संगीत की दुनियां के कोहिनूर किशोर कुमार को लेकर बहुत सारे किस्से मशहूर हैं। इनमे से एक किस्सा यह भी मशहूर हैं कि जब तक उन्हें रिकॉर्डिंग में पहले पैसे नहीं मिलते थे तो कोई ना कोई बहाना बना कर बिना गाने की रिकॉर्डिंग के ही निकल जाते थे। जैसे ही वह रिकॉर्डिंग स्टूडियो में पहुंचते थे उनकी नजर अपने सेक्रेटरी पर होती थी। अगर सेक्रेटरी ने इशारा कर दिया कि पैसे मिल गए, तो ही वह गाते थे, नहीं तो गला खराब होने का बहाना बनाकर रिकॉर्डिंग स्टूडियो से निकल जाते थे।
Kishor Kumar: मिठाई का डिब्बा पकड़ाकर चल देते थे रिश्तेदार, फोकटियों से पीछा छुड़ाने के लिए उठाया नायाब कदम
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एक बार तो ऐसा हुआ कि जब वह रिकॉर्डिंग स्टूडियो गाने के लिए पहुंचते तो उनके सेक्रेटरी ने पैसे मिलने का इशारा नहीं किया तो किशोर कुमार स्टूडियो से निकले और सीधे अपने घर पर पहुंच गए। उनके पीछे भागा भागा सेक्रेटरी भी उनके घर पहुंचा और पूछा कि आप बिना रिकॉर्डिंग किए ही क्यों आ गए? किशोर कुमार ने कहा कि तुमने पैसे मिलने का इशारा ही नहीं किया। सेक्रेटरी ने कहा कि इशारा कैसे करता है यह तो आपकी अपने होम प्रोडक्शन की फिल्म है। तब किशोर कुमार को याद आया कि वह तो उनके घर की फिल्म है, उसके बाद तुरंत आकर गाने की रेकॉर्डिंग की।
इंडस्ट्री में किशोर कुमार के यह किस्से मशहूर हो गए कि वह बिना पहले पैसे लिए नहीं गाते हैं। पिछले दिनों अमर उजाला से एक खास बातचीत के दौरान कल्याण जी आनंद जी की संगीतकर जोड़ी के आनंद जी भाई ने किशोर कुमार के पैसे के लेन देन को लेकर एक किस्सा शेयर किया। आनंद जी भाई ने बताया कि मैंने एक बार किशोर कुमार से पूछा था कि पैसों को लेकर पहले से ही इतनी चिंता क्यों करते हो। पैसे तो मिल ही जाएंगे। तब उन्होंने एक बहुत ही मजेदार किस्सा सुनाया।
दरअसल, ‘शुरू शुरू में जब किशोर कुमार के बंगाली रिश्तेदार गाना गवाते थे, तो गाना गवाने के बाद मिठाई का डिब्बा पकड़ा कर चल देते थे। फिर किशोर कुमार ने अपना दिमाग चलाया। वह रिकॉर्डिंग में तो चले जाते थे, लेकिन गला खराब होने का बहाना बनाकर वापस चले आते थे । प्रोड्यूसर को लगता था कि अचानक गला कैसे खराब हो गया? तब उनका सेक्रेटरी प्रोड्यूसर को समझता था कि जब तक पहले पैसे नहीं मिलते, उनका गला खराब ही रहता है। उसके बाद से सभी प्रोड्यूसर गाने की रिकॉर्डिंग से पहले पैसे देने लगे।
आनंदजी कहते हैं, ’हमारे साथ तो उनका बहुत ही मित्रवत व्यवहार था। कभी कोई समस्या आई भी तो कल्याण जी भाई उनको समझा देते थे कि ज्यादा पैसा कमाना है तो कुछ और काम करना पड़ेगा। उन दिनों एक गाने के पांच से सात हजार रुपये मिलते थे। कल्याणजी भाई ने ही उन्हे स्टेज शो करने की सलाह दी। जब किशोर कुमार ने पुछा कि एक स्टेज शो में कितने मिल जाएंगे तो भाई साहब ने समझाया कि कम से कम 25 हजार तो मिल ही जाएंगे। इस तरह से कल्याण जी भाई की सलाह पर उन्होंने स्टेज शो की शुरुआत की।