सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal nikay Chunav: Women to Assume Leadership in 25 Urban Local Bodies of Himachal

Himachal Nikay Chunav: हिमाचल के 25 शहरी निकायों में महिलाओं को मिलेगी सरदारी, जानें आरक्षण रोस्टर

अमर उजाला ब्यूरो, शिमला। Published by: Krishan Singh Updated Wed, 20 May 2026 11:16 AM IST
विज्ञापन
सार

शहरी विकास विभाग की ओर से जारी आरक्षण रोस्टर के अनुसार 25 नगर निकायों की सरदारी महिलाओं के हाथ आने वाली है। 

Himachal nikay Chunav: Women to Assume Leadership in 25 Urban Local Bodies of Himachal
हिमाचल शहरी निकाय चुनाव। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विज्ञापन

विस्तार

हिमाचल प्रदेश में नगर पंचायत और नगर परिषदों के गठन की कवायद के बीच शहरी विकास विभाग की ओर से जारी आरक्षण रोस्टर के अनुसार 25 नगर निकायों की सरदारी महिलाओं के हाथ आने वाली है। आरक्षण रोस्टर के अनुसार 20 पद सामान्य श्रेणी की महिलाओं जबकि 5 एससी श्रेणी की महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं। प्रदेश के 47 नगर निकायों में से 18 सीटें अनारक्षित हैं। प्रदेश में एक मात्र कांगड़ा की शाहपुर सीट अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित है।

Trending Videos

महिलाओं के लिए ये निकाय आरक्षित

महिलाओं के लिए आरक्षित निकायों में कुल्लू की निरमंड नगर पंचायत, सोलन की अर्की नगर पंचायत, कांगड़ा की ज्वालामुखी नगर परिषद, सोलन की कंडाघाट नगर पंचायत, ऊना की संतोषगढ़ नगर परिषद, अंब और गगरेट नगर पंचायत, कुल्लू नगर परिषद, कांगड़ा की नूरपुर नगर परिषद, ठियोग नगर परिषद, ऊना की टाहलीवाल नगर पंचायत, सिरमौर की नाहन नगर पंचायत, पांवटा साहिब नगर पंचायत, मंडी की सरकाघाट परिषद, हमीरपुर की सुजानपुर टीहरा, शिमला की सुन्नी नगर पंचायत, चंबा की डल्हौजी नगर परिषद के अलावा शिमला की चौपाल, जुब्बल और नारकंडा नगर पंचायत शामिल है।

विज्ञापन
विज्ञापन

अनुसूचित जाति वर्ग की महिलाओं के लिए आरक्षित निकाय

अनुसूचित जाति वर्ग की महिलाओं के लिए ऊना की दौलतपुर, नगर परिषद चंबा, कुल्लू की नगर पंचायत बंजार, नगर परिषद बिलासपुर और मंडी की नगर परिषद सुंदरनगर शामिल है। ऊना की मेहतपुर नगर परिषद, कांगड़ा की नगरोटा बगवां नगर परिषद, बिलासपुर की घुमारवीं नगर परिषद, नगर परिषद रोहडू और नगर पंचायत चिड़गांव अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित है।

विज्ञापन

ये नगर पंचायतें अनारक्षित श्रेणी में

आरक्षण रोस्टर के अनुसार बिलासपुर की नगर पंचायत तलाई, नगर परिषद नयना देवी, चंबा की नगर पंचायत चुवाड़ी, हमीरपुर की नगर पंचायत भौटा, नगर परिषद कांगड़ा, नगर परिषद देहरा, कुल्लू की नगर पंचायत भुंतर, मंडी की नगर परिषद जोगिंद्रनगर, नगर पंचायत रिवालसर, नगर परिषद नेरचौक, नगर पंचायत करसोग, शिमला की नगर परिषद रामपुर, नगर पंचायत नेरवा, नगर पंचायत कोटखाई, सिरमौर की नगर पंचायत राजगढ़, सोलन की नगर पंचायत नालागढ़, कुल्लू की नगर परिषद मनाली और सोलन की नगर परिषद परवाणू अनारक्षित श्रेणी में रखी गई हैं।

सोलन समेत छह जिलों में महिलाएं बनेंगी जिला परिषद की अध्यक्ष

जिला परिषद अध्यक्ष पद के लिए जारी आरक्षण रोस्टर के अनुसार प्रदेश में 12 में से 6 जिलों में महिलाएं अध्यक्ष होंगी। सिरमौर एससी (महिला), सोलन एससी (महिला), लाहौल-स्पीति एसटी (महिला), कांगड़ा ओबीसी (महिला), हमीरपुर महिला (सामान्य), चंबा महिला (सामान्य), मंडी एससी, किन्नौर एसटी, शिमला ओपन, कुल्लू ओपन, ऊना ओपन और बिलासपुर ओपन श्रेणी में रखी गई है।

नगर निगम मेयर के पद के आरक्षण रोस्टर पर असमंजस

प्रदेश के चार नगर निगमों के लिए मतदान हो चुका है और 31 मई को मतगणना के बाद नतीजे घोषित होने हैं। बावजूद इसके सरकार अब तक मेयर के आरक्षण रोस्टर पर फैसला नहीं ले पाई है। शहरी विकास विभाग की ओर से इसे लेकर सरकार को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। अंतिम फैसला सरकार मंत्रिमंडल की बैठक में लेगी।

प्रत्याशी के नाम पर मुहर, तब भी आपका वोट सही

 पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव में मतदाता की ओर से लगाई गई मुहर चुनाव चिह्न की बजाय प्रत्याशी के नाम पर लग जाती है, तब भी वोट निरस्त नहीं माना जाएगा। बल्कि जिस प्रत्याशी के नाम के ऊपर मुहर लगी है, वह वोट उसी प्रत्याशी के पक्ष में जाएगा। पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदान प्रक्रिया संबंधी महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों और रिटर्निंग अधिकारियों को भेजे गए निर्देशों में कहा गया है कि यदि मुहर प्रत्याशी के नाम, चुनाव चिह्न या दोनों के बीच की रेखा पर लगी हो और उसका झुकाव स्पष्ट रूप से किसी एक उम्मीदवार की ओर हो, तो वह मत उसी प्रत्याशी के पक्ष में गिना जाएगा। केवल तकनीकी आधार पर मतों को निरस्त करने से बचा जाए। अगर मुहर रेखा के बीच ऊपर-नीचे बराबर नजर आती है तो इसके लिए इंचटेप या स्केल का भी इस्तेमाल किया जा सकेगा। यदि मुहर दो प्रत्याशियों के बीच इस प्रकार लगी हो कि मतदाता की मंशा स्पष्ट न हो, तभी ऐसे मत को अमान्य घोषित किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed