सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Indore News ›   Indore: The matter of declaring Yashwant Rao Holkar as Maharaja is in controversy, objection raised

Indore: यशवंत राव होलकर को महाराज घोषित करने का मामला विवादों में, लगाई आपत्ति

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: Abhishek Chendke Updated Wed, 01 Apr 2026 02:20 PM IST
विज्ञापन
सार

रिचर्ड होलकर के बेटे यशवंतराव होलकर को इंदौर का महराजा घोषित करने का मामला कोर्ट में है। नियमों का हवाला देकर राजपरिवार के एक सदस्य ने आपत्ति ली है। उनका कहना है कि 1971 में 26वें संविधान संशोधन के बाद शाही उपाधियां समाप्त कर दी गईं। 

Indore: The matter of declaring Yashwant Rao Holkar as Maharaja is in controversy, objection raised
यशवंत राव होलकर का राजतिलक विवादों में - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार

होलकर राजपरिवार में रिचर्ड होलकर के बेटे यशवंतराव होलकर का राजतिलक कर उन्हें इंदौर का महाराज घोषित करने का मामला विवादों में पड़ गया है। इसे लेकर महेश्वर में व्यवहारवाद लगाया गया है और प्रक्रिया को गलत ठहराया गया है। इसके लिए जाहिर सूचना भी प्रकाशित की गई है।

Trending Videos


अशुंमतराव होलकर ने वकील अभिजित दुबे के जरिए इस राजतिलक पर आपत्ति महेश्वर में लगाई है। उनका कहना है कि वर्ष 1962 में भारत सरकार द्वारा उषादेवी होलकर को महारानी के रूप में मान्यता दी गई थी। 1971 में 26वें संविधान संशोधन के बाद शाही उपाधियां समाप्त कर दी गईं। भारतीय स्वतंत्रता के बाद सभी रियासतों का विलय भारत सरकार में हो चुका है और अब ऐसे राजवंशों की स्थिति केवल औपचारिक मानी जाती है। फिर इस तरह की घोषणा का कोई औचित्य नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन

ये भी पढ़ें: यशवंत राव होल्कर बहादुर बने होल्कर राजपरिवार के उत्तराधिकारी, देखें समारोह की खास तस्वीरें

उन्होंने जाहिर सूचना में यह भी कहा कि होलकर राज को लेकर इंदौर सीविल प्रक्रिया संहिता में कहीं भी रिचर्ड होलकर या उनकी माता के नाम का उल्लेख नहीं है।इस मामले में हाल ही में इंदौर के महाराजा घोषित किए गए यशवंतराव होलकर की प्रतिक्रिया जानने की कोशिश की, लेकिन उनकी तरफ से कोई जवाब नहीं आया।


आपको बता दें कि होलकर राजपरिवार के उत्तराधिकारी को लेकर महारानी उषा राजे ने यशवंत राव होलकर को होलकर राजपरिवार का उत्तराधिकारी और उनकी बहन सबरिना राजे को राजकुमारी की उपाधि दी है। रामनवमीं के दिन एक कार्यक्रम घोषित कर दोनों का राजतिलक किया गया। जिसमें होलकर राजवंश से जुड़े सदस्यों को बुलाया गया था। वे पारंपरिक परिधानों में राजवाड़ा के मल्हार मंदिर में  आए और उन्होंने यशवंत राव व सबरिना का राजतिलक किया। उन्हें पान सुपारी देकर होलकरी पताका भेंट की गई थीं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed