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तीन करोड़ की रिश्वत ने पहुंचाया जेल: IPS अफसर को CBI ने किया गिरफ्तार, किसे बचाने के लिए ली थी रकम?
Wed, 01 Jul 2026 01:42 PM IST
प्रशांत तिवारी
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: प्रशांत तिवारी
Updated Wed, 01 Jul 2026 01:42 PM IST
सार
नकली दवा रैकेट की जांच से जुड़े तीन करोड़ रुपये की कथित रिश्वतखोरी के मामले में CBI ने IPS अधिकारी दीपक गहलावत को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उन्होंने अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर एक कारोबारी को CBI जांच में राहत दिलाने का भरोसा दिया था।
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सीबीआई
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने 3 करोड़ रुपये की कथित रिश्वतखोरी के मामले में IPS अधिकारी दीपक गहलावत को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि यह मामला नकली दवा बनाने वाले रैकेट की जांच से जुड़ा हुआ है।
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किस लिए ली थी रकम?
अधिकारियों के मुताबिक, कथित घटना के समय दीपक गहलावत नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) में क्षेत्रीय निदेशक के पद पर तैनात थे। उन पर आरोप है कि उन्होंने रिश्वत के बदले अपने कथित प्रभाव का इस्तेमाल करते हुए एजेंसी के अधिकारियों पर दबाव बनाने और पुडुचेरी के एक कारोबारी को CBI की जांच में मनचाहा परिणाम दिलाने का भरोसा दिया था।
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कैसे खुला मामला?
यह मामला जून में CBI द्वारा चलाए गए एक ट्रैप ऑपरेशन से सामने आया था। इस कार्रवाई के दौरान दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर प्रदीप सिंह और कथित बिचौलिये राजकुमार को गिरफ्तार किया गया था।
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तीन आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई FIR
CBI ने इस मामले में इंस्पेक्टर प्रदीप सिंह, कथित बिचौलिये राजकुमार और पुडुचेरी के कारोबारी एन. राजा के खिलाफ FIR दर्ज की थी। एजेंसी अब पूरे रिश्वत नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।