सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   West Bengal Police arrest instigator Mofakkarul Islam and many others in Malda hostage case NIA BJP TMC

मालदा मामले पर सियासी रार: साजिश के मुख्य आरोपी को बंगाल पुलिस ने किया गिरफ्तार, NIA करेगी जांच

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता Published by: Devesh Tripathi Updated Fri, 03 Apr 2026 11:04 AM IST
विज्ञापन
सार

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में एसआईआर से नाम हटाने को लेकर प्रदर्शनकारियों ने सात न्यायिक अधिकारियों को नौ से ज्यादा घंटों तक बंधक बनाए रखा था। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। सुप्रीम फटकार के बाद एक्शन में आई बंगाल पुलिस ने मामले के मुख्य साजिशकर्ता को गिरफ्तार कर लिया है।

West Bengal Police arrest instigator Mofakkarul Islam and many others in Malda hostage case NIA BJP TMC
मालदा मामले पर बंगाल पुलिस की कार्रवाई - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य साजिशकर्ता मोफक्करुल इस्लाम को गिरफ्तार कर लिया है। राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की टीम शुक्रवार को मालदा जिले का दौरा करेगी। एक दिन पहले ही सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार को कड़ी फटकार लगाई थी।
Trending Videos


इस बीच मालदा घटना पर उत्तर बंगाल के एडीजी के. जयरामन का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा, "हमने अब तक 35 लोगों को गिरफ्तार किया है और 19 मामले दर्ज किए हैं। मुख्य साजिशकर्ता मोफक्करुल इस्लाम को बागडोगरा में हिरासत में लिया गया है। उसे यहां लाया जा रहा है। एनआईए इस मामले की जांच अपने हाथ में लेगी। उसे कालियाचक मामले में गिरफ्तार किया गया है। वह खुद को वकील बताता है।"
विज्ञापन
विज्ञापन


एआईएमआईएम नेता है मुख्य साजिशकर्ता
वकील मोफक्करुल इस्लाम ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) का नेता बताया जा रहा है। मालदा में हुए विरोध प्रदर्शनों का नेतृत्व करने के आरोप में उसे गिरफ्तार किया गया है। मालदा में भीड़ ने सात एसआईआर अधिकारियों का घेराव कर नौ घंटे से ज्यादा समय तक बंधक बनाकर रखा था।

बंगाल में कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ी : भाजपा
भाजपा ने मालदा की घटना को चौंकाने वाला बताया और कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का आरोप लगाया। भाजपा नेता सुकांता मजूमदार ने सवाल किया कि क्या ममता बनर्जी की पार्टी द्वारा की गई उकसावे वाली कार्रवाई के कारण यह स्थिति पैदा हुई? उन्होंने चुनाव आयोग से इस मामले की जांच करने का आग्रह किया, जिसमें यह भी शामिल है कि मतदाता सूची से हटाए गए लोग भारतीय नागरिक थे या नहीं।

न्यायिक अधिकारियों को क्यों बनाया गया बंधक?
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनावों से पहले चुनाव आयोग द्वारा किए जा रहा मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया एक बड़ा मुद्दा बन गई है। एसआईआर प्रक्रिया के बाद अंतिम मतदाता सूची में 63 लाख से अधिक नाम हटाए गए, जबकि 60 लाख अन्य मतदाताओं को विचाराधीन रखा गया।

न्यायिक अधिकारियों को इन मामलों की समीक्षा करने का कार्य सौंपा गया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार ये न्यायिक अधिकारी इन मामलों की जांच कर मतदाताओं को मतदाता सूची में बरकरार रखने या हटाने का फैसला कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने बुधवार को अधिकारियों के साथ बैठक का अनुरोध किया, जिसे अस्वीकार करने पर उन्होंने बीडीओ कार्यालय का घेराव कर तीन महिलाओं समेत सात अधिकारियों को बंधक बना लिया।

संबंधित वीडियो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed