NEET Paper Leak: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग तेज, रांची में यूथ कांग्रेस का प्रदर्शन; जमकर हुई नोकझोंक
नीट पेपर लीक मामले को लेकर रांची में यूथ कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने लोकभवन के बाहर नारेबाजी की और परीक्षा प्रणाली में लगातार हो रही अनियमितताओं पर सवाल उठाए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नीट पेपर लीक मामले को लेकर विरोध-प्रदर्शनों का सिलसिला जारी है। मंगलवार को प्रदेश यूथ कांग्रेस ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर राजधानी रांची में जोरदार प्रदर्शन किया।
प्रदेश यूथ कांग्रेस अध्यक्ष गौरव सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और कार्यकर्ता लोकभवन के समक्ष एकत्र हुए और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई
प्रदर्शन के दौरान यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता पार्टी के झंडे और बैनर लेकर लोकभवन की ओर बढ़े। इस दौरान उन्होंने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को पार करने का प्रयास किया, जिससे मौके पर कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। हालांकि, पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया।
'अनियमितताओं से युवाओं का भविष्य प्रभावित'
यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पिछले कई वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने की घटनाओं ने परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि लगातार हो रही अनियमितताओं से युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है और छात्रों का भरोसा परीक्षा व्यवस्था से उठता जा रहा है। उन्होंने केंद्र सरकार पर युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया।
ये भी पढ़ें- NEET Row: 'पूरी एक पीढ़ी के साथ विश्वासघात', नीट पेपर लीक को लेकर शशि थरूर ने सरकार पर साधा निशाना
करीब एक घंटे तक चले इस प्रदर्शन के कारण आसपास के क्षेत्र में यातायात प्रभावित रहा। बाद में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के समझाने पर प्रदर्शनकारी शांत हुए और वापस लौट गए। इस दौरान यूथ कांग्रेस की ओर से अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन लोकभवन के प्रतिनिधियों को सौंपा गया।