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Una News: फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में हर्ष और दमनप्रीत की टीम प्रथम
Sun, 09 Aug 2026 08:58 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Sun, 09 Aug 2026 08:58 AM IST
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ऊना। राजकीय महाविद्यालय ऊना की रोवर्स एवं रेंजर्स यूनिट द्वारा विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर जनजातीय संस्कृति, परंपराओं, सामाजिक समरसता एवं राष्ट्रीय एकता को समर्पित एक भव्य एवं रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में भारत की विविध जनजातीय परंपराओं की जीवंत झलक प्रस्तुत करते हुए विद्यार्थियों ने ‘एक भारत–श्रेष्ठ भारत’ की भावना को प्रभावशाली ढंग से अभिव्यक्त किया। महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. मीता शर्मा ने बताया कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को भारत की विशाल सांस्कृतिक विविधता से जोड़ने के साथ-साथ उनमें राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता, पारस्परिक सम्मान और संवैधानिक मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता विकसित करते हैं। उन्होंने रोवर्स एवं रेंजर्स यूनिट की इस सराहनीय पहल की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक संवेदनशीलता को मजबूत करती हैं।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. बीएस राणा, प्राचार्य राजकीय महाविद्यालय चौकीमन्यार ने भारत के विभिन्न जनजातीय समुदायों की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश के किन्नौर, चंबा जिले के भरमौर तथा लाहौल-स्पीति सहित विभिन्न जनजातीय क्षेत्रों की पारंपरिक वेशभूषा, खान-पान, लोककला, रीति-रिवाजों एवं जीवनशैली की विशेषताओं को रेखांकित किया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण ट्राइबल फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता रही, जिसमें 10 विद्यार्थियों ने विभिन्न जनजातीय क्षेत्रों की संस्कृति को पारंपरिक परिधानों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से जीवंत किया। प्रतियोगिता में हर्ष एवं दमनप्रीत की टीम ने प्रथम स्थान, सहबाज एवं हर्षिता की टीम ने द्वितीय स्थान तथा रोवर सोनू एवं हर्ष की टीम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कार्यक्रम में रेंजर्स पायल एवं रिया की टीम ने सावन के अवसर पर आधारित पंजाबी गिद्दा की शानदार प्रस्तुति दी।
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कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. बीएस राणा, प्राचार्य राजकीय महाविद्यालय चौकीमन्यार ने भारत के विभिन्न जनजातीय समुदायों की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश के किन्नौर, चंबा जिले के भरमौर तथा लाहौल-स्पीति सहित विभिन्न जनजातीय क्षेत्रों की पारंपरिक वेशभूषा, खान-पान, लोककला, रीति-रिवाजों एवं जीवनशैली की विशेषताओं को रेखांकित किया।
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कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण ट्राइबल फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता रही, जिसमें 10 विद्यार्थियों ने विभिन्न जनजातीय क्षेत्रों की संस्कृति को पारंपरिक परिधानों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से जीवंत किया। प्रतियोगिता में हर्ष एवं दमनप्रीत की टीम ने प्रथम स्थान, सहबाज एवं हर्षिता की टीम ने द्वितीय स्थान तथा रोवर सोनू एवं हर्ष की टीम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कार्यक्रम में रेंजर्स पायल एवं रिया की टीम ने सावन के अवसर पर आधारित पंजाबी गिद्दा की शानदार प्रस्तुति दी।
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