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Kullu News: शतचंडी यज्ञ की कन्या पूजन के साथ पूर्णाहुति
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माता भुवनेश्वर देवी जगन्नाथी मंदिर में आयोजित किया शतचंडी यज्ञ
पूर्णाहुति के बाद भंडारा, सैकड़ों श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया प्रसाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
खराहल (कुल्लू)। अधिष्ठात्री माता भुवनेश्वर देवी जगन्नाथी के मंदिर पूईद में आयोजित पांच दिवसीय 39वें शतचंडी यज्ञ का रविवार को वैदिक रीति-रिवाजों के साथ समापन हुआ। पूर्णाहुति के अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। दूरदराज के गांवों सहित कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में माथा टेककर सुख-समृद्धि की कामना की। यज्ञ के समापन पर 14 पंडितों ने वैदिक मंत्रोचारण के साथ हवन किया। इस दौरान कन्या पूजन और पूर्णाहुति भी हुई।
इसके बाद मंदिर परिसर में भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने खीर और अन्य प्रसाद ग्रहण किया। मंदिर में पांच दिनों तक पंडितों ने वैदिक मंत्रों का उच्चारण किया। पूईद पंचायत के पूर्व प्रधान उत्तम शर्मा ने बताया कि पंडितों ने वैदिक मंत्रों के साथ शतचंडी यज्ञ को विधिवत संपन्न कराया। देवलू अशोक लंबरदार, पूर्व पंच सुनू राम, सुमन शर्मा और अजीत शर्मा ने बताया कि घाटी के करीब एक दर्जन गांवों के अलावा कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुंचे। संवाद
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पूर्णाहुति के बाद भंडारा, सैकड़ों श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया प्रसाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
खराहल (कुल्लू)। अधिष्ठात्री माता भुवनेश्वर देवी जगन्नाथी के मंदिर पूईद में आयोजित पांच दिवसीय 39वें शतचंडी यज्ञ का रविवार को वैदिक रीति-रिवाजों के साथ समापन हुआ। पूर्णाहुति के अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। दूरदराज के गांवों सहित कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में माथा टेककर सुख-समृद्धि की कामना की। यज्ञ के समापन पर 14 पंडितों ने वैदिक मंत्रोचारण के साथ हवन किया। इस दौरान कन्या पूजन और पूर्णाहुति भी हुई।
इसके बाद मंदिर परिसर में भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने खीर और अन्य प्रसाद ग्रहण किया। मंदिर में पांच दिनों तक पंडितों ने वैदिक मंत्रों का उच्चारण किया। पूईद पंचायत के पूर्व प्रधान उत्तम शर्मा ने बताया कि पंडितों ने वैदिक मंत्रों के साथ शतचंडी यज्ञ को विधिवत संपन्न कराया। देवलू अशोक लंबरदार, पूर्व पंच सुनू राम, सुमन शर्मा और अजीत शर्मा ने बताया कि घाटी के करीब एक दर्जन गांवों के अलावा कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुंचे। संवाद
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