विश्व कप का 12वां संस्करण इंग्लैंड की मेजबानी में खेला जा रहा है। वर्ल्ड कप का इतिहास खंगाले तो इसका हर एक संस्करण किसी न किसी बड़ी घटना के लिए आज भी फैंस के दिल-दिमाग में बैठा हुआ है। आइए इसी कड़ी में जानते हैं क्रिकेट वर्ल्ड कप के इतिहास की 9 सबसे बड़ी घटनाओं के बारे में....
इन 9 घटनाओं के लिए हमेशा याद रखा जाएगा वर्ल्ड कप, हर टीम से जुड़े कई हसीन और दर्दनाक किस्से
1. सबसे तेज शतक
विश्व कप में सबसे तेज़ शतक बनाने का रिकॉर्ड आयरलैंड के केविन ओब्रायन के नाम दर्ज है। उन्होंने 2011 के विश्व कप में 50 गेंदों पर छह छक्कों और 13 चौकों की मदद से शतक जमाया। इससे पहले यह रिकार्ड ऑस्ट्रेलिया के मैथ्यू हेडन के नाम था।
रंगभेद की नीतियों के कारण लगे प्रतिबंध के बाद पहली बार 1992 के विश्व कप में खेल रही दक्षिण अफ्रीका ने ऑस्ट्रेलिया, वेस्ट इंडीज, पाकिस्तान और भारत को हरा कर सेमी फाइनल में जगह बनाई। सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ वर्षा से प्रभावित मैच में उसके खिलाड़ियों का उत्साह ठंडा पड़ गया था। बारिश की वजह ओवर घटा दिए गए। बारिश के कारण जब खेल रोका गया तब दक्षिण अफ्रीका को जीत के लिए 13 गेंदों पर 22 रन बनाने थे। बारिश के बाद जब खेल शुरू हुआ तो दक्षिण अफ्रीका को डकवर्थ लुईस नियम के तहत जीत के लिए 1 गेंद पर 22 रन का नामुमकिन लक्ष्य दिया गया।
3. कैरिबियन सागर में गिरे
साल 2005 के एशेज के हीरो एंड्रयू फ्लिंटॉफ 2007 के विश्व कप के दौरान नशे में धुत्त होकर कैरिबियन सागर में गिर पड़े थे। हुआ यह कि सेंट लुसिया में पहला मैच हारने के बाद वे अपनी टीम के साथियों के साथ बैठकर आठ घंटे तक शराब पीते रहे। इसी बीच वह अपने शरीर पर संतुलन खो बैठे और सीधे सागर में जा गिरे
4.कपिल बने भारत के आइकॉन
पहले दो विश्व कप वेस्टइंडीज ने लॉर्ड्स के मैदान पर जीते थे। 1983 के विश्व कप का फाइनल एक बार फिर लार्ड्स के मैदान पर ही खेला जा रहा था। इसे जीतकर वेस्टइंडीज के कप्तान क्लाइव लॉयड विश्व कप जीतने की हैट्रिक बनाना चाहते थे। लेकिन एक लम्हे में ही पासा पलट गया।
विवियन रिचर्ड्स ने एक गेंद को मिडविकेट पर हुक किया और भारतीय कप्तान कपिल देव ने मिड ऑन से दौड़ लगाकर इसे लपक लिया। इसके बाद वेस्टइंडीज की टीम ताश के पत्तों की तरह बिखर गई और विश्व कप भारत की झोली में आ गया।