प्रदेश में आज (शनिवार) सभी सरकारी दफ्तर खुल गए। हालांकि जम्मू संभाग के कई हिस्सों में बारिश होने के कारण कर्मचारियों को दफ्तर तक पहुंचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। बता दें कि अधिकारियों से लेकर तमाम कर्मचारियों को अनिवार्य रूप से सामान्य दिनों की तरह रोजाना दफ्तर में हाजिरी देनी होगी। शुक्रवार को उपराज्यपाल प्रशासन की ओर से यह आदेश जारी कर दिया गया। बायोमेट्रिक हाजिरी पर प्रतिबंध फिलहाल बरकरार रहेगा।
जम्मू-कश्मीरः सरकारी दफ्तर खुलते ही बढ़ी चहल-पहल, तस्वीरों में देखें प्रदेश का हाल
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आदेश में बुजुर्ग, गर्भवती और स्वास्थ्य कारणों से जोखिम की श्रेणी वाले कर्मचारियाें को ड्यूटी के दौरान खास एहतियात बरतने को कहा गया है। यानी इस श्रेणी के कर्मचारियों को भी दफ्तर जाने से राहत नहीं होगी। हालांकि आदेश में यह जरूर लिखा गया है कि यदि संभव हो तो ऐसे कर्मचारियों की सेवाएं घरों से लेने की व्यवस्था की जा सकती है।
नागरिक सचिवालय जम्मू से सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से यह आदेश सरकार के अतिरिक्त सचिव रोहित शर्मा ने जारी किया। आदेश में कहा गया है कि केंद्र की ओर से गाइडलाइन और डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट के तहत जारी आदेशाें को देखने के बाद सरकारी दफ्तरों को खोलने के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) जारी किया जा रहा है।
एसओपी के तहत हर स्तर के अधिकारी व स्टाफ को सभी कार्य दिवस में दफ्तर आना होगा। बुजुर्ग, गर्भवती, स्वास्थ्य कारणों से संवेदनशील कर्मचारियों को संक्रमण से बचने के लिए विशेष एहतियात बरतना होगा। इन कर्मचारियों को ऐसी कोई भी ड्यूटी नहीं दी जाएगी, जहां लोगाें से इनका सीधा संपर्क होता हो। संभव होने पर कार्यालय प्रबंधन इन कर्मियाें के वर्क फ्रॉम होम की व्यवस्था कर सकते हैं।
आदेश के अनुसार दफ्तरों में रुटीन कार्यों के लिए आने वाले लोगाें पर पाबंदी रहेगी। केवल वही लोग आ सकेंगे, जिन्हें संबंधित अधिकारी की ओर से बुलाया गया हो। दफ्तर में प्रवेश से पूर्व सभी की स्क्रीनिंग की जाएगी। कोरोना रोकथाम के लिए केंद्र की ओर से जारी गाइडलाइन का हर हाल में पालन करना होगा। एसओपी का पालन सुनिश्चित करना विभागाें के एचओडी की जिम्मेदारी होगी।