सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   India News ›   Air India seeks DGCA nod to relax flight duty norms amid west asia tensions

पश्चिम एशिया संकट: एअर इंडिया की DGCA से खास अपील, लंबी उड़ानों के लिए नियमों में ढील की मांग

अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता Published by: Rahul Kumar Updated Thu, 12 Mar 2026 03:54 PM IST
विज्ञापन
सार

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और कई देशों के एयरस्पेस से बचने की सलाह के कारण उड़ानों के रूट लंबे हो गए हैं। इसी वजह से एअर इंडिया ने डीजीसीए से फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन के नियमों में अस्थायी ढील देने की मांग की है।

Air India seeks DGCA nod to relax flight duty norms amid west asia tensions
एअर इंडिया - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार

पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच एअर इंडिया ने विमानन नियामक डीजीसीए से फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (एफडीटीएल) नियमों में अस्थायी ढील देने की मांग की है। गुरुवार को एक रिपोर्ट में यह जानकारी सामने आई।

Trending Videos


मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, टाटा ग्रुप के स्वामित्व वाली एयर इंडिया ने डीजीसीए से अनुरोध किया है कि कुछ लंबी दूरी की उड़ानों को तीन पायलट की बजाय दो पायलट के साथ संचालित करने की अनुमति दी जाए। इसके साथ ही अधिकतम उड़ान समय की सीमा बढ़ाने की भी मांग की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


फ्लाइट ड्यूटी पीरियड बढ़ाने की मांग
सूत्रों के अनुसार, एअर इंडिया ने उड़ान के अनुमत समय में 1 घंटा 3 मिनट की बढ़ोतरी की मांग की है। इससे अधिकतम उड़ान समय 10 घंटे से बढ़कर करीब 11 से 11.5 घंटे हो जाएगा। इसके अलावा एयरलाइन ने अधिकतम फ्लाइट ड्यूटी पीरियड (एफडीपी) को भी बढ़ाने का अनुरोध किया है। इसके तहत ड्यूटी समय 13 घंटे से बढ़ाकर 14 घंटे 45 मिनट करने की मांग की गई है, यानी करीब 1 घंटा 45 मिनट की अतिरिक्त अवधि।

क्यों मांगा अधिक समय
रिपोर्ट के अनुसार, क्षेत्र के कई हिस्सों में हवाई क्षेत्र प्रतिबंधित होने और पाकिस्तान का एयरस्पेस भारतीय एयरलाइंस के लिए बंद रहने के कारण उड़ानों को लंबा रास्ता लेना पड़ रहा है। इन परिस्थितियों में एयरलाइंस को अरब सागर, मध्य एशिया और अफ्रीका के कुछ हिस्सों के ऊपर से होकर लंबा रास्ता अपनाना पड़ रहा है, जिससे उड़ान का समय काफी बढ़ गया है। इस कारण ईंधन की खपत भी बढ़ रही है और क्रू की ड्यूटी समय सीमा पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि डीजीसीए ने हाल ही में भारतीय एयरलाइंस को मध्य पूर्व के 11 देशों के हवाई क्षेत्र से बचने की सलाह दी है, क्योंकि इन्हें उच्च जोखिम वाले क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया गया है। एअर इंडिया के लिए ईरान और इराक के हवाई क्षेत्र से बचने के कारण कई लंबी दूरी की उड़ानों का समय काफी बढ़ गया है। इसी वजह से एयरलाइन को इस सप्ताह कई उड़ानें रद्द भी करनी पड़ी हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, एअर इंडिया का यह प्रस्ताव फिलहाल डीजीसीए के पास विचाराधीन है और नियामक इसकी जांच कर रहा है। अधिकारियों ने बताया कि विमानन उद्योग की अन्य कंपनियां भी इसी तरह की रूट संबंधी चुनौतियों का सामना कर रही हैं, लेकिन फिलहाल इंडिगो की ओर से डीजीसीए को ऐसा कोई अनुरोध नहीं मिला है। हालांकि रिपोर्ट में कहा गया है कि एयर इंडिया ने इस मामले में क्रू की थकान से जुड़े संभावित मुद्दों पर पूछे गए सवालों का तुरंत जवाब नहीं दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed