हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता और भाजपा सांसद सनी देओल अपना जन्मदिन 19 अक्तूबर को मनाते हैं। सनी देओल बॉलीवुड के उन कलाकारों में से एक हैं जिन्होंने फिल्मी पर्दे पर अपनी अलग और खास छाप छोड़ी है। फिल्मों में उनके गुस्सैल अंदाज को आज भी दर्शक याद करते हैं। सनी देओल ने बॉलीवुड को एक से बढ़कर एक फिल्में दी हैं। उनमें से एक फिल्म गदर: एक प्रेम कथा है। अभिनेता के जन्मदिन के मौके पर हम आपको गदर से जुड़ी कुछ खास बातें आपको बताते हैं।
इतने करोड़ टिकट बिकने पर सनी देओल की गदर ने बनाया था विश्व रिकॉर्ड, जानें फिल्म से जुड़ी ये खास बातें
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फिल्म गदर न केवल सनी देओल के फिल्मी करियर की शानदार फिल्म है, बल्कि हिंदी सिनेमा की एक ऐतिहासिक फिल्म भी है। यह फिल्म साल 2001 में सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। गदर में सनी देओल के साथ अमीषा पटेल और अमरीश पुरी सहित कई दिग्गज कलाकार मुख्य भूमिका में थे। जबकि फिल्म का निर्देशन अनिल शर्मा ने किया था। गदर देखने वाले बहुत कम दर्शकों को यह बात पता होगी कि यह फिल्म ब्रिटिश आर्मी के पूर्व सैनिक बूटा सिंह की कहानी पर आधारित है।
बूटा सिंह ने अपनी असल जिंदगी में आजादी के बाद हुए सिख दंगों के दौरान एक मुस्लिम लड़की से प्यार किया और फिर शादी की। कुछ समय बाद जब लड़की अपने परिवार से मिलने के लिए पाकिस्तान गई तो उसको वापस बूटा सिंह के पास नहीं जाने दिया। इसके बाद बूटा सिंह अपनी पत्नी से मिलने के लिए गैरकानूनी तरीके से पाकिस्तान में घुसे थे। जैस कि गदर फिल्मी की कहानी में भी दिखाया गया है।
फिल्म गदर के लिए न तो सनी देओल और न ही अमीषा पटेल पहली पसंद थे। फिल्म के निर्देशक ने इस फिल्म के लिए सबसे पहले गोविंदा और काजोल से संपर्क किया, लेकिन इन दोनों कलाकारों ने फिल्म गदर करने से मना कर दिया। साल 2001 में जब फिल्म गदर सिनेमाघरों में रिलीज हुई तो उसने कई रिकोर्ड बनाए। इस फिल्म ने उस समय 10 करोड़ टिकट बेचे का विश्व रिकॉर्ड बनाया था। फिल्म गदर भारत में सबसे ज्यादा देखी जाने वाली फिल्मों में से एक है।
गदर फिल्म के कई सीन को काफी मेहनत के साथ फिल्माया गया था। उनसे से एक सीन फिल्म की शुरुआत में रेलवे स्टेशन का है। इस सीन को फिल्माने के लिए असली के भाप के रेल इंजन का इस्तेमाल किया गया था। यह सीन दिल्ली के रेल म्यूजियम में फिल्माया गया था। साथ की म्यूजियम को साल 1940 के अमृतसर के रेलवे स्टेशन में तब्दिल किया गया था।
पढ़ें: रणवीर सिंह की कार में बाइक सवार ने मारी टक्कर, अभिनेता ने बाहर निकलकर दिया ऐसा रिएक्शन

कमेंट
कमेंट X