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Hamirpur (Himachal) News: लंबलू में अक्षि तर्पण और शिरोधारा थेरेपी शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Thu, 18 Jun 2026 12:53 AM IST
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आयुर्वेदिक अस्पताल लंबूल में अक्षि तर्पण थेरेपी का लाभ लेता एक मरीज। संवाद
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हमीरपुर। लंबलू आयुर्वेदिक अस्पताल में अक्षि तर्पण और शिरोधारा थेरेपी शुरू की गई है। इन विशेष उपचार पद्धतियों का लाभ लेने के लिए प्रतिदिन पांच से छह मरीज अस्पताल पहुंच रहे हैं।
थेरेपी शुरू होने के बाद अस्पताल की ओपीडी भी बढ़कर प्रतिमाह करीब 800 तक पहुंच गई है, जबकि पहले यह संख्या 600 से 700 के बीच रहती थी। अस्पताल में उपलब्ध अक्षि तर्पण थेरेपी से आंखों से संबंधित समस्याओं, जबकि शिरोधारा थेरेपी से मानसिक तनाव, अनिद्रा और चिंता जैसी परेशानियों में लाभ मिल रहा है।
वहीं, कपिंग थेरेपी मांसपेशियों के दर्द, शरीर में जकड़न, रक्त संचार में सुधार तथा अन्य शारीरिक समस्याओं के उपचार में सहायक साबित हो रही है। आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी डॉ. अंकुश ने बताया कि अक्षि तर्पण एक विशेष आयुर्वेदिक प्रक्रिया है, जिसमें औषधीय घृत की सहायता से आंखों का उपचार किया जाता है।
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इससे आंखों में जलन, सूखापन, थकान और दृष्टि संबंधी समस्याओं में राहत मिलती है। वहीं, शिरोधारा थेरेपी से अनिद्रा, मानसिक तनाव, चिंता और उच्च रक्तचाप से पीड़ित मरीजों को लाभ मिल रहा है।
अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि भविष्य में भी आयुर्वेदिक चिकित्सा की नई एवं प्रभावी उपचार पद्धतियां शुरू कर क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। संवाद
थेरेपी शुरू होने के बाद अस्पताल की ओपीडी भी बढ़कर प्रतिमाह करीब 800 तक पहुंच गई है, जबकि पहले यह संख्या 600 से 700 के बीच रहती थी। अस्पताल में उपलब्ध अक्षि तर्पण थेरेपी से आंखों से संबंधित समस्याओं, जबकि शिरोधारा थेरेपी से मानसिक तनाव, अनिद्रा और चिंता जैसी परेशानियों में लाभ मिल रहा है।
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वहीं, कपिंग थेरेपी मांसपेशियों के दर्द, शरीर में जकड़न, रक्त संचार में सुधार तथा अन्य शारीरिक समस्याओं के उपचार में सहायक साबित हो रही है। आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी डॉ. अंकुश ने बताया कि अक्षि तर्पण एक विशेष आयुर्वेदिक प्रक्रिया है, जिसमें औषधीय घृत की सहायता से आंखों का उपचार किया जाता है।
इससे आंखों में जलन, सूखापन, थकान और दृष्टि संबंधी समस्याओं में राहत मिलती है। वहीं, शिरोधारा थेरेपी से अनिद्रा, मानसिक तनाव, चिंता और उच्च रक्तचाप से पीड़ित मरीजों को लाभ मिल रहा है।
अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि भविष्य में भी आयुर्वेदिक चिकित्सा की नई एवं प्रभावी उपचार पद्धतियां शुरू कर क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। संवाद