सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   India Arab League conference today Updates Foreign ministers of 22 countries will participate News In Hindi

गाजा पुनर्निर्माण से शांति तक: भारत-अरब लीग सम्मेलन आज, 22 देशों के विदेश मंत्री लेंगे हिस्सा; क्यों है अहम?

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शुभम कुमार Updated Sat, 31 Jan 2026 06:32 AM IST
विज्ञापन
सार

एक दशक बाद अरब देशों की लीग की बैठक में आज गाजा पट्टी के पुनर्निर्माण पर अहम चर्चा होगी। अमेरिका-ईरान तनाव, पाकिस्तान की मुस्लिम देशों को एकजुट करने की कोशिश और गाजा में शांति पहल के बीच यह बैठक निर्णायक मानी जा रही है। इसमें अर्थव्यवस्था, ऊर्जा और क्षेत्रीय संघर्षों पर रोडमैप बनेगा। 

India Arab League conference today Updates Foreign ministers of 22 countries will participate News In Hindi
एस जयशंकर के साथ अरब लीग के महासचिव अहमद अबुल घीत - फोटो : एक्स@DrSJaishankar
विज्ञापन

विस्तार
Follow Us

एक दशक के लंबे अंतराल के बाद अरब देशों की लीग (एलएएस) की शनिवार को होने जा रही बैठक में गाजा पट्टी पुननिर्माण पर अहम चर्चा होगी। पाकिस्तान की अरब समेत मुस्लिम देशों को एक मंच पर लाने की मुहिम, ईरान और अमेरिका के बीच जारी टकराव के साथ गाजा में शांति के लिए अमेरिका की बोर्ड ऑफ पीस की पहल के बीच इस बैठक को बेहद अहम माना जा रहा है। मध्य-पूर्व और अरब के 22 देशों के इस संगठन की बैठक के बाद संयुक्त बयान भी जारी किया जाएगा।

Trending Videos


आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक बैठक में मुख्य रूप से लीग में शामिल देशों के बीच बहरीन में 2016 में आयोजित लीग की पहली बैठक में लिए गए निर्णयों की समीक्षा होगी। लीग देशों के बीच अर्थव्यवस्था, ऊर्जा, संस्कृति, शिक्षा और मीडिया के क्षेत्र में समन्वय बढ़ाने वाला रोडमैप तैयार किया जाएगा। इसके इतर गाजा पुननिर्माण के साथ ही यमन, सूडान और लीबिया के क्षेत्रीय संघर्षों पर भी मंथन होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


बता दें कि लीबिया में साल 2011 में मुअम्मर गद्दाफी के राज के पतन के बाद पहली बार यहां की अंतरराष्ट्रीय स्तर की मान्यता प्राप्त सरकार के विदेश मंत्री एल्ताहेर भी बैठक में हिस्सा लेंगे। बीते 15 वर्षों में लीबिया सरकार के किसी मंत्री की यह पहली विदेश यात्रा होगी।
 
ये भी पढ़ें:- India-Arab Tise: जयशंकर ने अरब देश के विदेश मंत्रियों से की मुलाकात, सहयोग- शांति समेत इन मुद्दों पर हुई चर्चा


इसलिए अहम है यह बैठकयह बैठक पाकिस्तान के मुस्लिम देशों को अपनी अगुवाई में एक मंच पर लाने की कोशिशों के बीच हो रही है। पाकिस्तान पूर्वी लीबिया में नियंत्रण रखने वाले खलीफा हफ्तार को जेएफ-17 जेट लड़ाकू विमान बेचने की कोशिश कर रहा है। इसके अलावा लीग में गाजा में शांति प्रयासों पर भी चर्चा होगी, जिसके लिए अमेरिका बोर्ड ऑफ पीस के रूप में पहल कर रहा है। ऐसे समय में लीग ऑफ अरब स्टेट की भारत में मेजबानी के बड़े कूटनीतिक निहितार्थ हैं।

लीग ऑफ अरब स्टेट व्यापार की दृष्टि से भी भारत के लिए बेहद अहम है। लीग के 22 सदस्य देशों के साथ द्विपक्षीय व्यापार 240 अरब डॉलर का है। भारत का व्यापार मार्ग भी स्वेज नहर, लाल सागर और अदन की खाड़ी से जुड़ा है जो इन्हीं देशों से जुड़े हैं।

ये भी पढ़ें:- क्या छुपा रहा तेहरान?: अमेरिकी धमकी के बीच ईरानी परमाणु ठिकानों पर हलचल, उपग्रह तस्वीरों ने कैसे बढ़ाई चिंता!

अधिकारी स्तर की वार्ता
गौरतलब है कि लीग ऑफ अरब स्टेट की विदेश मंत्रियों की बैठक से पहले शुक्रवार को लीग के अधिकारियों की बैठक हुई। बैठक के बाद सदस्य देशों के अधिकारियों ने पीएम मोदी से मुलाकात की। शुक्रवार को ही अरब लीग के महासचिव अहमद अबुल घीत ने विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ बैठक की।

अन्य वीडियो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

Election
एप में पढ़ें

Followed