{"_id":"6a77769213c51320d0019f7f","slug":"aadhaar-based-verification-now-in-pm-employment-generation-programme-20-una-news-c-93-1-una1025-201624-2026-08-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Una News: पीएम रोजगार सृजन योजना 2.0 में अब आधार से सत्यापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Una News: पीएम रोजगार सृजन योजना 2.0 में अब आधार से सत्यापन
Sun, 09 Aug 2026 07:53 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Sun, 09 Aug 2026 07:53 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ऊना। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी 2.0) के ऑनलाइन आवेदन पोर्टल को केंद्र सरकार ने फिर से शुरू कर दिया है। नए अपडेट के बाद अब योजना में आधार आधारित सत्यापन को अनिवार्य कर दिया गया है, जिससे फर्जीवाड़े और गलत आवेदनों पर प्रभावी रोक लगेगी।
पोर्टल को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाते हुए आवेदन प्रक्रिया को डिजिटल रूप से मजबूत किया गया है। अब आधार से सत्यापन होगा और फर्जी आवेदनों पर रोक लगेगी।
केंद्र सरकार ने नए संस्करण में पोर्टल को अधिक डिजिटल और पारदर्शी बनाया है। इसमें बेहतर डैशबोर्ड, आंकड़ों की निगरानी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित सुविधाएं जोड़ी गई हैं।
विज्ञापन
पीएमईजीपी 2.0 के तहत पात्र लोगों को नया कारोबार शुरू करने के लिए बैंक ऋण और सरकारी मार्जिन मनी सहायता का लाभ मिलता है। अप्रैल में ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया बंद होने के कारण नए आवेदन नहीं हो पा रहे थे। पोर्टल में बदलाव कर अगस्त में दोबारा शुरू किया गया है। अगस्त में पोर्टल दोबारा शुरू होने के बाद ऊना जिले से अब तक करीब 30 लोग आवेदन कर चुके हैं।
अब नए पोर्टल में आवेदन कर्ता को अपना आधार नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर पासवर्ड जाएगा। इसे दर्ज करने के बाद ही आवेदन की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। योजना में धोखाधड़ी रोकने के लिए आधार आधारित चेहरे से पहचान सत्यापन की सुविधा भी उपलब्ध है, हालांकि आवेदन के समय यह प्राथमिक माध्यम नहीं होगा।
बता दें कि पीएमईजीपी 2.0 में स्वरोजगार और नए सूक्ष्म उद्यम स्थापित करने के लिए केंद्र सरकार की ऋण संबद्ध सब्सिडी योजना है। इसके तहत विनिर्माण क्षेत्र में 50 लाख रुपये और सेवा क्षेत्र में 20 लाख रुपये तक की परियोजना लागत पर 15 प्रतिशत से 35 प्रतिशत तक की सरकारी सब्सिडी दी जाती है।
विज्ञापन
पोर्टल को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाते हुए आवेदन प्रक्रिया को डिजिटल रूप से मजबूत किया गया है। अब आधार से सत्यापन होगा और फर्जी आवेदनों पर रोक लगेगी।
विज्ञापन
केंद्र सरकार ने नए संस्करण में पोर्टल को अधिक डिजिटल और पारदर्शी बनाया है। इसमें बेहतर डैशबोर्ड, आंकड़ों की निगरानी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित सुविधाएं जोड़ी गई हैं।
विज्ञापन
पीएमईजीपी 2.0 के तहत पात्र लोगों को नया कारोबार शुरू करने के लिए बैंक ऋण और सरकारी मार्जिन मनी सहायता का लाभ मिलता है। अप्रैल में ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया बंद होने के कारण नए आवेदन नहीं हो पा रहे थे। पोर्टल में बदलाव कर अगस्त में दोबारा शुरू किया गया है। अगस्त में पोर्टल दोबारा शुरू होने के बाद ऊना जिले से अब तक करीब 30 लोग आवेदन कर चुके हैं।
अब नए पोर्टल में आवेदन कर्ता को अपना आधार नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर पासवर्ड जाएगा। इसे दर्ज करने के बाद ही आवेदन की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। योजना में धोखाधड़ी रोकने के लिए आधार आधारित चेहरे से पहचान सत्यापन की सुविधा भी उपलब्ध है, हालांकि आवेदन के समय यह प्राथमिक माध्यम नहीं होगा।
बता दें कि पीएमईजीपी 2.0 में स्वरोजगार और नए सूक्ष्म उद्यम स्थापित करने के लिए केंद्र सरकार की ऋण संबद्ध सब्सिडी योजना है। इसके तहत विनिर्माण क्षेत्र में 50 लाख रुपये और सेवा क्षेत्र में 20 लाख रुपये तक की परियोजना लागत पर 15 प्रतिशत से 35 प्रतिशत तक की सरकारी सब्सिडी दी जाती है।