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ACC: कैबिनेट सचिव और होम सेक्रेटरी को मिला सेवा विस्तार, गौबा और भल्ला खेल चुके 5-5 साल की लंबी पारी
Wed, 05 Aug 2026 06:03 PM IST
राहुल कुमार
डिजिटल ब्यूरो अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: राहुल कुमार
Updated Wed, 05 Aug 2026 06:03 PM IST
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आईएएस अधिकारी डॉ. टीवी सोमनाथन और पूर्व आईएएस राजीव गाबा।
- फोटो : एक्स
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केंद्र सरकार में कैबिनेट सचिव और गृह सचिव, इन दोनों शीर्ष नौकरशाहों को एक-एक साल का सेवा विस्तार प्रदान किया गया है। बुधवार को प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता वाली मंत्रिमंडलीय नियुक्ति समिति (एसीसी) ने दोनों नौकरशाहों के सेवा विस्तार पर मुहर लगा दी है। एनडीए सरकार के कार्यकाल में पूर्व आईएएस राजीव गौबा ने बतौर कैबिनेट सचिव, सबसे लंबी पारी खेली थी। वे पांच साल तक कैबिनेट सचिव रहे। उनके साथ ही वरिष्ठ आईएएस अजय भल्ला ने भी पांच वर्ष तक केंद्रीय गृह सचिव के पद पर कार्य किया था।
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1987 बैच के तमिलनाडु कैडर के आईएएस अधिकारी डॉ. टीवी सोमनाथन ने 30 अगस्त 2024 को कैबिनेट सचिव का पदभार संभाला था। उनका दो साल का निर्धारित कार्यकाल 30 अगस्त 2026 को समाप्त हो रहा था। अब उन्हें एक साल का सेवा विस्तार दिया गया है। 'कैबिनेट सचिव' के पद पर पांच साल तक एक ही 'आईएएस' की नियुक्ति, आजादी से लेकर अभी तक के नौकरशाहों में यह एक रिकार्ड बन गया था। झारखंड कैडर के 1982 बैच के आईएएस अधिकारी राजीव गौबा, सबसे लंबे समय तक कैबिनेट सचिव रहने वाले अधिकारी बन गए। कैबिनेट सचिव बनने से पहले वे केंद्रीय गृह सचिव थे।
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राजीव गौबा का रहा सबसे लंबा कार्यकाल
गौबा को 2019 में दो साल के लिए कैबिनेट सचिव नियुक्त किया गया था। 2021 में गौबा को पहला सेवा विस्तार मिला। अगस्त 2022 में उन्हें दोबारा से एक साल का सेवा विस्तार प्रदान किया गया। उन्हें तीसरा सेवा विस्तार भी दिया गया। वे अगस्त 2024 तक कैबिनेट सचिव के पद पर काम करते रहे। उनका कार्यकाल पूरा करने के बाद वे देश में सबसे लंबे समय तक कैबिनेट सचिव के पद पर कार्य करने वाले नौकरशाह बन गए। उनसे पहले कैबिनेट सचिव के पद पर सबसे लंबा कार्यकाल बीडी पांडे का था। बीडी पांडे, दो नवंबर 1972 से 31 मार्च, 1977 तक कैबिनेट सचिव रहे थे।
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अजय भल्ला को मिले थे चार सेवा विस्तार
केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला, देश में दूसरे सबसे लंबे कार्यकाल वाले होम सेक्रेटरी बन गए थे। असम-मेघालय कैडर के 1984 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी अजय कुमार भल्ला को 23 अगस्त 2019 में केंद्रीय गृह सचिव के पद पर नियुक्त किया गया था। भल्ला को नवंबर 2020 में सेवानिवृत्त होना था, लेकिन उससे पहले ही अक्टूबर 2020 में उन्हें एक साल का सेवा विस्तार दे दिया गया। उसके बाद उन्हें दूसरा और तीसरा सेवा विस्तार दिया गया। 22 अगस्त 2024 तक उन्हें चौथा सेवा विस्तार प्रदान कर दिया गया। नियमानुसार, इससे ज्यादा सेवा विस्तार नहीं दिया जा सकता था, इसलिए केंद्र सरकार ने वरिष्ठ आईएएस अधिकारी गोविंद मोहन को नया गृह सचिव नियुक्त कर दिया। उनसे पहले एलपी सिंह 18 सितंबर 1964 से एक जनवरी 1971 तक केंद्रीय गृह सचिव रहे थे।
अधिकांश गृह सचिव दो वर्ष तक ही पद पर रहे
अजय भल्ला से पहले राजीव गौबा 31 अगस्त 2017 से 22 अगस्त 2019 तक गृह सचिव रहे थे। राजीव महर्षि 31 अगस्त 2015 से 30 अगस्त 2017 तक इस पद पर रहे। अधिकांश गृह सचिव दो वर्ष तक ही इस पद पर रहे हैं। दो वर्ष से ज्यादा कार्यकाल तक गृह सचिव के पद पर रहने वालों में कमल पांडे '5 मई 1999 से 15 अक्तूबर 2002 तक' का नाम शामिल है। इनके अलावा के.पद्मनाभैया एक जून 1994 से 31 अक्तूबर 1997 तक गृह सचिव के पद रहे थे। टीसीए श्रीनिवासावरदान 31 मार्च 1977 से लेकर 29 फरवरी 1980 तक गृह सचिव रहे थे। गोविंद नारायण एक जनवरी 1971 से 18 मई 1973 तक इस पद रहे।
एलपी सिंह का रहा सबसे लंबा कार्यकाल
एलपी सिंह 18 सितंबर 1964 से एक जनवरी 1971 तक गृह सचिव रहे थे। अभी तक गृह सचिव के पर एलपी सिंह का कार्यकाल ही सर्वाधिक रहा है। वे करीब सात वर्ष तक गृह सचिव के पद पर रहे थे। वी. विश्वानाथन 27 नवंबर 1961 से 18 सितंबर 1964 तक गृह सचिव रहे। बीएन झा 15 जनवरी 1958 से लेकर 26 सितंबर 1961 तक गृह सचिव पर रहे। ए.वी राय ने एक मार्च 1953 से लेकर 14 जनवरी 1958 तक गृह सचिव के पद पर कार्य किया था। एचवीआर अय्यंगर ने पहली अगस्त 1948 से 28 फरवरी 1953 तक गृह सचिव के पद पर कार्य किया था। खास बात है कि देश के पहले गृह सचिव आरएन बनर्जी ने 5 मई 1947 से लेकर दो जुलाई 1948 तक इस पद पर कार्य किया था।