिन घरों में घुसकर हमला करना खतरनाक माना जाना चाहिए। -योगराज
खज्जियार में बंदरों को पकड़कर दूर लेजाकर जंगल में छोड़ना चाहिए। तभी लोगों को राहत मिल सकती है। - विपन कुमार
वन्य प्राणी विभाग को लोग बार-बार बंदरों के हमलों से अवगत करवा रहे हैं लेकिन विभाग की तरफ से कोई कार्रवाई देखने को नहीं मिल रही है। - सन्नी
समय रहते बंदरों को यहां से नहीं भगाया गया तो आने वाले समय में इनके हमले बढ़ जाएंगे। बच्चों को घर से निकलना मुश्किल हो जाएगा। -सुभाष कुमार