{"_id":"68f0eef68c9ef173330460c7","slug":"head-constable-arrested-for-taking-bribe-jabalpur-news-c-1-1-noi1229-3526428-2025-10-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jabalpur News: प्रधान आरक्षक को 75 हजार रुपये रिश्वत लेते किया गिरफ्तार, पहली किश्त के 25 हजार पहले ले चुका था","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jabalpur News: प्रधान आरक्षक को 75 हजार रुपये रिश्वत लेते किया गिरफ्तार, पहली किश्त के 25 हजार पहले ले चुका था
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
Published by: जबलपुर ब्यूरो
Updated Thu, 16 Oct 2025 07:17 PM IST
विज्ञापन
सार
सिवनी जिले के केवलारी थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक मनीष पटवा को लोकायुक्त ने 75 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा। वह धोखाधड़ी मामले में एफआईआर दर्ज करने पांच लाख रुपये मांग रहा था। सत्यापन के बाद लोकायुक्त जबलपुर टीम ने कार्रवाई कर आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया।
प्रधान आरक्षक रिश्वत लेते गिरफ्तार
- फोटो : credit
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
लोकायुक्त ने सिवनी जिले के केवलरी थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक को 75 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया। प्रधान आरक्षक ने धोखाधड़ी के अपराध में एफआईआर दर्ज करने रिश्वत मांगी थी। लोकायुक्त ने आरोपी प्रधान आरक्षक के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज करते हुए आवश्यक कार्रवाई की।
Trending Videos
पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त जबलपुर अंजूलता पटले के अनुसार नगर परिषद केवलारी ने सीसी रोड तथा नाली निर्माण को ठेका नितिन पाटकर को दिया था। सिविल ठेकेदार नितिन पाटकर ने सिवनी की राय कंस्ट्रक्शन कंपनी को उक्त कार्य सौंपा था। राय कंस्ट्रक्शन के संचालक राहुल राय ने घटित स्तर का कार्य करते हुए सिविल ठेकेदार नितिन के साथ धोखाधड़ी की थी। इस संबंध में उसने केवलारी थाने में शिकायत की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- ‘बेहोशी’ का हाईवोल्टेज ड्रामा, कोर्ट ने पूछा तो डॉक्टरों ने कहा– ठीक है तबीयत; दो नेता पहुंचे जेल
केवलारी थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक मनीष कुमार पटवा प्रकरण में एफआईआर दर्ज करने के एवज में ठेकेदार से रिश्वत के रूप में पांच लाख रुपये मांगे थे। प्रधान आरक्षक ने ठेकेदार से रिश्वत के रूप में 25 हजार रुपये लिए थे। इसकी शिकायत पीड़ित ठेकेदार द्वारा लोकायुक्त कार्यालय जबलपुर में की गई थी। सत्यापन करवाने पर शिकायत सही पाई गई थी।
ठेकेदार रिश्वत की दूसरी किस्त 75 हजार रुपये लेकर प्रधान आरक्षक को देने थाने के बाहर पहुंचा। प्रधान आरक्षक ने जैसे ही पीड़ित ठेकेदार से रिश्वत की रकम लेकर रखी तभी लोकायुक्त की टीम ने दबिश देते हुए उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। लोकायुक्त की टीम ने रिश्वत की रकम जब्त करते हुए आरोपी प्रधान आरक्षक के खिलाफ विधिवत कार्रवाई की। लोकायुक्त की टीम में निरीक्षक उमा कुशवाहा, निरीक्षक राहुल गजभिए, निरीक्षक जितेन्द्र यादव, निरीक्षक बृजकिशोर नरवरिया आदि शामिल थे।

कमेंट
कमेंट X