एक गांव में मशहूर गायक मास्टर सलीम का कार्यक्रम होना है। मंच सजा है और पब्लिक मास्टर सलीम का इंतजार कर रही है। लेकिन तभी स्टेज पर एक लड़का पहुंचता है। जो सिर्फ निक्कर और बनियान पहने हुए है। वो गाना गाना शुरू करता है, लेकिन दो लाइन गाने के बाद वो आगे की लाइनें ही भूल जाता है। इसके बाद वो घबरा जाता है, लेकिन सामने बैठी ऑडियंस उसके लिए जोरदार तालियां बजाती है और उसका उत्साहवर्धन करती है।
Diljit Dosanjh: कभी निक्कर-बनियान में किया स्टेज शो, आज हैं देश के बड़े परफॉर्मर; चर्चा से दूर रखते हैं परिवार
Diljit Dosanjh Birthday: मशहूर सिंगर-एक्टर और परफॉर्मर दिलजीत दोसांझ आज अपना 42वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर दिलजीत दोसांझ से जुड़े कुछ ऐसे किस्सों के बारे में जानिए, जिन्हें आज तक आपने नहीं सुना या पढ़ा होगा।
व्यक्तिगत जिंदगी को रखते हैं काफी प्राइवेट
दिलजीत दोसांझ वैसे तो काफी पॉपुलर हैं और सोशल मीडिया पर भी काफी एक्टिव रहते हैं। लेकिन दिलजीत की पर्सनल लाइफ के बारे में किसी को कोई ज्यादा जानकारी नहीं है। वो इसके बारे में किसी भी इंटरव्यू में भी ज्यादा बात नहीं करते हैं। उनके पिता बलबीर सिंह पंजाब रोडवेज में काम करते थे। जबकि मां हाउस वाइफ थीं। दिलजीत की शादी और बच्चों को लेकर कोई पुख्ता जानकारी नहीं है। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, दिलजीत की पत्नी और बेटा यूएसए में रहते हैं। कई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उनकी शादी काफी कम उम्र में इंडियन-अमेरिकन महिला संदीप कौर के साथ हो गई थी। जिससे उनका एक बेटा भी है।
वहीं कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया कि दिलजीत दोसांझ को 'लक 28 कुड़ी दा' गाने के बाद जान से मारने की धमकी मिली थी, जिसके बाद उन्होंने अपने परिवार की सेफ्टी को देखते हुए पत्नी और बच्चे को अमेरिका भेज दिया। इसके बाद से ही वो अपने परिवार को लेकर कुछ भी शेयर नहीं करते और ज्यादा बात नहीं करते। उनका मानना है कि हमारी वजह से मेरे परिवार को कोई कुछ कहे या उन पर कोई खतरा आए तो वो गलत है। इसलिए अपने परिवार को दूर रखते हैं। हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया जाता है कि दिलजीत और उनकी पत्नी का साल 2017 में तलाक हो गया था और उनके बेटे की कस्टडी पत्नी को मिली है। अलग-अलग दावे हैं लेकिन कुछ भी कंफर्म नहीं है।
बचपन से मशहूर होना और पैसा कमाना चाहते थे
एक इंटरव्यू में दिलजीत बताते हैं कि वो बचपन से ही पैसा कमाना चाहते थे। उनका मानना था कि पैसा ही सबकुछ होता है। क्योंकि बचपन में उनकी मां उनसे कहती थीं कि बेटा पढ़ाई-लिखाई कर लो, ताकि पैसे कमा सको। ऐसे हमारी जिंदगी नहीं चल सकती। हालांकि, वो शुरू से ही संगीत में रुचि होने के चलते ज्यादा पढ़ाई नहीं कर सके। दिलजीत पिता के मुकाबले अपनी मां के ज्यादा करीब हैं।

11 साल में मर्जी के खिलाफ छोड़ दिया घर
