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Remembering Ambedkar: फिर परदे पर उतरेगी संविधान के सिपाही की कहानी, इस अभिनेता को मिला मौका
अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
Published by: प्रतिभा सारस्वत
Updated Mon, 06 Dec 2021 07:56 AM IST
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अंबेडकर- द लेजेंड
- फोटो : अमर उजाला मुंबई
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साउथ के सुपरस्टार ममूटी को लेकर निर्देशक जब्बार पटेल ने 21 साल पहले भीमराव अंबेडकर की बायोपिक बड़े परदे पर उतारी। अब देश का संविधान बनाने वाली समिति के अध्यक्ष रहे भीमराव अंबेडकर पर एक महात्वाकांक्षी सीरीज बनने जा रही है। ये सीरीज बाबा प्ले नाम के ओटीटी पर रिलीज होगी। इसका एलान सीरीज के निर्माताओं ने सोमवार को अंबेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर किया। इस सीरीज में अंबेडकर का किरदार अभिनेता विक्रम गोखले निभाएंगे।
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विक्रम गोखले
- फोटो : अमर उजाला, मुंबई
वेब सीरीज ‘अंबेडकर- द लेजेंड’ में उनके जीवन की ऐसी घटनाओं को फिल्माया जाएगा जिन्होंने महाराष्ट्र की इस शख्सीयत को देश का चेहरा बदल देने वाले नेता के रूप में विकसित होने में मदद की। ये किरदार करने के बारे में अभिनेता विक्रम गोखले कहते हैं, ‘भारत की सबसे प्रभावशाली शख्सियतों में से एक की भूमिका निभाना सम्मान की बात है। वह मेरे व्यक्तिगत आइकन हैं और मैं अपने काम के माध्यम से उनके व्यक्तित्व के साथ न्याय करने की जिम्मेदारी लेता हूं। मैं ओटीटी पर अपनी छाप छोड़ने के लिए भी उत्सुक हूं।’
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डॉ.अंबेडकर
- फोटो : अमर उजाला मुंबई
सीरीज के निर्माता संजीव जायसवाल कहते हैं, डॉ अंबेडकर को अक्सर भारत के संविधान के मुख्य वास्तुकार या दलित नेता के रूप में जाना जाता है लेकिन वास्तव में वह भारत में महिला सशक्तिकरण का चेहरा हैं। उनके काम ने समाज में महिलाओं के लिए समान अधिकारों में क्रांति ला दी। उन्होंने स्वतंत्रता की ओर ले जाने वाली चर्चाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। 1930 के दशक की शुरूआत में भारत की संवैधानिक स्थिति पर गोलमेज सम्मेलनों में भाग लेने के लिए अंग्रेजों द्वारा चुने गए दो दलित प्रतिनिधियों में से वह एक थे।
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डॉ.अंबेडकर
- फोटो : अमर उजाला मुंबई
संजीव इस वेब सीरीज के लेखक और निर्देशक भी हैं। ‘फरेब’, ‘अनवर’, ‘शूद्र: द राइजिंग’ और ‘प्रणाम’ जैसी फिल्में बना चुके जायसवाल कहते हैं, हमारा राष्ट्र एक अधिक न्यायसंगत और समावेशी संस्कृति की ओर बढ़ रहा है। एक व्यक्ति ने एक आंदोलन शुरू किया और हमें इस रास्ते पर ले आए। उनकी विचारधाराओं को श्रद्धांजलि के रूप में हमने आंबेडकरवादियों को समर्पित भारत का पहला सोशल मीडिया मंच बनाया है। यह बड़े पैमाने पर बदलाव का साधन होगा। ‘अंबेडकर- द लेजेंड’ सिर्फ एक मनोरंजन सीरीज नहीं है, यह इस सुधारक नेता के काम की महानता के लिए एक श्रद्धांजलि है।
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