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Kullu News: सैंज कॉलेज में वाणिज्य संकाय बंद करने पर विद्यार्थियों ने निकाली रैली
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लारजी (कुल्लू)। राजकीय महाविद्यालय सैंज में वाणिज्य संकाय बंद करने के विरोध में सांकेतिक धरना प्रदर्शन हुआ। पूर्व छात्र संघ के साथ मिलकर विद्यार्थी अपने हकों के लिए सड़क पर उतरे। पहले सरकार के खिलाफ रैली निकाल प्रदर्शन किया। इसके बाद तहसीलदार के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी भेजा गया।
इसमें मांग की गई कि महाविद्यालय में वाणिज्य संकाय को यथावत रखा जाए। प्राध्यापकों और गैर-शिक्षकों के रिक्त पदों को भी भरा जाए, ताकि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए परेशान न होना पड़े।पूर्व छात्र संघ के सदस्य प्रशांत नेगी ने कहा कि पिछले तीन वर्षों से महाविद्यालय में प्राध्यापकों और गैर-शैक्षणिक स्टाफ के कई पद रिक्त चल रहे हैं। वर्तमान में महाविद्यालय में केवल पांच प्रोफेसर और एक जेओए आईटी शिक्षक हैं। पूरा महाविद्यालय मात्र दो कमरों में संचालित हो रहा है, जिससे शिक्षण कार्य बुरी तरह प्रभावित है।
सरकार और विश्वविद्यालय प्रबंधन को बार-बार अवगत करवाने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। सैंज जैसे दूरदराज क्षेत्र में उच्च शिक्षा को खत्म करने की साजिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पूर्व छात्र संघ ने सरकार को दस दिन का अल्टीमेटम दिया है। यदि वाणिज्य संकाय बहाल कर सभी रिक्त पदों को नहीं भरा गया, तो पूर्व छात्र संघ, स्थानीय जनता और छात्रों के साथ मिलकर उग्र आंदोलन किया जाएगा। कहा कि इस धरना-प्रदर्शन में पूर्व छात्र संघ को पंचायती राज के नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों व स्थानीय जनता का सहयोग मिला है।
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इसमें मांग की गई कि महाविद्यालय में वाणिज्य संकाय को यथावत रखा जाए। प्राध्यापकों और गैर-शिक्षकों के रिक्त पदों को भी भरा जाए, ताकि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए परेशान न होना पड़े।पूर्व छात्र संघ के सदस्य प्रशांत नेगी ने कहा कि पिछले तीन वर्षों से महाविद्यालय में प्राध्यापकों और गैर-शैक्षणिक स्टाफ के कई पद रिक्त चल रहे हैं। वर्तमान में महाविद्यालय में केवल पांच प्रोफेसर और एक जेओए आईटी शिक्षक हैं। पूरा महाविद्यालय मात्र दो कमरों में संचालित हो रहा है, जिससे शिक्षण कार्य बुरी तरह प्रभावित है।
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सरकार और विश्वविद्यालय प्रबंधन को बार-बार अवगत करवाने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। सैंज जैसे दूरदराज क्षेत्र में उच्च शिक्षा को खत्म करने की साजिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पूर्व छात्र संघ ने सरकार को दस दिन का अल्टीमेटम दिया है। यदि वाणिज्य संकाय बहाल कर सभी रिक्त पदों को नहीं भरा गया, तो पूर्व छात्र संघ, स्थानीय जनता और छात्रों के साथ मिलकर उग्र आंदोलन किया जाएगा। कहा कि इस धरना-प्रदर्शन में पूर्व छात्र संघ को पंचायती राज के नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों व स्थानीय जनता का सहयोग मिला है।