MP News: टीना डाबी की IAS मेंटर शुभ्रा रंजन को बंधक बनाकर दो करोड़ ठगे, जानिए किसने लगाई इतनी बड़ी चपत
संघ लेाक सेवा आयोग (यूपीएससी) की तैयारी कराने वाली चर्चित मेंटर शुभ्रा रंजन के साथ भोपाल में सनसनीखेज वारदात सामने आई है। उनके ही पूर्व छात्र और बिजनेस पार्टनर प्रियंक शर्मा ने उन्हें बंधक बनाकर करीब दो करोड़ रुपये ऐंठ लिए। मामले में भोपाल क्राइम ब्रांच ने प्रकरण दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही है। शनिवार को उसे गिरफ्तार किया गया है। मुख्य आरोपी की निशानदेही पर पांच आरोपी और गिरफ्तार किए गए हैं। अब तक कुल छह आरोपी पकड़े जा चुके हैं। एक आरोपी फरार हैं और एक संदेही युवक भी फरार है। पुलिस उक्त दोनों की तलाश शुरू कर दी है। अभी तक इस मामले में कुल आठ व्यक्तियों की मिलीभगत सामने आ रही है। आरोपी बागसेवनिया के जिस फ्लैट में शुभ्रा रंजन को कई घंटे तक बंधक बनाए रखा, उसमें सुंदरकांड का पाठ कराना शुरू कर दिया था, ताकि किसी प्रकार का शोर बाहर न जा सके। मुख्य आरोपी प्रियंक शर्मा ने अपनी दो संस्थाओं के बैंक खातों में 1 करोड़ 89 लाख रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर कराए थे।
निवेश के बहाने बुलाया, फिर बनाया बंधक
जानकारी के मुताबिक, शुभ्रा रंजन दिल्ली के कोल नगर स्थित अपनी संस्था शुभ्रा रंजन आईएएस स्टडी संचालित करती हैं। आरोपी प्रियंक शर्मा पहले उनका छात्र रह चुका है, लेकिन यूपीएससी में चयन नहीं हो पाया। बाद में उसने भोपाल के एमपी नगर (जोन-2) में उनकी कोचिंग की फ्रेंचाइजी शुरू की थी। शुरुआती समय में दोनों ने मिलकर सेंटर चलाया, लेकिन पिछले एक साल से कोचिंग सेंटर घाटे में था। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने शुभ्रा रंजन को नए बिजनेस प्लान के नाम पर भोपाल बुलाया। गुरुवार को मुलाकात के दौरान उसने निवेश के लिए दबाव बनाया। मना करने पर आरोपी ने उन्हें बंधक बना लिया और जान से मारने की धमकी देकर उनके बैंक खाते से 2 करोड़ रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए। पीड़िता के चंगुल से छूटने के बाद उन्होंने तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शुक्रवार को भोपाल क्रइम ब्रांच जब आरोपी की तलाश में उसके घर पहुंची, तो पता चला कि वह एम्स भोपाल में भर्ती है। पुलिस टीम अस्पताल पहुंची, जहां आरोपी ने सीने में दर्द की शिकायत बताई, लेकिन जांच में वह स्वस्थ पाया गया। इसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया। प्रियंक शर्मा भेल के रिटायर्ड अधिकारी का बेटा है। वह भोपाल में ही परिवार के साथ रहता है।
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(सफेद शर्ट में मुख्य आरोपी प्रियंक शर्मा, उसके साथ दूसरा आरोपी रोहित)
यह आरेापी हो चुके हैं गिरफ्तार
मुख्य आरोपी प्रियंक शर्मा पिता विष्णु शर्मा भवानी धाम फेस-1, अयोध्या बायपास, दीपक भगत पिता परशुराम भगत निवासी बागसेवनिया, रोहित पिता जगन्नाथ मालवीय (24) निवासी शाजापुर, विकास उर्फ विक्की दाहिया पिता रामअवतार निवासी खालका पुरा दतिया, कुनाल यादव पिता कप्तान (20), पंकज अहिरवार पिता कालीचरण अहिरवार को गिरफ्तार किया गया है। इस मामले में रामजी उर्फ निहाल प्रजापति फरार है। संदेही रामू उर्फ रामेश्वर उर्फ शिव की भी पुलिस तलाश कर रही है। अपराध में उसकी भूमिका की जांच पुलिस कर रही है।
फिरौती वसूलने दतिया से बुलाए बदमाश
पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने बताया कि प्रियंक ने फिरौती की राशि वसूलने के लिए दतिया, शाजापुर से अपने परिचितों को बुलाया था। बागसेवनिया स्थित एक फ्लैट में शुभ्रा को बंधक बनाया गया। उनकी कनपटी पर पिस्टल लगाकर अलग-अलग बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर कराए गए।
(आरोपी दीपक भगत)
शोर दबाने के लिए कराया सुंदरकांड
पुलिस कमिश्नर ने बताया कि जिस फ्लैट में महिला डायरेक्टर को बंधक बनाया गया था, वहां वारदात वाले दिन सुंदरकांड का पाठ कराया गया। मकसद था कि पीड़िता शोर मचाए तो आवाज बाहर तक न पहुंचे। फ्लैट के एक कमरे में उन्हें 4 घंटे से अधिक समय तक बंधक बनाकर रखा गया। पुलिस ने सभी खातों में रकम होल्ड करा दी है। आरोपी उस रकम को नहीं निकाल सकते हैं।
राजनीति विज्ञान की विशेषज्ञ हैं शुभ्रा रंजन
शुभ्रा रंजन राजनीति विज्ञान की विशेषज्ञ मानी जाती हैं और उनके मार्गदर्शन में कई अभ्यर्थियों ने यूपीएससी में सफलता हासिल की है। उनके छात्रों में टीना डाबी, रिया डाबी, इशिता किशोर और सृष्टि दुबे जैसे नाम शामिल हैं।

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