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Dewas News: महिला नकली एसडीएम बनकर धमकाती थी, फिर उसका गुर्गा करता था वसूली, दोनों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देवास
Published by: देवास ब्यूरो
Updated Thu, 06 Mar 2025 07:39 AM IST
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सार
कांटाफोड़ पुलिस ने खुद को एसडीएम बताकर अवैध वसूली करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। महिला एसडीएम बनकर धमकाती थी, जबकि उसका साथी पैसे वसूलता था। उन्होंने नयापुरा के दुकानदार से 5,000 रुपये जबरन लिए। पुलिस ने शिकायत पर कार्रवाई करते हुए दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
एसडीएम बनकर वसूली कर रहे महिला पुरुष को पुलिस ने किया गिरफ्तार
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विस्तार
देवास जिले के कांटाफोड़ पुलिस ने खुद को एसडीएम बताकर अवैध वसूली करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक महिला और एक पुरुष शामिल हैं। महिला खुद को एसडीएम बताकर लोगों को धमकाती थी, जबकि पुरुष उसके साथ मिलकर वसूली करता था।
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जानकारी के अनुसार नयापुरा घाटी निवासी शैतान सिंह पिता गोपाल इवने ने कांटाफोड़ थाना पुलिस को शिकायत दर्ज कराई कि 14 फरवरी की शाम करीब 5 बजे, जब वह अपनी दुकान पर था, तब एक महिला और धीरज राठौर नामक व्यक्ति कार से वहां पहुंचे। धीरज राठौर ने खुद को एसडीएम का सहयोगी बताते हुए दुकान पर जांच का नाटक किया और आरोप लगाया कि वह गाय का मांस बेचता है। शैतान सिंह ने बताया कि वह केवल मुर्गे का मांस बेचता है और उसका लाइसेंस भी मौजूद है। लाइसेंस दिखाने के बावजूद आरोपियों ने धमकाना शुरू कर दिया और कहा कि उसे गाय का मांस बेचने के झूठे आरोप में फंसा देंगे। इसके बदले में 10,000 रुपये की मांग की गई।
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शिकायतकर्ता ने कहा कि उसके पास इतने पैसे नहीं हैं और उसका बेटा अर्जुन बाहर गया हुआ है, जिसके लौटने पर बात होगी। आरोपियों ने उसके बेटे का नंबर लेकर उससे भी फोन पर पैसे मांगे। इसके बाद धीरज राठौर ने शैतान सिंह की जेब से 5,000 रुपये जबरन निकाल लिए और धमकी दी कि यदि पुलिस में रिपोर्ट की तो उसे झूठे केस में फंसा दिया जाएगा।
शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। थाना प्रभारी कांटाफोड़ सुरेखा निम्बोदा के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने 4 मार्च को आरोपी महिला और धीरज पिता जगदीश राठौर को गिरफ्तार कर लिया। उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में पुलिस ने धारा 119(1), 351(3) BNS एवं 3(2)(va) SC/ST एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अन्य संभावित मामलों की भी जांच कर रही है और इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है।

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