सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Jhanvi Kukreja murder case killer turned out her friend court sentenced him to life imprisonment

Jhanvi Kukreja Murder Case: जाह्नवी कुकरेजा हत्याकांड में दोस्त ही निकला कातिल, कोर्ट ने सुनाई उम्रकैद की सजा

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: हिमांशु चंदेल Updated Sat, 31 Jan 2026 04:58 PM IST
विज्ञापन
सार

मुंबई की सत्र अदालत ने 2021 के जाह्नवी कुकरेजा हत्याकांड में उसके दोस्त श्री जोगधनकर को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने पाया कि न्यू ईयर पार्टी के बाद हुए विवाद में जाह्नवी की हत्या की गई। सह-आरोपी दिया पाडलकर को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।

Jhanvi Kukreja murder case killer turned out her friend court sentenced him to life imprisonment
कोर्ट। - फोटो : एडोब स्टॉक
विज्ञापन

विस्तार
Follow Us

मुंबई के चर्चित 2021 जाह्नवी कुकरेजा हत्याकांड में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। करीब चार साल बाद आए इस फैसले में अदालत ने पीड़िता के दोस्त श्री जोगधनकर को उम्रकैद की सजा सुनाई, जबकि दूसरी आरोपी दिया पाडलकर को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया। इस मामले ने उस समय शहर को झकझोर दिया था, क्योंकि हत्या में शामिल लोग मृतका के करीबी दोस्त थे।

Trending Videos


जानें पूरा मामला
मुंबई की एक सत्र अदालत ने 19 वर्षीय जाह्नवी कुकरेजा की हत्या के मामले में आरोपी श्री जोगधनकर को भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत दोषी पाया। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सत्यनारायण नवंदर ने कहा कि आरोपी के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं। अदालत ने सह-आरोपी दिया पाडलकर को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- बंगाल में कमल खिलाने के लिए भाजपा की बड़ी तैयारी, इन मुद्दों पर टीएमसी को घेरने की तैयारी

न्यू ईयर पार्टी के बाद हुआ विवाद
पुलिस के अनुसार, एक जनवरी 2021 की रात मुंबई के खार इलाके की एक इमारत की छत पर न्यू ईयर पार्टी चल रही थी। इसी दौरान जाह्नवी, जोगधनकर और पाडलकर के बीच विवाद हुआ। जांच में सामने आया कि झगड़ा जोगधनकर और पाडलकर की कथित नजदीकियों को लेकर शुरू हुआ, जिसने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया।

बेरहमी से हमला, सीढ़ियों से घसीटा
पुलिस ने अदालत को बताया कि दोनों आरोपियों ने कथित तौर पर जाह्नवी पर हमला किया और उसकी हत्या कर दी। इसके बाद उसे पांचवीं मंजिल से सीढ़ियों के रास्ते नीचे घसीटा गया। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी और पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए दोनों दोस्तों को गिरफ्तार किया था।

सुनवाई के दौरान अदालत ने सबूतों और गवाहों के आधार पर जोगधनकर को हत्या का दोषी माना। वहीं, दिया पाडलकर के खिलाफ पर्याप्त प्रमाण नहीं मिलने पर उसे बरी कर दिया गया। अदालत ने कहा कि आपराधिक मामलों में दोष सिद्ध करने के लिए ठोस सबूत जरूरी होते हैं।

अन्य वीडियो-


 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article