आयरलैंड के खिलाफ दो मैचों की टी20 सीरीज में 0-2 की शर्मनाक हार के बाद भारतीय टीम प्रबंधन के सामने सबसे बड़ा सवाल 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर खड़ा हो गया है। पूरे दौरे के दौरान क्रिकेट प्रशंसक उनके अंतरराष्ट्रीय डेब्यू का इंतजार करते रहे, लेकिन उन्हें एक भी मुकाबले में मौका नहीं मिला। अब इंग्लैंड के खिलाफ 1 जुलाई से शुरू होने वाली पांच मैचों की टी20 सीरीज से पहले इस मुद्दे पर बहस और तेज हो गई है।
वैभव सूर्यवंशी को अब कब मिलेगा मौका?: भारतीय कोच ने बताई डेब्यू में देरी की वजह, गावस्कर ने भी दी जरूरी सलाह
आयरलैंड के खिलाफ 0-2 से सीरीज हारने के बाद 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को मौका नहीं देने पर सवाल तेज हो गए हैं। सहायक कोच रेयान टेन डेशकाटे ने डेब्यू में देरी की वजह बताई, जबकि सुनील गावस्कर ने इंग्लैंड सीरीज से उन्हें प्लेइंग-11 में शामिल करने की जोरदार वकालत की।
सहायक कोच ने बताई डेब्यू में देरी की वजह
सीरीज खत्म होने के बाद भारत के सहायक कोच रयान टेन डोएशे ने स्पष्ट किया कि वैभव की प्रतिभा पर किसी को कोई संदेह नहीं है, लेकिन टीम प्रबंधन खिलाड़ियों को लंबा भरोसा देने की नीति पर काम कर रहा है। उन्होंने कहा, 'वह (वैभव सूर्यवंशी) अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इसमें कोई संदेह नहीं है, लेकिन संजू सैमसन भी ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने तीन महीने पहले हमें विश्व कप जिताने में अहम भूमिका निभाई थी।'
उन्होंने आगे कहा, 'संजू ने आईपीएल में भी शानदार प्रदर्शन किया था। खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बनाए रखना और उन्हें यह संदेश देना जरूरी है कि हम उन्हें लंबे समय तक मौके देना चाहते हैं। हम सभी वैभव को खेलते हुए देखने के लिए उत्साहित हैं, लेकिन उन्हें भी उसी प्रक्रिया से गुजरना होगा जिससे बाकी खिलाड़ी गुजरे हैं। उनकी क्षमता पर किसी को कोई शक नहीं है।'
आयरलैंड दौरे से पहले टीम प्रबंधन का मानना था कि विश्व कप जीतने वाली ओपनिंग जोड़ी अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन को अगली सीरीज में भी मौका मिलना चाहिए। लेकिन दोनों मैचों में भारत की हार और बल्लेबाजी की नाकामी के बाद यह तर्क कमजोर पड़ता दिख रहा है।
संजू सैमसन दोनों मुकाबलों में प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे। पहले टी20 में उन्होंने सिर्फ पांच रन बनाए, जबकि दूसरे मुकाबले में वह पहली ही गेंद पर आउट हो गए। ऐसे में वैभव को बाहर रखने का फैसला अब लगातार सवालों के घेरे में है।
भारत के पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर का मानना है कि वैभव सूर्यवंशी को अब और इंतजार नहीं कराना चाहिए। उनके अनुसार आयरलैंड सीरीज युवा खिलाड़ी को आजमाने का बेहतरीन मौका थी। उन्होंने कहा, 'आयरलैंड के खिलाफ जिस फॉर्म में वैभव सूर्यवंशी थे, उन्हें दोनों मैचों में खिलाया जा सकता था। अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन को एक-एक मैच में मौका देकर वैभव को दोनों मुकाबलों में आजमाया जा सकता था। यह प्रतिभाशाली युवा खिलाड़ी को परखने का सही मंच था।'
उन्होंने आगे कहा, 'इंग्लैंड के खिलाफ पहले ही मैच से उन्हें प्लेइंग-11 में शामिल करना चाहिए। टीम प्रबंधन को खराब फॉर्म में चल रहे बल्लेबाजों को बाहर बैठाकर वैभव को मौका देना होगा। चाहे उन्हें नंबर-3 पर खिलाएं या किसी और स्थान पर, लेकिन उन्हें पहला मैच जरूर खेलना चाहिए। अगर इंग्लैंड को पहले मैच में चौंकाना है तो वैभव को उतारना होगा।'
अगर भारतीय टीम प्रबंधन अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन की ओपनिंग जोड़ी को बरकरार रखना चाहता है, तो वैभव सूर्यवंशी को नंबर-तीन पर उतारने का विकल्प मौजूद है। ऐसी स्थिति में ईशान किशन या तिलक वर्मा को बल्लेबाजी क्रम में नीचे भेजा जा सकता है, ताकि टीम संतुलन भी बना रहे और पांच विशेषज्ञ गेंदबाजों के साथ उतरा जा सके।
हालांकि कई क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि सबसे व्यावहारिक विकल्प संजू सैमसन की जगह वैभव को मौका देना होगा। यह फैसला कठिन जरूर होगा, लेकिन भविष्य को ध्यान में रखते हुए टीम प्रबंधन को साहसिक निर्णय लेना पड़ सकता है।