Jharkhand News: 'JPSC-JSSC परीक्षाएं रद्द करो, CBI जांच कराओ', आंदोलनरत छात्रों के बीच पहुंचे बाबूलाल मरांडी
रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ 11 दिनों से धरना दे रहे छात्रों से नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मुलाकात की। उन्होंने छात्रों की मांगों को न्यायसंगत बताते हुए कहा कि भाजपा सड़क से लेकर सदन तक उनके साथ खड़ी रहेगी।
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झारखंड की राजधानी रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में जेपीएससी (JPSC) और जेएसएससी (JSSC) परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में पिछले 11 दिनों से धरना दे रहे छात्रों से बुधवार को नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मुलाकात की। भाजपा प्रतिनिधिमंडल के साथ पहुंचे मरांडी ने छात्रों की मांगों को सुना और भरोसा दिलाया कि इस मुद्दे को विधानसभा से लेकर सड़क तक मजबूती से उठाया जाएगा।
आंदोलनरत छात्रों से करीब 15 मिनट की बातचीत
बुधवार को बाबूलाल मरांडी भाजपा के प्रतिनिधिमंडल के साथ जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे, जहां उन्होंने आंदोलनरत छात्रों से करीब 15 मिनट तक बातचीत की। इस दौरान उन्होंने छात्रों की मांगों और आंदोलन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली तथा आश्वासन दिया कि उनके मुद्दों को विधानसभा में प्रमुखता से उठाया जाएगा।
'JPSC और JSSC की विवादित परीक्षाएं रद्द हों'
पत्रकारों से बातचीत में बाबूलाल मरांडी ने कहा कि छात्रों की मुख्य मांग JPSC और JSSC की विवादित परीक्षाओं को रद्द कर पूरे मामले की सीबीआई से जांच कराना है। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांग पूरी तरह न्यायसंगत है और भाजपा इस मुद्दे पर सड़क से लेकर सदन तक छात्रों के साथ खड़ी रहेगी।
'नौकरियों की खरीद-फरोख्त का संगठित खेल हुआ'
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि झारखंड में केवल पेपर लीक ही नहीं हुआ, बल्कि JPSC और JSSC के माध्यम से नौकरियों की खरीद-फरोख्त का संगठित खेल भी चला है। उन्होंने कहा कि 14वीं JPSC परीक्षा के अलावा JSSC CGL, उत्पाद सिपाही भर्ती समेत कई प्रतियोगी परीक्षाओं में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। मरांडी ने दावा किया कि कुछ अभ्यर्थियों को पहले से प्रश्न और उनके उत्तर याद कराए गए थे तथा परीक्षा में वही प्रश्न पूछे गए।
'कट-ऑफ समय पर जारी नहीं किया गया'
बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि JPSC ने समय पर कट-ऑफ अंक जारी नहीं किए और परीक्षा परिणाम चरणबद्ध तरीके से प्रकाशित किए। उन्होंने कहा कि बाद में जब कट-ऑफ जारी किया गया तो कई ऐसे अभ्यर्थियों के अंक अधिक पाए गए, जिनका चयन ही नहीं हुआ था। उनके अनुसार, पिछले छह वर्षों में आयोजित JPSC की सभी परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
'JPSC और JSSC के अधिकारियों को हटाया जाए'
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यदि झारखंड को भ्रष्टाचार से बचाना है तो JPSC और JSSC के अध्यक्ष, सचिव तथा परीक्षा नियंत्रक को तत्काल हटाया जाना चाहिए। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की सीबीआई जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए।
'सरकार छात्रों के प्रति संवेदनशील नहीं'
बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार पर छात्रों के प्रति संवेदनहीन होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि लगातार बारिश और कठिन परिस्थितियों के बावजूद छात्र अपने अधिकारों की मांग को लेकर पिछले 11 दिनों से आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार ने उनकी समस्याओं के समाधान के लिए अपेक्षित पहल नहीं की। उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य और झारखंड की प्रशासनिक व्यवस्था की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है।