J&K: हैरान कर देगा यह रिकॉर्ड! एक स्कूटी पर निकले 140 से ज्यादा चालान, निलंबित आरसी के बावजूद दौड़ रहा था वाहन
जम्मू में जांच के दौरान एक स्कूटी पर 140 से अधिक लंबित चालान पाए गए, जिनमें बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग और रेड लाइट जंप जैसे कई यातायात उल्लंघन शामिल थे।
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आमतौर पर वाहनों के गिने-चुने लंबित चालान मिलते हैं लेकिन जांच के दौरान स्कूटी का रिकॉर्ड देखकर ट्रैफिक पुलिस के होश उड़ गए। वीरवार दोपहर को सीईओ कार्यालय के पास लगाए गए नाके पर पुलिस ने जांच के लिए स्कूटी को रोका जिसके बाद नियमों के उल्लंघन की लंबी फेहरिस्त सामने आ गई। जब स्कूटी (जेके 02सीटी- 0428) के दस्तावेज और ऑनलाइन रिकॉर्ड की जांच की तो एक के बाद दर्जनों उल्लंघन सामने आते गए।
बिना हेलमेट वाहन चलाने, ट्रिपल राइडिंग और रेड लाइट जंप करने सहित यातायात नियमों की धज्जियां उड़ाने के 140 से अधिक चालान लंबित मिले। सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि स्कूटी की आरसी (रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट) पहले ही निलंबित की जा चुकी थी। इसके बावजूद वाहन बेखौफ सड़कों पर दौड़ रहा था। पुलिस अधिकारियों ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि इतनी बड़ी संख्या में पेंडिंग चालान से साफ है कि वाहन चालक द्वारा लगातार और जानबूझकर नियमों की अनदेखी की जा रही थी। सड़क सुरक्षा के लिए बेहद गंभीर और लापरवाही का मामला है। नियमों के उल्लंघन को देखते हुए पुलिस ने स्कूटी को मौके पर ही जब्त कर लिया।
मालिक का तर्क : नंबर अपडेट न होने से नहीं मिली जानकारी
स्कूटी मालिक जम्मू के नवनीत गुप्ता हैं। जब उनसे इस संबंध में पूछताछ की तो उन्होंने दावा किया कि उन्हें स्कूटी के इतने चालान लंबित होने या आरसी निलंबित होने की जानकारी नहीं थी। इसके पीछे तर्क देते हुए कहा कि आरसी के साथ जो मोबाइल नंबर पंजीकृत था, वह दूसरा था। इसी वजह से उन्हें चालान से संबंधित कोई मैसेज या सूचना नहीं मिल सकी।
वाहन चालकों के लिए नसीहत
कार्रवाई को अंजाम देने के बाद ट्रैफिक पुलिस ने मौके पर मौजूद अन्य वाहन चालकों को जागरूक किया। चालकों को सलाह दी है कि वे समय-समय पर आधिकारिक पोर्टल पर जाकर वाहनों का ऑनलाइन रिकॉर्ड चेक करते रहें। इसके साथ ही हिदायत दी कि यदि आरसी के साथ मोबाइल नंबर अपडेट नहीं है तो उसे तुरंत आरटीओ या एआरटीओ कार्यालय जाकर अपडेट करवाएं ताकि वाहनों से जुड़ी हर जरूरी जानकारी समय पर मिलती रहे।
बस का रूट परमिट फर्जी निकला दूसरा दिखा नहीं पाया, हिरासत में
ट्रैफिक पुलिस (ग्रामीण) ने सलानी पुल पर विशेष जांच अभियान चलाया। वाहन चालकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के बाद दो चालकों को हिरासत में लिया और एफआईआर दर्ज की। एक बस का रूट परमिट फर्जी निकला और दूसरा परमिट दिखा नहीं पाया। पुंछ से जम्मू जा रही बस को डीटीआई की तरफ से रोका गया। यह बस केवल कृष्ण निवासी डिग्याना आश्रम (जम्मू) की है और सूक्षम शर्मा चला रहा था। जांच के दौरान चालक ने पुंछ-जम्मू मार्ग का फोटोकॉपी परमिट प्रस्तुत किया। संदेह होने पर क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) से पुष्टि कराई गई। जांच में पता चला कि रूट परमिट फर्जी था। मूल परमिट केवल जम्मू-बनिहाल मार्ग के लिए था।
इसके बाद वाहन को जब्त कर चालक को हिरासत में लिया गया। दूसरी बस को भी सलानी पुल पर जांच के दौरान रोका गया। यह वाहन जगजीत सिंह निवासी अखनूर जम्मू का है और इसे रमीज अहमद निवासी सुरनकोट चला रहा था। चालक वैध रूट परमिट प्रस्तुत करने में असफल रहा। सत्यापन में पुष्टि हुई कि वाहन पुंछ-जम्मू मार्ग पर अवैध रूप से संचालित किया जा रहा था। इसके चलते वाहन को जब्त कर चालक को हिरासत में लिया गया। इस संबंध में एसएसपी ट्रैफिक (ग्रामीण) जम्मू फारूक कैसर ने कहा कि मामले को संबंधित सक्षम प्राधिकरणों के समक्ष उठाया जाएगा ताकि संबंधित वाहनों के रूट परमिट और चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस रद्द करने की कार्रवाई की जा सके। उन्होंने कहा कि मोटर वाहन अधिनियम और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ सख्त अभियान आगे भी जारी रहेगा तथा वाहन मालिकों और चालकों से सभी कानूनी और नियामक प्रावधानों का पूर्ण पालन करने की अपील की।