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Godhra Assembly Seat: भाजपा के सीके राउलजी ने दर्ज की लगातार चौथी जीत, जानें यहां का चुनावी गणित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद
Published by: शिवेंद्र तिवारी
Updated Mon, 26 Dec 2022 07:42 PM IST
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सार
Gujarat Election 2022: भाजपा ने गोधरा सीट से मौजूदा विधायक सीके राउलजी को टिकट दिया था। राउलजी ने यहां लगातार चौथी जीत दर्ज की। इनमें से दो बार वह भाजपा तो दो बार कांग्रेस के टिकट पर जीते हैं। इस सीट पर सीके राउलजी अब तक सात बार तीन अलग-अलग दलों से जीत दर्ज कर चुके हैं।
गुजरात चुनाव
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
गुजरात विधानसभा चुनाव के नतीजे आ चुके हैं। इस बार भारतीय जनता पार्टी ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। 182 विधानसभा सीटों वाले गुजरात में भाजपा के 156 प्रत्याशी चुनाव जीत गए। कांग्रेस को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा। कांग्रेस 77 सीटों से सीधे 17 पर आ गई। मतलब कांग्रेस को 60 सीटों का नुकसान उठाना पड़ा। वहीं, इस बार सरकार बनाने का दावा करने वाली आम आदमी पार्टी के केवल पांच प्रत्याशी ही चुनाव जीत पाए। एक सीट पर सपा उम्मीदवार विजयी हुए तो बाकी तीन सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीतीं।
पंचमहल जिले की गोधरा विधानसभा सीट पर भाजपा ने तीन बार के विधायक सीके राउलजी को उतारा था। उनके सामने कांग्रेस की रश्मिताबेन चौहाण थीं। भाजपा के सीके राउलजी ने कांग्रेस की रश्मिताबेन चौहाण को 35,198 वोटों से हरा दिया। भाजपा उम्मीदवार को 96,223 वोट जबकि कांग्रेस उम्मीदवार को 61,025 वोट मिले। भाजपा ने गोधरा सीट से मौजूदा विधायक सीके राउलजी को टिकट दिया था। राउलजी ने यहां लगातार चौथी जीत दर्ज की। इनमें से दो बार वह भाजपा तो दो बार कांग्रेस के टिकट पर जीते हैं। इस सीट पर सीके राउलजी अब तक सात बार तीन अलग-अलग दलों से जीत दर्ज कर चुके हैं।
आप-AIMIM उम्मीदवार की जमानत जब्त
इस चुनाव में तीसरे नंबर पर आप रही, इसके प्रत्याशी राजेशभाई पटेल को 11,200 वोट मिले जो कुल वोट का 6.35 फीसदी रहा। यानी, आप की जमानत यहां जब्त हो गई। इसके अलावा AIMIM उम्मीदवार हसन श्ब्बीर काचबा समेत सात अन्य उम्मीदवारों की भी जमानत जब्त हो गई। वहीं, नोटा को यहां 3548 वोट मिले।
2017 में भाजपा को मिली थी जीत
गोधरा विधानसभा सीट पर 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा को जीत मिली थी। भाजपा के सीके राउलजी ने कांग्रेस के राजेंद्रसिंह परमार को हराया था। इस सीट पर सीके राउलजी अब तक सात बार तीन अलग-अलग दलों से जीत दर्ज कर चुके हैं। 1990 में सीके राउलजी ने पहली बार जनता दल के टिकट पर जीत दर्ज की थी। हालांकि, एक साल बाद ही उन्होंने विधायकी से इस्तीफा दे दिया। इस्तीफे के बाद हुए उपचुनाव में राउलजी भाजपा के टिकट पर जीते। 1995 के चुनाव राउलजी फिर से भाजपा के टिकट पर जीते। 1998 में यहां से जनता दल के राजेंद्रसिंह पटेल जीते तो 2002 के चुनाव में भाजपा के हरेशकुमार भट्ट को जीत मिली।
2007 और 2012 में हुए विधानसभा चुनाव में सीके राउलजी फिर से जीते। दोनों बार उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर जीत दर्ज की। 2017 में एक बार फिर राउलजी भाजपा के टिकट पर जीतने में सफल रहे।
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पंचमहल जिले की गोधरा विधानसभा सीट पर भाजपा ने तीन बार के विधायक सीके राउलजी को उतारा था। उनके सामने कांग्रेस की रश्मिताबेन चौहाण थीं। भाजपा के सीके राउलजी ने कांग्रेस की रश्मिताबेन चौहाण को 35,198 वोटों से हरा दिया। भाजपा उम्मीदवार को 96,223 वोट जबकि कांग्रेस उम्मीदवार को 61,025 वोट मिले। भाजपा ने गोधरा सीट से मौजूदा विधायक सीके राउलजी को टिकट दिया था। राउलजी ने यहां लगातार चौथी जीत दर्ज की। इनमें से दो बार वह भाजपा तो दो बार कांग्रेस के टिकट पर जीते हैं। इस सीट पर सीके राउलजी अब तक सात बार तीन अलग-अलग दलों से जीत दर्ज कर चुके हैं।
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आप-AIMIM उम्मीदवार की जमानत जब्त
इस चुनाव में तीसरे नंबर पर आप रही, इसके प्रत्याशी राजेशभाई पटेल को 11,200 वोट मिले जो कुल वोट का 6.35 फीसदी रहा। यानी, आप की जमानत यहां जब्त हो गई। इसके अलावा AIMIM उम्मीदवार हसन श्ब्बीर काचबा समेत सात अन्य उम्मीदवारों की भी जमानत जब्त हो गई। वहीं, नोटा को यहां 3548 वोट मिले।
2017 में भाजपा को मिली थी जीत
गोधरा विधानसभा सीट पर 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा को जीत मिली थी। भाजपा के सीके राउलजी ने कांग्रेस के राजेंद्रसिंह परमार को हराया था। इस सीट पर सीके राउलजी अब तक सात बार तीन अलग-अलग दलों से जीत दर्ज कर चुके हैं। 1990 में सीके राउलजी ने पहली बार जनता दल के टिकट पर जीत दर्ज की थी। हालांकि, एक साल बाद ही उन्होंने विधायकी से इस्तीफा दे दिया। इस्तीफे के बाद हुए उपचुनाव में राउलजी भाजपा के टिकट पर जीते। 1995 के चुनाव राउलजी फिर से भाजपा के टिकट पर जीते। 1998 में यहां से जनता दल के राजेंद्रसिंह पटेल जीते तो 2002 के चुनाव में भाजपा के हरेशकुमार भट्ट को जीत मिली।
2007 और 2012 में हुए विधानसभा चुनाव में सीके राउलजी फिर से जीते। दोनों बार उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर जीत दर्ज की। 2017 में एक बार फिर राउलजी भाजपा के टिकट पर जीतने में सफल रहे।