{"_id":"6856c5d41efcb06b0f019eac","slug":"international-day-of-yoga-isha-foundation-offers-free-yoga-sessions-to-over-10-000-defence-personnel-2025-06-21","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"International Day of Yoga 2025: ईशा फाउंडेशन ने 10000 से अधिक रक्षा कर्मियों को सिखाया योग, देखें तस्वीरें","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
International Day of Yoga 2025: ईशा फाउंडेशन ने 10000 से अधिक रक्षा कर्मियों को सिखाया योग, देखें तस्वीरें
Sat, 21 Jun 2025 08:16 PM IST
पवन पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
Published by: पवन पांडेय
Updated Sat, 21 Jun 2025 08:16 PM IST
सार
International Day of Yoga: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर ईशा फाउंडेशन ने देशभर में 10,000 से ज्यादा सेना के जवानों के लिए निशुल्क योग सत्र आयोजित किए। इन सत्रों में सेना, नौसेना, वायुसेना, बीएसएफ और एनसीसी के जवानों के अलावा आम नागरिकों, छात्रों और कॉर्पोरेट कर्मचारियों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया।
विज्ञापन
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस - ईशा फाउंडेशन ने 10,000 से अधिक रक्षा कर्मियों को कराया योग अभ्यास
- फोटो : ईशा फाउंडेशन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर ईशा फाउंडेशन ने देशभर में कुल 2,500 से ज्यादा योग सत्र आयोजित किए गए, जिनका नेतृत्व 11,000 से अधिक प्रशिक्षित 'योग वीरों' ने किया। ये सत्र ऑफलाइन के साथ-साथ ऑनलाइन भी आयोजित किए गए, जिनमें स्कूल, कॉलेज, ऑफिस, जिम और जेल जैसे स्थानों को भी शामिल किया गया।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस - ईशा फाउंडेशन ने 10,000 से अधिक रक्षा कर्मियों को कराया योग अभ्यास
- फोटो : ईशा फाउंडेशन
बंगलूरू में सबसे बड़ा आयोजन
बंगलूरू के सद्गुरु सन्निधि में सबसे बड़ा कार्यक्रम आयोजित हुआ, जहां तीनों सेनाओं के 5,000 से ज्यादा जवान और आसपास के इलाकों से 1,000 से ज्यादा नागरिक शामिल हुए। राजस्थान के श्रीगंगानगर में 1,500 जवान, जोधपुर एयरबेस में 900 वायुसेना कर्मी, पुणे में 500 जवान, और जयगढ़ किला, जयपुर में 400 जवानों ने योग किया।
कोयंबटूर के आदियोगी स्थल पर भी योग सत्र
कोयंबटूर के प्रसिद्ध आदियोगी स्थान पर भी खास योग सत्र आयोजित किया गया, जिसमें वायुसेना (रेडफील्ड्स और सुलूर विंग 43), सेना की 35वीं रेजिमेंट (मदुक्कराई), और रैपिड एक्शन फोर्स (वेल्लालोर) के 200 से ज्यादा जवानों ने भाग लिया।
बंगलूरू के सद्गुरु सन्निधि में सबसे बड़ा कार्यक्रम आयोजित हुआ, जहां तीनों सेनाओं के 5,000 से ज्यादा जवान और आसपास के इलाकों से 1,000 से ज्यादा नागरिक शामिल हुए। राजस्थान के श्रीगंगानगर में 1,500 जवान, जोधपुर एयरबेस में 900 वायुसेना कर्मी, पुणे में 500 जवान, और जयगढ़ किला, जयपुर में 400 जवानों ने योग किया।
कोयंबटूर के आदियोगी स्थल पर भी योग सत्र
कोयंबटूर के प्रसिद्ध आदियोगी स्थान पर भी खास योग सत्र आयोजित किया गया, जिसमें वायुसेना (रेडफील्ड्स और सुलूर विंग 43), सेना की 35वीं रेजिमेंट (मदुक्कराई), और रैपिड एक्शन फोर्स (वेल्लालोर) के 200 से ज्यादा जवानों ने भाग लिया।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस - ईशा फाउंडेशन ने 10,000 से अधिक रक्षा कर्मियों को कराया योग अभ्यास
- फोटो : ईशा फाउंडेशन
युवाओं और प्रोफेशनल्स में भी उत्साह
ईशा फाउंडेशन की तरफ से प्रशिक्षित 2,000 से ज्यादा युवा एंबेसडर ने मानसिक स्वास्थ्य के महत्व को समझाते हुए 'मिराकल ऑफ माइंड' ध्यान तकनीक का प्रचार किया। यह सात मिनट की सरल और असरदार ध्यान प्रक्रिया है जिसे सद्गुरु ने डिजाइन किया है। देश के प्रमुख शिक्षण संस्थानों जैसे आईआईटी चेन्नई और कॉर्पोरेट ऑफिसों जैसे एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी, आईबीएम, गोदरेज और यस बैंक में भी योग सत्र हुए, ताकि व्यस्त जीवन जी रहे प्रोफेशनल्स भी योग से जुड़ सकें।