जब दिलजीत 11 साल के थे तब उनके माता-पिता ने उन्हें लुधियाना में उनके मामा के पास भेज दिया था। हालांकि, दिलजीत नहीं जाना चाहते थे, लेकिन माता-पिता ने जबरदस्ती उन्हें भेज दिया। इससे वो कई साल तक माता-पिता से नाराज रहे और उनसे बात भी नहीं की। इसके चलते उनका अपने पेरेंट्स से कनेक्शन भी टूट गया था। हालांकि, बाद में सब सही हो गया।
लड़की के चक्कर में घर से भागे
एक इंटरव्यू में दिलजीत ने बताया था कि एक बार उन्हें 8-9 साल की उम्र में स्कूल में एक लड़की पसंद आई थी। दोस्त के कहने पर जब उन्होंने उस लड़की को ये बात बताई, तो उसने टीचर से शिकायत कर दी। इसके बाद टीचर ने जब उन्हें अपने मम्मी-पापा को बुलाकर लाने को कहा तो दिलजीत इतना घबरा गए कि उन्होंने घर से भागने की सोची। वो साइकिल उठाकर और कुछ केले खाने के लिए अपने साथ लेकर चल दिए। लेकिन गांव से थोड़ी दूर जाने पर ही उन्हें गांव के लोग मिल गए, जिन्होंने डांटकर उन्हें वापस भेज दिया।
2014-15 में सिर्फ एक्टिंग पर था ध्यान, फिर कोविड ने बदल दिया मन
साल 2014-15 में पंजाब में कई सफल फिल्में करने के बाद दिलजीत ने बॉलीवुड में आने की ठानी थी। इसलिए उन्होंने अपना पूरा ध्यान एक्टिंग पर देना शुरू कर दिया। इस दौरान उन्होंने कई गानों व म्यूजिक के ऑफर को भी मना कर दिया। इस बीच उन्होंने 2016 में ‘उड़ता पंजाब’ से बॉलीवुड में डेब्यू भी कर लिया। लेकिन जब 2020 में कोविड आ गया और फिल्में बनना बंद हो गईं, तब उन्होंने फिर से संगीत पर ध्यान दिया। दिलजीत के मुताबिक, साल 2020 में उस दौर में उन्होंने लगभग 35-40 गाने बना डाले। इसी दौरान उन्होंने G.O.A.T. एल्बम के गाने लिखे।

2020 के बाद हुआ नए दिलजीत का जन्म
दिलजीत दोसांझ का मानना है कि 2020 के बाद उनमें अलग तरह का बदलाव आया है और वो पूरी तरह से बदल गए हैं। वो अपने लिए दो तरह के दिलजीत मानते हैं- एक 2020 से पहले का और दूसरा 2020 के बाद वाला। उनका मानना है कि 2020 से पहले कही गईं अपनी कई बातों के लिए भी वो माफी मांगते हैं और उनसे इत्तेफाक नहीं रखते।
किरदार के लिए कोई रिहर्सल या तैयारी नहीं करते
दिलजीत अपने किरदार के लिए कोई रिहर्सल नहीं करते और न ही कोई खास तैयारी करते हैं। उनका मानना है कि वो एक्टिंग को ज्यादा गंभीरता से नहीं लेते और वो सेट पर जाते हैं और कैमरा ऑन होते ही शुरू हो जाते हैं। पहले से कोई तैयारी या रिहर्सल नहीं करते। एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया था कि ‘चमकीला’ जैसी गंभीर फिल्म के लिए भी उन्होंने कोई रिहर्सल नहीं की थी।
संगीत ही है पहला प्यार
सिंगर का मानना है कि उनका पहला प्यार संगीत ही है। वो सिर्फ संगीत पर ही ध्यान देते हैं और उनके लिए वो ही मायने रखता है। एक्टिंग या बॉलीवुड या कुछ भी उनके लिए संगीत के बाद आता है। उनका मानना है कि अगर रोल मिले तो अच्छा न मिले तो अच्छा। पंजाबी में भी वो साल में सिर्फ एक फिल्म ही करते हैं। बाकी पूरा टाइम उन्हें सिर्फ संगीत को ही देना है।