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मोटर दुर्घटना, ऋण वसूली संबंधी मामले मध्यस्थता से सुलझाएं : आभा
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
Updated Wed, 18 Feb 2026 07:48 AM IST
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कुल्लू। देश में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, मध्यस्थता एवं सुलह परियोजना समिति द्वारा पैन इंडिया मेडीएशन अभियान 2.0 को 31 मार्च तक संचालित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य देशभर के न्यायालयों (तालुका से लेकर उच्च न्यायालय तक) में लंबित उपयुक्त मामलों को मध्यस्थता के माध्यम से जल्दी, सस्ता और पारदर्शी ढंग से हल करना है। मध्यस्थता एक तेज, प्रभावी, सस्ती और गोपनीय प्रक्रिया है, जिसमें विवादों को न्यायालय के बाहर आपसी समझौते द्वारा सुलझाया जाता है। यह बात जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण कुल्लू की सचिव आभा चौहान ने कही।
उन्होंने कहा कि अभियान के अंतर्गत उन श्रेणियों के मामलों को प्राथमिकता दी जाएगी, जिनमें आपसी समझौते की संभावना हो। इनमें वैवाहिक विवाद, मोटर दुर्घटना दावे, घरेलू हिंसा अधिनियम के अंतर्गत मामले, धारा 138, परक्राम्य लिखित अधिनियम के अंतर्गत चेक बाउंस के मामले, वाणिज्यिक विवाद, सेवा संबंधित मामले, समझौता योग्य आपराधिक मामले, उपभोक्ता विवाद, ऋण वसूली संबंधी मामले, बंटवारा संबंधी वाद, बेदखली से संबंधित मामले, भूमि अधिग्रहण से संबंधित मामले, अन्य उपयुक्त सिविल (दीवानी) मामले शामिल हैं। उन्होंने जिला कुल्लू की जनता से अपील की है कि यदि उनका कोई उपरोक्त विवाद न्यायालय में लंबित है तो उसे सुलझाने के लिए मध्यस्थता का लाभ उठाएं। यह प्रक्रिया न केवल त्वरित है बल्कि दोनों पक्षों की सहमति से समाधान सुनिश्चित करती है।
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उन्होंने कहा कि अभियान के अंतर्गत उन श्रेणियों के मामलों को प्राथमिकता दी जाएगी, जिनमें आपसी समझौते की संभावना हो। इनमें वैवाहिक विवाद, मोटर दुर्घटना दावे, घरेलू हिंसा अधिनियम के अंतर्गत मामले, धारा 138, परक्राम्य लिखित अधिनियम के अंतर्गत चेक बाउंस के मामले, वाणिज्यिक विवाद, सेवा संबंधित मामले, समझौता योग्य आपराधिक मामले, उपभोक्ता विवाद, ऋण वसूली संबंधी मामले, बंटवारा संबंधी वाद, बेदखली से संबंधित मामले, भूमि अधिग्रहण से संबंधित मामले, अन्य उपयुक्त सिविल (दीवानी) मामले शामिल हैं। उन्होंने जिला कुल्लू की जनता से अपील की है कि यदि उनका कोई उपरोक्त विवाद न्यायालय में लंबित है तो उसे सुलझाने के लिए मध्यस्थता का लाभ उठाएं। यह प्रक्रिया न केवल त्वरित है बल्कि दोनों पक्षों की सहमति से समाधान सुनिश्चित करती है।
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