यह भी पढ़ें - International Yoga Day 2025: हिमालय से समुद्र तक योगमय हुआ भारत; शाह बोले- मन और शरीर के बीच एकता लाता है योग
ईशा फाउंडेशन की तरफ से प्रशिक्षित 2,000 से ज्यादा युवा एंबेसडर ने मानसिक स्वास्थ्य के महत्व को समझाते हुए 'मिराकल ऑफ माइंड' ध्यान तकनीक का प्रचार किया। यह सात मिनट की सरल और असरदार ध्यान प्रक्रिया है जिसे सद्गुरु ने डिजाइन किया है। देश के प्रमुख शिक्षण संस्थानों जैसे आईआईटी चेन्नई और कॉर्पोरेट ऑफिसों जैसे एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी, आईबीएम, गोदरेज और यस बैंक में भी योग सत्र हुए, ताकि व्यस्त जीवन जी रहे प्रोफेशनल्स भी योग से जुड़ सकें।
यह भी पढ़ें - International Yoga Day 2025: हिमालय से समुद्र तक योगमय हुआ भारत; शाह बोले- मन और शरीर के बीच एकता लाता है योग
विज्ञापन
विज्ञापन
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस - ईशा फाउंडेशन ने 10,000 से अधिक रक्षा कर्मियों को कराया योग अभ्यास
- फोटो : ईशा फाउंडेशन
योग दिवस पर सद्गुरु का संदेश
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सद्गुरु ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, 'योग एक ऐसी प्रणाली है जो आपको जागरूकता से भरे जीवन की स्वतंत्रता देती है। जब आप चेतन होकर कार्य करते हैं, तभी आप शारीरिक और मानसिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ हो सकते हैं।'
फौजियों के लिए विशेष पहल
ईशा फाउंडेशन ने अब तक 11,000 से ज्यादा भारतीय सैनिकों को शुद्ध हठ योग में प्रशिक्षित किया है। साथ ही 500 से ज्यादा फौजियों को योग सिखाने के लिए प्रशिक्षक के रूप में तैयार किया गया है, ताकि वे अपनी यूनिट में नियमित रूप से योग सत्र आयोजित कर सकें।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सद्गुरु ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, 'योग एक ऐसी प्रणाली है जो आपको जागरूकता से भरे जीवन की स्वतंत्रता देती है। जब आप चेतन होकर कार्य करते हैं, तभी आप शारीरिक और मानसिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ हो सकते हैं।'
Yoga is a system that gives you the freedom to create a life of Conscious choice, a life that is not enslaved to compulsive thought & action. It is only when you are able to transcend compulsiveness by becoming Conscious that your physical and mental wellbeing can be entirely… pic.twitter.com/RjqgkuArHE
— Sadhguru (@SadhguruJV) June 21, 2025
फौजियों के लिए विशेष पहल
ईशा फाउंडेशन ने अब तक 11,000 से ज्यादा भारतीय सैनिकों को शुद्ध हठ योग में प्रशिक्षित किया है। साथ ही 500 से ज्यादा फौजियों को योग सिखाने के लिए प्रशिक्षक के रूप में तैयार किया गया है, ताकि वे अपनी यूनिट में नियमित रूप से योग सत्र आयोजित कर सकें।
विज्ञापन
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस - ईशा फाउंडेशन ने 10,000 से अधिक रक्षा कर्मियों को कराया योग अभ्यास
- फोटो : ईशा फाउंडेशन
मिराकल ऑफ माइंड एप की लोकप्रियता
इस साल महाशिवरात्रि के मौके पर सद्गुरु ने 'मिराकल ऑफ माइंड' आंदोलन की शुरुआत की थी। इस ध्यान एप को लॉन्च के 15 घंटे के भीतर एक मिलियन डाउनलोड मिले और अब इसके 2.5 मिलियन से ज्यादा सक्रिय उपयोगकर्ता हैं। ईशा फाउंडेशन पिछले 30 वर्षों से दुनिया भर में योग को इसके शुद्धतम रूप में सिखा रहा है और इसके 400 से अधिक केंद्रों पर 1.7 करोड़ स्वयंसेवक सक्रिय हैं।
इस साल महाशिवरात्रि के मौके पर सद्गुरु ने 'मिराकल ऑफ माइंड' आंदोलन की शुरुआत की थी। इस ध्यान एप को लॉन्च के 15 घंटे के भीतर एक मिलियन डाउनलोड मिले और अब इसके 2.5 मिलियन से ज्यादा सक्रिय उपयोगकर्ता हैं। ईशा फाउंडेशन पिछले 30 वर्षों से दुनिया भर में योग को इसके शुद्धतम रूप में सिखा रहा है और इसके 400 से अधिक केंद्रों पर 1.7 करोड़ स्वयंसेवक सक्रिय हैं।