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Presidential Elections: सांसदों और विधायकों के लिए ये होंगे राष्ट्रपति चुनाव में शामिल होने के नियम, एक गलती से रद्द हो सकता है वोट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: कीर्तिवर्धन मिश्र
Updated Thu, 09 Jun 2022 11:20 PM IST
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राष्ट्रपति चुनाव।
- फोटो :
Amar Ujala
विस्तार
राष्ट्रपति चुनाव के लिए तारीखों का एलान हो चुका है। चुनाव आयोग (ईसी) ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि 18 जुलाई को राष्ट्रपति चुनाव के लिए वोट डाले जाएंगे। इनमें लोकसभा, राज्यसभा और विधानसभा के सदस्य हिस्सा लेंगे। इसके बाद जरूरत पड़ी तो 21 जुलाई को मतगणना होगी और राष्ट्रपति के नाम की घोषणा की जाएगी। इसी के साथ ईसी ने वोट डालने वाले सांसदों और विधायकों के लिए नियम भी जारी कर दिए। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने साफ किया कि सभी मतदाताओं को इन नियमों का सख्ती से पालन करना होगा।10 पॉइंट्स में जानें क्या होंगे सांसदों-विधायकों के लिए मतदान के नियम?
1. संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत राष्ट्रपति चुनाव कराने की जिम्मेदारी चुनाव आयोग की है। अनुच्छेद 62 के तहत यह चुनाव मौजूदा राष्ट्रपति- रामनाथ कोविंद के कार्यकाल के खत्म होने से पहले कराना अनिवार्य है।
2. चुनाव में वोटिंग सीक्रेट बैलट के जरिए होगी। मतदाता मतपत्र में अपने चुनावों को अंतरराष्ट्रीय अंकों, रोमन अंकों या किसी भी मान्यता प्राप्त भारतीय भाषा के अंक में कर सकते हैं।
3. यह वोटिंग सिर्फ अंकों में होनी चाहिए। मतदाताओं को यह नंबर शब्दों में नहीं लिखने हैं।
4. वोट देने वालों को उम्मीदवारों की संख्या के आधार पर वरीयता के आधार पर पसंद भरनी हैं। मतदाताओं ने अगर अपना प्रथम चुनाव चिह्नित नहीं किया और बाकी चुनावों पर चिह्न लगाए तो यह वोट कैंसल माना जाएगा। यानी पहली पसंद का भरना अनिवार्य है।
5. वोट देने वालों को चुनाव आयोग अपनी तरफ से एक पेन मुहैया कराएगा। यह पेन एआरओ के पास रहेंगे। मतदान केंद्र में यह पेन मतदाताओं को मतपत्र सौंपते समय दिए जाएंगे।
6. अगर मतदाताओं ने वोट चिह्नित करने के लिए किसी और पेन का इस्तेमाल किया तो मतगणना के समय उनका वोट अवैध करार दे दिया जाएगा।
7. चुनाव आयोग ने इस बार चुनाव के रिटर्निंग ऑफिसर्स के लिए राज्यसभा से नियुक्तियां की हैं।
8. इसके अलावा सभी राजधानियों में सहायक रिटर्निंग ऑफिसर्स की नियुक्ति का फैसला किया है, ताकि वहां चुनाव के सारे इंतजाम कराए जा सकें और बैलट बॉक्स को पहले वोटिंग के लिए ले जाया जा सके और बाद में वापस लाया जा सके।
9. राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतदान संसद भवन और राज्यों के विधानसभा भवन परिसर में होगा।
10. चुनाव प्रक्रिया के दौरान प्लास्टिक के सामान का इस्तेमाल प्रतिबंधित होगा। इसके अलावा कोरोना प्रोटोकॉल के तहत मास्क लगाना और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना अनिवार्य होगा।