देशभर में इन दिनों कोरोना और H3N2 इंफ्लूएंजा के मामले तेजी से बढ़ते हुए देखे जा रहे हैं। पिछले तीन दिनों से जहां रोजाना एक हजार से अधिक लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि की जा रही है वहीं फरवरी महीने से लेकर अब तक इंफ्लूएंजा के नए वैरिएंट्स के कारण लोगों में कई तरह की स्वास्थ्य जटिलताएं देखी जा रही हैं। चूंकि ये दोनों ही ऊपरी श्वसन तंत्र को प्रभावित करने वाले संक्रमण हैं, ऐसे में इसके लक्षण भी लगभग एक जैसे ही हो सकते हैं।
सेहत की बात: देश में कोरोना-इंफ्लूएंजा दोनों के बढ़ रहे हैं मामले, ये तीन उपाय आपको दोनों बीमारियों से बचाएंगे
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मास्क पहनना सबसे जरूरी
कोरोना और इंफ्लूएंजा दोनों ही श्वसन संक्रमण हैं और इन दोनों के वायरस नाक के माध्यम से शरीर में प्रवेश करते हैं। ऐसे में वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए मास्क पहनना सबसे कारगर उपाय हो सकता है। कोरोना से बचाव के लिए पिछले तीन वर्षों से यह तरीका काफी प्रभावी और चर्चा में रहा है, जोकि आपको इंफ्लूएंजा के संक्रमण से भी सुरक्षा देगा।
हाथों की स्वच्छता का रखें ध्यान
चूंकि ये दोनों वायरस हाथों के माध्मय से नाक से होते हुए शरीर में जा सकते हैं, इसलिए इस तरह के संक्रमण से बचाव के लिए हाथों की स्वच्छता का ध्यान रखना बहुत आवश्यक हो जाता है। कोई भी सतह छूने से पहले या नियमित अंतराल पर हाथों को साबुन-पानी से कम से कम 20 सेकंड तक धोना कई संक्रमणों को रोकने का एक प्रभावी तरीका है। आप अल्कोहल-आधारित हैंड सैनिटाइजर का उपयोग भी कर सकते हैं।
सोशल डिस्टेंसिंग जरूरी
कोरोना और इंफ्लूएंजा दोनों के संक्रमण का खतरा वहां से अधिक हो सकता है जहां भी लोग इकट्ठा होते हैं, जैसे स्कूल, ऑफिस, सभागार और सार्वजनिक परिवहन आदि। अनावश्यक रूप से भीड़-भाड़ में जाने से बचें, ऐसा करके आप अपने संक्रमण की आशंका को कम करते हैं। अगर आपको बाजार या किसी भीड़ वाली जगह पर जाना भी है तो वहां सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क का प्रयोग जरूर करें, इससे आप भी संक्रमण से बचे रहेंगे और आप के माध्यम से इसके प्रसार का जोखिम भी कम होगा।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।