दिल्ली एनसीआर में गुरुवार को पहाड़ों की बर्फबारी जैसा नजारा देखने को मिला। सड़क से लेकर खेत और पार्क हर जगह सफेद चादर से लिपटी हुई थी। शिमला की तरह ही बर्फ चारों तरफ फैली थी। दरअसल, दिल्ली से सटे सोनीपत जिले के गोहाना में गुरुवार को जमकर ओलावृष्टि हुई।ओलावृष्टि के चलते खेतों में सफेद चादर बिछ गई। ओलावृष्टि व बारिश से फसलों में नुकसान हुआ है। खासकर सब्जी व सरसों की फसल बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।
Pics: ये शिमला नहीं दिल्ली एनसीआर है, सड़क-घर और खेत हर जगह फैली बर्फ जैसी चादर
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ओलावृष्टि से सड़कों पर डेढ़ से दो इंच बर्फ की चादर बिछ गई। ओलावृष्टि से जिले की सड़कों पर पहाड़ों की बर्फबारी जैसा नजारा देखने को मिला। ओलावृष्टि रुकने के बाद लोगों को राहत मिली। इससे तापमान में गिरावट भी दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार शुक्रवार के बाद मौसम साफ हो जाएगा और तापमान में हल्की बढ़ोतरी होनी शुरू हो जाएगी।
गुरुवार दोपहर को आसमान में बादल छा गए। उसके बाद बूंदाबांदी के साथ करीब 10 से 15 मिनट तक लगातार ओलावृष्टि होती रही। ओलावृष्टि से सरसों व सब्जी की फसल के नुकसान की आशंका है। लोगों का कहना है कि उन्होंने अपने जीवन में कभी इतना ओला पड़ता नहीं देखा है। वहीं सोनीपत शहर और आसपास सुबह हल्की बूंदाबांदी हुई। गुरुवार को जिले का अधिकतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस तो न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
दिन भर करीब 8 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से सर्द हवाएं चलीं। मौसम विशेषज्ञों ने देर रात तक बूंदाबांदी जारी रहने की संभावना व्यक्त की है। सोनीपत के दर्जन भर गांवों ओलावृष्टि हुई है। इनमें बिधल, पिनाना, मोहाना, जाजी, भटगांव, लुहारी टिब्बा के साथ ही भैंसवाल, जसराणा, आवंली, सरगथल, लाठजौली, पुगथला, बजाना, तेवड़ी व दूभेटा गांव शामिल हैं। कुछ गांवों में हल्की ओलावृष्टि हुई है। वही बर्फ की सफेद चादर देख बच्चे बेहद खुश नजर आएं तो वहीं युवा इस पल को अपने मोबाइल में कैद करते दिखे।
कहां कितनी हुई बारिश
सोनीपत 02 एमएम
गोहाना 03 एमएम
गन्नौर 03 एमएम
खरखौदा 01 एमएम
जिले में गुरुवार को बूंदाबांदी के साथ ही कई स्थानों पर ओलावृष्टि हुई है। ओलावृष्टि से हुए नुकसान का आंकलन किया जाएगा। इसके लिए किसान अपने नुकसान के बारे में अवगत करा सकते हैं। - डॉ.अनिल सहरावत, उपनिदेशक, कृषि विभाग