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Indore: जोखिम भरे पिकनिक स्पॉट पर जाने पर रोक
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इंदौर के आसपास के जोखिम भरे और एकान्त पिकनिक स्थलों पर जाने के लिए प्रशासन ने रोक लगा दी है। यह आदेश मंगलवार को जारी किए गए। आदेश के उल्लंघन पर एफआईआर के निर्देश भी दिए गए है।
जन सामान्य के जीवन की सुरक्षा को देखते हुये और हादसों की रोकथाम के लिए इंदौर जिले के जोखिम भरे और एकान्त क्षेत्रों में प्रवेश को प्रतिबंधित किया गया है। इस संबंध में कलेक्टरर आशीष सिंह ने प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए है।
जारी आदेशानुसार महू तहसील क्षेत्रों में स्थित तिंछा फॉल, चोरल फॉल, चोरल डेम, सीतलामाता फॉल, कजलीगढ, मेहन्दी कुण्ड, जामन्या कुण्ड आदि पर्यटन स्थलों पर जोखिम भरे क्षेत्रों व एकान्त क्षेत्रों में लोगों के प्रवेश को तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित किया गया है।
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क्षेत्र के अफसरों को मौके पर बोर्ड भी लगाने को कहा गया है।यह भी निर्देश दिये गए है कि जहाँ आवश्यक हो, वहाँ सीमाएँ भी निर्धारित की जाए।
पिछले साल हुई थी 20 से ज्यादा मौतें
इंदौर के आसपास के झरने, नदियों में डूबने से पिछले साल 20 से ज्यादा मौतें हो चुकी है। कई जगह सूचना बोर्ड भी लगे है, फिर भी लोग नहीं मानते है। देवास क्षेत्र के भैरव कुंड में भी चार युवकों की मौत सालभर में हो चुकी है।
जन सामान्य के जीवन की सुरक्षा को देखते हुये और हादसों की रोकथाम के लिए इंदौर जिले के जोखिम भरे और एकान्त क्षेत्रों में प्रवेश को प्रतिबंधित किया गया है। इस संबंध में कलेक्टरर आशीष सिंह ने प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए है।
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जारी आदेशानुसार महू तहसील क्षेत्रों में स्थित तिंछा फॉल, चोरल फॉल, चोरल डेम, सीतलामाता फॉल, कजलीगढ, मेहन्दी कुण्ड, जामन्या कुण्ड आदि पर्यटन स्थलों पर जोखिम भरे क्षेत्रों व एकान्त क्षेत्रों में लोगों के प्रवेश को तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित किया गया है।
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पिछले साल हुई थी 20 से ज्यादा मौतें
इंदौर के आसपास के झरने, नदियों में डूबने से पिछले साल 20 से ज्यादा मौतें हो चुकी है। कई जगह सूचना बोर्ड भी लगे है, फिर भी लोग नहीं मानते है। देवास क्षेत्र के भैरव कुंड में भी चार युवकों की मौत सालभर में हो चुकी है।

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