{"_id":"6a0d3dc972e6bb49840c37bd","slug":"tre-4-students-protest-patna-bihar-police-bihar-news-update-hindi-2026-05-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar : TRE-4 के आंदोलन से पहले बिहार पुलिस ने क्या हथकंडा अपनाया? पटना में फिर भी बड़े प्रदर्शन की तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar : TRE-4 के आंदोलन से पहले बिहार पुलिस ने क्या हथकंडा अपनाया? पटना में फिर भी बड़े प्रदर्शन की तैयारी
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: Krishan Ballabh Narayan
Updated Wed, 20 May 2026 10:23 AM IST
विज्ञापन
सार
Bihar : आज TRE-4 को लेकर छात्र सड़क पर उतर कर बड़ा आंदोलन करने वाले थे, लेकिन इससे पहले ही बिहार पुलिस ने एक खेल कर दिया। प्रदर्शन में शामिल होने से पहले ही पुलिस ने अलग-अलग जगहों से छात्र नेताओं की गिरफ्तारी करनी शुरू कर दी।
बिहार पुलिस
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
TRE4 के लिए आज छत्रों का एक बड़ा आंदोलन होने वाला है, जिसे पुलिस रोकने के लिए हर रास्ता इख्तियार कर रही है। पहले सभी शिक्षक नेताओं को लिखित में चेतावनी दी और फिर बुलाकर बैठक के नाम पर हड़काया। लेकिन इसके बाद भी छात्र आंदोलन करने पर अडिग रहे। इसलिए अब पुलिस ने उन नेताओं की गिरफ्तारी करनी शुएरू कर दी है। बिहार पुलिस ने छात्र नेता खुशबु पाठक को आरा से आने के दौरान बिहटा में हिरासत में ले लिया। साथ ही शिक्षक दानिश और विकेश भट्ट को भी हिरासत में ले लिया है।
Trending Videos
यह खबर भी पढ़ें-Bihar Weather: बिहार के 32 जिलों में बारिश-वजप्रात का अलर्ट, पटना में गर्मी से लोग परेशान; जानिए मौसम का हाल
विज्ञापन
विज्ञापन
आंदोलन को दबाने के लिए की जा रही गिरफ्तारी
इस संबंध में एक महिला छात्र नेता ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि यह तो निरंकुशता है कि हम अपनी आवाज भी नहीं उठा सकते। यह दमन करने का तरीका है, लेकिन इसके बाद भी हमारे हौसले पस्त नहीं होंगे। उन्होंने बताया कि पुलिस मेरे पीछे भी लगी हुई है, लेकिन मैं किसी तरह से बचते बचाते हुए आंदोलन में शामिल होउंगी। उन्होंने कहा कि हमलोग वोट देकर सरकार बनाते हैं और यही सरकार हम शिक्षकों के साथ इस तरह का बुरा सलूक करती है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने पहले नोटिस देकर धमकी दी कि अगर आप माहौल को अशांत कीजियेगा तो 5-5 लाख का जुर्माना देना पड़ेगा। फिर बुलाकर बैठक के नाम पर पुलिस ने धमकी दी, लेकिन हमलोग पुलिस की इस धमकी को नहीं सुनने वाले हैं।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar: निशांत कुमार और मैथिली के बाद जदयू नेता का AI फोटो वायरल, राजद विधायक ने क्यों करवाई प्राथमिक दर्ज?
क्या है छात्र नेताओं की मांग?
उन्होंने कहा कि हमारी बस यही मांग है कि आप TRE4 का नोटिफिकेशन जारी कीजिए। छात्र नेता ने कहा कि सरकार बनने से पहले यह घोषणा की गई थी कि एक लाख 20 हजार वैकेंसी देंगे। लेकिन सरकार बनने के बाद बात 46 हजार पर आ गई। उन्होंने कहा कि ठीक है अब सरकार 46 हजार का ही नोटिफिकेशन जारी करे, लेकिन सरकार ऐसा नहीं कर रही है। सरकार की यह मनमानी सही नहीं है इसलिए हम इसका विरोध करेंगे, चाहे पुलिस जितनी लाठियां बरसा ले।
पुलिस दे रही यह दलील
इस संदर्भ में पुलिस का मानना है कि यह छात्र लोग यूनिवर्सिटी कैंपस और आसपास के इलाकों में विधि-व्यवस्था और शांति व्यवस्था को खराब कर सकते हैं, इसलिए शांति बनाए रखने के लिए अनुमंडल दण्डाधिकारी, पटना सदर के न्यायालय ने यह कार्रवाई की है। पीरबहोर थाना पुलिस के प्रतिवेदन के आधार पर, कोर्ट ने पटना यूनिवर्सिटी के 8 प्रमुख छात्र नेताओं के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-126 के तहत नोटिस जारी किया है। प्रशासन का मानना है कि इन छात्र नेताओं की गतिविधियों से कभी भी बड़ी अशांति फैल सकती है। उन नेताओं में खुशबू पाठक, सौरभ कुमार, अर्चना कुमारी, विकेश भट्ट, एम पी यादव, मनीष यादव, रिंकल यादव और मनीष आनंद शामिल हैं।