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Mehboob Khan: एक्टर बनना चाहते थे महबूब खान, बन गए निर्देशक, की महबूब स्टूडियो की स्थापना, बनाई यादगार फिल्में
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: अंजू बाजपेई
Updated Wed, 28 May 2025 08:02 AM IST
सार
Mehboob Khan Death Anniversary: महबूब खान की फिल्में और उनका स्टूडियो आज भी भारतीय सिनेमा में उनकी महानता को दर्शाता हैं। आज उनकी पुण्यतिथि पर जानिए कुछ किस्से...
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महबूब खान
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महबूब खान ने 'मदर इंडिया' जैसी कई फिल्मों का निर्देशन किया और साथ ही महबूब स्टूडियोज की स्थापना की। महबूब खान भारतीय सिनेमा के एक महान निर्माता-निर्देशक थे। आज उनकी पुण्यतिथि पर जानते हैं उनसे और महबूब स्टूडियो से जुड़े किस्से...
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महबूब खान
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महबूब स्टूडियो
महबूब स्टूडियो में कई मशहूर फिल्मों की शूटिंग हुई है। इनमें "मदर इंडिया", "गाइड", "अंदाज", "कागज के फूल", और "औरत" जैसी क्लासिक फिल्में शामिल हैं। हाल ही में "किंग" फिल्म की शूटिंग भी यहीं शुरू हुई है। यह स्टूडियो हिंदी सिनेमा के लिए बहुत महत्वपूर्ण रहा है।
महबूब स्टूडियो में कई मशहूर फिल्मों की शूटिंग हुई है। इनमें "मदर इंडिया", "गाइड", "अंदाज", "कागज के फूल", और "औरत" जैसी क्लासिक फिल्में शामिल हैं। हाल ही में "किंग" फिल्म की शूटिंग भी यहीं शुरू हुई है। यह स्टूडियो हिंदी सिनेमा के लिए बहुत महत्वपूर्ण रहा है।
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महबूब खान
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महबूब स्टूडियो से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महबूब स्टूडियो, मुंबई के बांद्रा में स्थित, हिंदी सिनेमा का एक ऐतिहासिक जगह है। इससे जुड़ा एक रोचक किस्सा महबूब खान और नर्गिस का है। जब महबूब खान ने अपनी फिल्म 'मदर इंडिया' बनाने की योजना बनाई, तो वह पहले अपनी पुरानी फिल्म 'औरत' का ही नाम रखना चाहते थे। लेकिन नर्गिस, जो इस फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रही थीं। उन्होंने सुझाव दिया कि इसे 'मदर इंडिया' नाम दिया जाए। नर्गिस के कहने पर उन्होंने नाम बदल दिया। नतीजा? मदर इंडिया न सिर्फ भारत में सुपरहिट हुई, बल्कि इसे ऑस्कर के लिए सर्वश्रेष्ठ विदेशी भाषा फिल्म की श्रेणी में नामांकन भी मिला।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महबूब स्टूडियो, मुंबई के बांद्रा में स्थित, हिंदी सिनेमा का एक ऐतिहासिक जगह है। इससे जुड़ा एक रोचक किस्सा महबूब खान और नर्गिस का है। जब महबूब खान ने अपनी फिल्म 'मदर इंडिया' बनाने की योजना बनाई, तो वह पहले अपनी पुरानी फिल्म 'औरत' का ही नाम रखना चाहते थे। लेकिन नर्गिस, जो इस फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रही थीं। उन्होंने सुझाव दिया कि इसे 'मदर इंडिया' नाम दिया जाए। नर्गिस के कहने पर उन्होंने नाम बदल दिया। नतीजा? मदर इंडिया न सिर्फ भारत में सुपरहिट हुई, बल्कि इसे ऑस्कर के लिए सर्वश्रेष्ठ विदेशी भाषा फिल्म की श्रेणी में नामांकन भी मिला।
महबूब खान
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महबूब स्टूडियो
- महबूब स्टूडियो में कई मशहूर फिल्मों की शूटिंग हुई है।
- मदर इंडिया - यह एक आइकॉनिक बॉलीवुड फिल्म है।
- मुगल-ए-आजम-इस ऐतिहासिक फिल्म के कुछ हिस्से यहीं शूट किए गए।
- शोले- इस ब्लॉकबस्टर फिल्म के कई सीन इस स्टूडियो में फिल्माए गए।
- लगान- इस ऑस्कर नॉमिनेटेड फिल्म की शूटिंग भी यहीं हुई।
- दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे-इस रोमांटिक फिल्म के कुछ हिस्से महबूब स्टूडियो में शूट किए गए।
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बचपन का सपना
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महबूब खान का जन्म 9 सितंबर 1907 को गुजरात के बिलिमोड़ा में एक गरीब परिवार में हुआ था। उनका असली नाम रमजान खान था। बचपन से ही उन्हें अभिनेता बनने का शौक था। 16 साल की उम्र में वह अभिनय के सपने के साथ घर से भागकर मुंबई आ गए थे। मुंबई में उन्हें शुरुआत में घोड़ों की नाल ठोकने का काम मिला। बाद में वह फिल्म इंडस्ट्री में छोटे-मोटे काम करने लगे। उन्होंने 1927 में "अलीबाबा एंड फोर्टी थीफ्स" में एक चोर की छोटी भूमिका निभाई थी। भारत की पहली बोलती फिल्म "आलम आरा" में उन्हें मुख्य अभिनेता के रूप में चुना गया था, लेकिन बाद में यह रोल मास्टर विट्ठल को दे दिया गया।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महबूब खान का जन्म 9 सितंबर 1907 को गुजरात के बिलिमोड़ा में एक गरीब परिवार में हुआ था। उनका असली नाम रमजान खान था। बचपन से ही उन्हें अभिनेता बनने का शौक था। 16 साल की उम्र में वह अभिनय के सपने के साथ घर से भागकर मुंबई आ गए थे। मुंबई में उन्हें शुरुआत में घोड़ों की नाल ठोकने का काम मिला। बाद में वह फिल्म इंडस्ट्री में छोटे-मोटे काम करने लगे। उन्होंने 1927 में "अलीबाबा एंड फोर्टी थीफ्स" में एक चोर की छोटी भूमिका निभाई थी। भारत की पहली बोलती फिल्म "आलम आरा" में उन्हें मुख्य अभिनेता के रूप में चुना गया था, लेकिन बाद में यह रोल मास्टर विट्ठल को दे दिया गया।

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